फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   In Gorakhpur, Before the survey, the drainage of Betiyahata was affecte

दर्द गोरक्षनगरी का: सर्वेक्षण से पहले बेतियाहाता की जलनिकासी प्रभावित...घरों में न चाहकर भी लोग कैद

Wed, 26 Mar 2025 01:12 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो अमर उजाला ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो Published by: गोरखपुर ब्यूरो Updated Wed, 26 Mar 2025 01:12 AM IST
सार

गलवार की सुबह 11 बजे सिक्सलेन से सटे नाला निर्माण के लिए अलग-अलग पैच पर काम कर रहे मजदूरों को एकत्र कर पार्षद विश्वजीत त्रिपाठी ने सफाई निरीक्षक सुनील मणि त्रिपाठी की मौजूदगी में अपने सामने रुस्तमपुर में बंद पड़े मुख्य नाली के आउटलेट को खुलवाना शुरू किया।

विज्ञापन
In Gorakhpur, Before the survey, the drainage of Betiyahata was affecte
बेतियाहाता दक्षिणी की सड़क पर गंदा पानी - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

गोरखपुर के बेतियाहाता दक्षिणी में जलनिकासी की समस्या जस की तस बनी हुई है। इधर, स्वच्छ सर्वेक्षण 2025 के लिए केंद्रीय टीम गोरखपुर आने वाली है। इसके पहले शहर के प्रमुख वार्डों में से एक में यह समस्या नंबर कम कर सकती है। सिक्सलेन से सटे पीडब्ल्यूडी की ओर से निर्माणाधीन नाले की बरती जा रही उपेक्षा से करीब 500 घरों के सामने जल निकासी की समस्या बनी हुई है।

विज्ञापन


मंगलवार की सुबह 11 बजे सिक्सलेन से सटे नाला निर्माण के लिए अलग-अलग पैच पर काम कर रहे मजदूरों को एकत्र कर पार्षद विश्वजीत त्रिपाठी ने सफाई निरीक्षक सुनील मणि त्रिपाठी की मौजूदगी में अपने सामने रुस्तमपुर में बंद पड़े मुख्य नाली के आउटलेट को खुलवाना शुरू किया।
विज्ञापन


सिक्सलेन की निर्मित दीवार को काटने के लिए उन्होंने सहायक अभियंता से कटर मशीन भी मंगाई। इससे थोड़ी राहत मिली, लेकिन कोई स्थायी समाधान नहीं हो सका। पार्षद विश्वजीत त्रिपाठी ने लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता संजय गुप्ता से समस्या के समाधान की मांग की, लेकिन तीन दिन बाद भी स्थिति जस की तस बनी हुई है।
विज्ञापन
विज्ञापन


गलियों में भरे पानी ने स्थानीय निवासियों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। मंगलवार को रुस्तमपुर ढाला से दक्षिण की ओर जाने वाले मार्ग की सभी गलियां, बघेल गली, अंसारी गली, धोबी गली, मौर्या गली, सुधाकर गली समेत अन्य स्थान नालियों के पानी से लबालब दिखे।

कई लोगों ने दावा कि वे पिछले दो दिन से नहा नहीं रहे हैं, क्योंकि पानी गिरेगा तो सड़क का नाला और उफनाएगा। दुर्गा मंदिर जाने वाले मार्ग पर भी जलभराव से श्रद्धालुओं को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। पार्षद ने कहा कि सिक्सलेन पर नाला निर्माण के लिए लोक निर्माण विभाग ने जलनिकासी बाधित कर रखी है।


डीजल बचाने के लिए पंप पूरी क्षमता पर नहीं चल रहे हैं। काम की रफ्तार भी काफी धीमी है। स्वच्छ सर्वेक्षण 2025 की टीम कभी भी गोरखपुर का दौरा कर सकती है। जलभराव की यह बदहाल स्थिति शहर की स्वच्छता रैंकिंग पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकती है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed