फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   gorakhpur news

Gorakhpur News: दुबई से लौटते ही दिल्ली एयरपोर्ट पर पकड़ा गया 25 हजार का इनामी सिपाही

Wed, 26 Aug 2026 02:50 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Wed, 26 Aug 2026 02:50 AM IST
विज्ञापन
gorakhpur news
- तीन बैंकों में फर्जी दस्तावेजों से 39.70 लाख का लिया था लोन, प्राथमिकी दर्ज होने के बाद भाग गया था विदेश
विज्ञापन

- पीएसी आजमगढ़ से शुरू की थी नौकरी, महराजगंज पुलिस लाइन में था तैनात
- लुकआउट नोटिस के चलते एयरपोर्ट पर हिरासत में लेकर गोरखपुर पुलिस को सौंपा गया

गोरखपुर। फर्जी दस्तावेजों के सहारे तीन बैंक शाखाओं से करीब 39.70 लाख रुपये का लोन लेकर विदेश भागे 25 हजार रुपये के इनामी सिपाही नीतीश कुमार यादव को दुबई से लौटते ही दिल्ली एयरपोर्ट पर पकड़ लिया गया।
कैंट पुलिस की ओर से जारी लुकआउट नोटिस के चलते एयरपोर्ट सुरक्षा टीम ने उसे हिरासत में लेकर गोरखपुर पुलिस को सूचना दी। कैंट पुलिस उसे ट्रांजिट रिमांड पर गोरखपुर लेकर आई। सोमवार को उसे कोर्ट में पेश किया गया जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
विज्ञापन

मूलरूप से देवरिया के भाटपाररानी क्षेत्र के जोगउर गांव निवासी नीतीश कुमार यादव वर्ष 2019 में पुलिस विभाग में भर्ती हुआ था। उसकी पहली तैनाती 20वीं वाहिनी पीएसी आजमगढ़ में हुई थी। वर्ष 2023 में शस्त्र पुलिस में स्थानांतरण के बाद उसे महराजगंज पुलिस लाइन में तैनाती मिली। इसी दौरान बैंक ऑफ बड़ौदा से जुड़े फर्जीवाड़े का मामला सामने आया। प्राथमिकी दर्ज होने के बाद वह फरार हो गया और विदेश चला गया था।
विज्ञापन
विज्ञापन

---
पुलिस-बैंक के एमओयू का उठाया फायदा
कैंट पुलिस के अनुसार, नीतीश ने उत्तर प्रदेश पुलिस और बैंक ऑफ बड़ौदा के बीच हुए एमओयू का दुरुपयोग किया। आरोप है कि उसने फर्जी पुलिस पहचान पत्र, वेतन पर्ची, फॉर्म-16, बैंक स्टेटमेंट और कर्मचारी सत्यापन रिपोर्ट तैयार कराई। इसके बाद शातिर बदमाशों और हिस्ट्रीशीटरों आदि के नाम पर बचत खाते खुलवाकर व्यक्तिगत लोन हासिल किए।
पुलिस जांच में सामने आया कि बैंक ऑफ बड़ौदा की मेडिकल कॉलेज रोड शाखा से पांच लाख, गोलघर मुख्य शाखा से 23 लाख और बेतियाहाता शाखा से 11.70 लाख रुपये का लोन फर्जी दस्तावेजों के आधार पर लिया गया। तीनों शाखाओं से लिए गए ऋण की कुल रकम करीब 39.70 लाख रुपये है। पुलिस का कहना है कि जांच आगे बढ़ने पर फर्जीवाड़े में शामिल अन्य लोगों की भूमिका भी सामने आ सकती है।
--
प्राथमिकी दर्ज होने के बाद घोषित हुआ था इनाम
बैंक ऑफ बड़ौदा के उप क्षेत्रीय प्रमुख आशीष सिंह की तहरीर पर नीतीश यादव के खिलाफ पहले महराजगंज कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज हुई थी। मामला गोरखपुर से संबंधित होने के कारण बाद में इसे कैंट थाने में स्थानांतरित कर दिया गया। कैंट थाने में धोखाधड़ी, कूटरचना और फर्जी दस्तावेजों के इस्तेमाल की धाराओं में प्राथमिकी दर्ज है। फरार होने के बाद पुलिस ने उसके खिलाफ 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। उसके विदेश भागने की जानकारी मिलने पर पुलिस ने लुकआउट नोटिस भी जारी कराया। इसी नोटिस के कारण दुबई से दिल्ली पहुंचने पर एयरपोर्ट सुरक्षा टीम ने उसे पकड़ लिया।

--

करीब दो साल से फरार 25 हजार रुपये के इनामी सिपाही नीतीश यादव को गिरफ्तार किया गया है। वह विदेश भाग गया था। देश में आते ही दिल्ली एयरपोर्ट पर उसकी गिरफ्तारी हुई। आरोपी सिपाही को गोरखपुर में कोर्ट के समक्ष पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। जालसाजी से जुड़े उसके अन्य मामलों की जांच की जा रही है।
- निमिष पाटील, एसपी सिटी
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed