UP News: ढाई महीने बाद मिली नई किताबों की पहली खेप, स्कूल ड्रेस, जूता-मोजा का भी बच्चे कर रहे इंतजार
गोरखपुर जिले के 2,514 परिषदीय स्कूलों में अध्ययनरत 3,50,000 विद्यार्थी हैं। 1,80,000 किताबें जिला मुख्यालय को भेजी गईं हैं।
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गोरखपुर जिले के परिषदीय स्कूलों को आखिरकार ढाई महीने बाद सत्र 2022-23 में अध्यापन के लिए नई किताबों की पहली खेप मिल गई।
बेसिक शिक्षा परिषद की ओर से कक्षा एक से पांचवीं की दो ट्रक यानी कुल 1,80,000 किताबें जिला मुख्यालय को भेज दी गई हैं। किताबों के सत्यापन की प्रक्रिया बीएसए कार्यालय पर चल रही है। जल्द ही इन्हें संबंधित ब्लॉक पर वितरण के लिए भेजा जाएगा।
जुलाई के आखिरी सप्ताह तक किताबें बच्चों तक पहुंचाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। शेष किताबों की खेप भी जल्द ही मिल जाएगी। जिले के 2,514 परिषदीय स्कूलों में 3,50,000 से अधिक बच्चे अध्ययनरत हैं। अप्रैल में नए सत्र की शुरुआत हुई है। मगर, किताबों के अभाव में अध्ययन कार्य प्रभावित हो रहा था।
स्कूल ड्रेस, जूता-मोजा का भी बच्चे कर रहे इंतजार
परिषदीय स्कूलों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के अभिभावकों के बैंक खातों में 1,100 रुपये की धनराशि प्रत्येक वर्ष भेजी जाती है। इस धनराशि का इस्तेमाल स्कूल ड्रेस, बैग और जूता-मोजा खरीदने के लिए किया जाता है। सत्र 2022-23 में अभी धनराशि भेजे जाने की प्रक्रिया चल रही है।
बीएसए आरके सिंह ने कहा कि परिषदीय स्कूलों में वितरण के लिए दो ट्रक किताबों की खेप मिली है। इनका सत्यापन कार्य चल रहा है। जुलाई के आखिर तक सभी विद्यालयों में वितरण सुनिश्चित कराया जाएगा।