{"_id":"653f8597aaed1f5bc80bbcb7","slug":"do-not-cut-queue-of-defaulters-during-festival-in-gorakhpur-2023-10-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gorakhpur News: त्योहार में बकाएदारों की नहीं काटें लाइन...फरमान से बकाया वसूली की चुनौती","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gorakhpur News: त्योहार में बकाएदारों की नहीं काटें लाइन...फरमान से बकाया वसूली की चुनौती
Mon, 30 Oct 2023 04:06 PM IST
vivek shukla
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर।
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Mon, 30 Oct 2023 04:06 PM IST
सार
एमडी कार्यालय की तरफ से इस महीने कम राजस्व जमा होने पर इन कार्यालयों के साथ कैश काउंटर खोले जाने का निर्देश आया था। जिले के शहरी मंडल में पिछले महीने के आंकड़ों के मुताबिक, कुल उपभोक्ताओं की संख्या 2,28 लाख है। इनमें से 1.20 लाख उपभोक्ताओं का नियमित बिल बन जाता है।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर।
- फोटो : Istock
विस्तार
गोरखपुर शहर के घरेलू बिजली बिल बकाएदारों को चेयरमैन की वीडियो कांफ्रेंसिंग ने राहत दी है। अब त्योहारों तक इनकी बिजली नहीं कटेगी। हालांकि व्यवसायिक बकाएदारों को राहत नहीं मिलेगी। इधर, ऐसे उपभोक्ताओं की बिना बिजली काटे उनसे बकाया वसूली अभियंताओं के लिए चुनौती बन गई है। उनका कहना है कि वीडियो कांफ्रेंसिंग की समीक्षा में वसूली के लिए लगातार दबाव बनाया जाता है। लेकिन, ऐसे बकाएदारों से बिल कैसे जमा करवाया जाए?
रविवार को भी बिजली निगम के सभी खंड और उपखंड कार्यालय खुले हुए थे। एमडी कार्यालय की तरफ से इस महीने कम राजस्व जमा होने पर इन कार्यालयों के साथ कैश काउंटर खोले जाने का निर्देश आया था। जिले के शहरी मंडल में पिछले महीने के आंकड़ों के मुताबिक, कुल उपभोक्ताओं की संख्या 2,28 लाख है।
इसे भी पढ़ें: सड़क हो या इमारत...निर्माण कार्य में मानक दरकिनार, हर जगह धूल का गुबार
विज्ञापन
इनमें से 1.20 लाख उपभोक्ताओं का नियमित बिल बन जाता है। जबकि, करीब 40 हजार उपभोक्ता दो से तीन महीने में अपने बिल का भुगतान करते हैं। वहीं, 20 हजार उपभोक्ताओं का रिकार्ड तो है, लेकिन इनके पास बिजली बिल नहीं पहुंच पाता। इनका पता ही नहीं मिलता। वहीं, करीब 40 हजार वे उपभोक्ता हैं, जो बकाएदार की श्रेणी में ही बने रहते। ऐसे में इन बकाएदारों को त्योहार तक बिजली कटने से राहत मिल सकती है।
विज्ञापन
रविवार को भी बिजली निगम के सभी खंड और उपखंड कार्यालय खुले हुए थे। एमडी कार्यालय की तरफ से इस महीने कम राजस्व जमा होने पर इन कार्यालयों के साथ कैश काउंटर खोले जाने का निर्देश आया था। जिले के शहरी मंडल में पिछले महीने के आंकड़ों के मुताबिक, कुल उपभोक्ताओं की संख्या 2,28 लाख है।
विज्ञापन
इसे भी पढ़ें: सड़क हो या इमारत...निर्माण कार्य में मानक दरकिनार, हर जगह धूल का गुबार
विज्ञापन
इनमें से 1.20 लाख उपभोक्ताओं का नियमित बिल बन जाता है। जबकि, करीब 40 हजार उपभोक्ता दो से तीन महीने में अपने बिल का भुगतान करते हैं। वहीं, 20 हजार उपभोक्ताओं का रिकार्ड तो है, लेकिन इनके पास बिजली बिल नहीं पहुंच पाता। इनका पता ही नहीं मिलता। वहीं, करीब 40 हजार वे उपभोक्ता हैं, जो बकाएदार की श्रेणी में ही बने रहते। ऐसे में इन बकाएदारों को त्योहार तक बिजली कटने से राहत मिल सकती है।