फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   Gorakhpur Municipal Corporation receives national recognition for water conservation, district ranks third

Gorakhpur News: राष्ट्रीय जल पुरस्कार-2024 में गोरखपुर को तीसरा स्थान, राष्ट्रीय स्तर पर जिले को मिला सम्मान

Wed, 19 Nov 2025 12:41 PM IST
रोहित सिंह अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर Published by: रोहित सिंह Updated Wed, 19 Nov 2025 12:41 PM IST
सार

गोरखपुर नगर निगम को यह सम्मान जल संरक्षण को जनभागीदारी से जोड़ने के लिए मिली नवाचार पूर्ण पहल के कारण मिला है। अभियान के तहत जल स्रोतों के संरक्षण, वर्षा जल संचयन, तालाबों और कुओं की सफाई, नदियों-नालों के पुनर्जीवन और जियो-टैगिंग आधारित डिजिटल मॉनिटरिंग जैसे कार्य प्रभावी रूप से किए गए।

विज्ञापन
Gorakhpur Municipal Corporation receives national recognition for water conservation, district ranks third
राष्ट्रपति के हाथों पुरस्कृत होते मेयर साथ में खड़े नगर आयुक्त - फोटो : स्त्रोत- नगर निगम

विस्तार

जल संरक्षण के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए गोरखपुर नगर निगम को राष्ट्रीय स्तर पर सम्मान मिला है। ‘जल संचय जन भागीदारी अभियान’ के अंतर्गत देश के शीर्ष 10 नगर निकायों में गोरखपुर को तीसरा स्थान प्राप्त हुआ है।
विज्ञापन


इसी उपलब्धि के लिए मंगलवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने विज्ञान भवन, नई दिल्ली में आयोजित समारोह में निगम को प्रशस्ति पत्र और दो करोड़ की प्रोत्साहन राशि प्रदान की। इस अवसर पर मेयर डॉ. मंगलेश श्रीवास्तव और नगर आयुक्त गौरव सिंह सोगरवाल ने मंच पर सम्मान ग्रहण किया।
विज्ञापन

समारोह में केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सीआर पाटिल, राज्य मंत्री वी. सोमन्ना, राज्य मंत्री डॉ. राज भूषण चौधरी, जल संसाधन विभाग के सचिव वीएल कंठा राव, पेयजल एवं स्वच्छता विभाग के सचिव अशोक केके मीणा, अपर सचिव सुभोध यादव सहित विभिन्न राज्यों के वरिष्ठ अधिकारी, मेयर एवं नगर आयुक्त मौजूद रहे।

गोरखपुर नगर निगम को यह सम्मान जल संरक्षण को जनभागीदारी से जोड़ने के लिए मिली नवाचार पूर्ण पहल के कारण मिला है। अभियान के तहत जल स्रोतों के संरक्षण, वर्षा जल संचयन, तालाबों और कुओं की सफाई, नदियों-नालों के पुनर्जीवन और जियो-टैगिंग आधारित डिजिटल मॉनिटरिंग जैसे कार्य प्रभावी रूप से किए गए।

तकिया घाट पर की गई प्राकृतिक जल शोधन प्रणाली को भी राष्ट्रीय स्तर पर विशेष सराहना मिली। नगर निगम ने स्कूलों, स्वयं सहायता समूहों, व्यापार मंडलों और युवाओं को जोड़कर जल संरक्षण को जन आंदोलन का रूप दिया।

 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed