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Gorakhpur News: फर्जी नाम से चल रहे थे बिजली कनेक्शन, चेयरमैन ने पकड़ा
Thu, 21 Dec 2023 01:30 PM IST
vivek shukla
संवाद न्यूज एजेंसी गोरखपुर।
संवाद न्यूज एजेंसी गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Thu, 21 Dec 2023 01:30 PM IST
सार
चेयरमैन के निर्देश पर ग्रामीण वितरण मंडल द्वितीय के एसई ने जब मास्टर डेटा से फीडरों का मिलान किया तो पाया कि पुराने फीडरों के नाम से ही कुछ नए फीडर सिस्टम में बन गए हैं। अंतर सिर्फ यह है कि उनके नाम के आगे नया कोड दर्ज हो गया है।
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बिजली कनेक्शन
- फोटो : सोशल मीडिया।
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विस्तार
बिजली निगम ग्रामीण द्वितीय में एक फीडर पर करीब 12 हजार उपभोक्ताओं के फर्जी नाम पर बिजली कनेक्शन चल रहा था। पांच महीने बाद ऊर्जा निगम के चेयरमैन ने इस लापरवाही को पकड़ा। उन्होंने अभियंताओं से डिफाल्टर सूची की जांच करवाने के निर्देश दिए है।
चेयरमैन के निर्देश पर ग्रामीण वितरण मंडल द्वितीय के एसई ने जब मास्टर डेटा से फीडरों का मिलान किया तो पाया कि पुराने फीडरों के नाम से ही कुछ नए फीडर सिस्टम में बन गए हैं। अंतर सिर्फ यह है कि उनके नाम के आगे नया कोड दर्ज हो गया है।
जांच कराई तो पाया कि ऑनलाइन बिलिंग सिस्टम में चल रहे फेक (गलत) नाम से चार फीडर व 15 हजार कनेक्शनों का मामला जुलाई का है। जुलाई में पावर कारपोरेशन ने पुराने एम पावर साफ्टवेयर से डाटा नए साफ्टवेयर आरएमएस पर ट्रांसफर कराया। एसई ने बताया कि डाटा की जांच करवाई गई है। चार फीडरों पर कुछ फेक नाम से नए डाटा की वजह से रिकार्ड दर्ज हो गया है।
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चेयरमैन के निर्देश पर ग्रामीण वितरण मंडल द्वितीय के एसई ने जब मास्टर डेटा से फीडरों का मिलान किया तो पाया कि पुराने फीडरों के नाम से ही कुछ नए फीडर सिस्टम में बन गए हैं। अंतर सिर्फ यह है कि उनके नाम के आगे नया कोड दर्ज हो गया है।
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जांच कराई तो पाया कि ऑनलाइन बिलिंग सिस्टम में चल रहे फेक (गलत) नाम से चार फीडर व 15 हजार कनेक्शनों का मामला जुलाई का है। जुलाई में पावर कारपोरेशन ने पुराने एम पावर साफ्टवेयर से डाटा नए साफ्टवेयर आरएमएस पर ट्रांसफर कराया। एसई ने बताया कि डाटा की जांच करवाई गई है। चार फीडरों पर कुछ फेक नाम से नए डाटा की वजह से रिकार्ड दर्ज हो गया है।
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