नमामि गंगे प्रोजेक्ट: राप्ती नदी के तट पर बनेगा विद्युत शवदाह गृह, नगर निगम ने शुरू की कवायद
नगर आयुक्त अविनाश सिंह ने कहा कि इंजीनियर्स इंडिया लिमिटेड नाम की कंपनी नमामि गंगे योजना के तहत गोरखपुर में विद्युत शवदाह स्थापित करने जा रही है। इसके लिए राप्ती नदी तट पर राजघाट के पास जमीन चिह्नित की गई है। जल्द ही आगे की प्रक्रिया शुरू होगी।
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गोरखपुर में राप्ती नदी के तट पर विद्युत शवदाह गृह बनेगा। नमामि गंगे योजना के तहत इंजीनियर्स इंडिया लिमिटेड विद्युत शवदाह गृह का संयंत्र लगाएगी। वहीं, नगर निगम इसके लिए राप्ती नदी के तट पर राजघाट के पास जगह उपलब्ध कराएगा।
इंजीनियर्स इंडिया लिमिटेड की ओर से इस संबंध में डीएम को पत्र भेजा गया था, जिसके बाद डीएम के निर्देश के बाद नगर निगम की ओर से कवायद शुरू कर दी गई है।
दरअसल नमामि गंगे योजना के तहत गंगा नदी को प्रदूषण मुक्त करने के लिए नदियों को प्रदूषित होने वाले हरेक कारकों को न्यूनीकरण किया जा रहा है। इसी क्रम में नदी तट पर शवों के परंपरागत रूप से होने वाले दाह संस्कार को तकनीकी रूप से प्रदूषण मुक्त दाह संस्कार करने की कवायद चल रही है।
इसी क्रम में गोरखपुर में विद्युत शवदाह गृह स्थापित करने की प्रक्रिया शुरू हुई है। इंजीनियर्स इंडिया लिमिटेड के रेजीडेंट कंस्ट्रक्शन मैनेजर आरके सिंह की ओर से इस संबंध में डीएम को पत्र मिला है। साथ ही विभिन्न जानकारियां मांगी हैं ताकि इसके लिए डीपीआर तैयार किया जा सके।
डीएम के निर्देश के बाद नगर निगम की ओर से इस संबंध में आगे की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। नगर निगम की टीम ने राप्ती नदी के किनारे नगर निगम की ओर से स्थापित गैस आधारित शवदाह गृह के बगल में इसके लिए जमीन चिह्नित किया है।
कंपनी ने मांगी है यह जानकारी
प्रतिदिन दाह संस्कार की संख्या, जमीन की उपलब्धता, बिजली की उपलब्धता, चिह्नित जगह के आसपास दाह संस्कार की सुविधा।
नगर आयुक्त अविनाश सिंह ने कहा कि इंजीनियर्स इंडिया लिमिटेड नाम की कंपनी नमामि गंगे योजना के तहत गोरखपुर में विद्युत शवदाह स्थापित करने जा रही है। इसके लिए राप्ती नदी तट पर राजघाट के पास जमीन चिह्नित की गई है। जल्द ही आगे की प्रक्रिया शुरू होगी।