{"_id":"5e44ecd98ebc3ee5e02ca992","slug":"dm-inspected-district-hospital-and-order-issued-to-remove-illegal-houses","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"डीएम ने किया अस्पताल परिसर का निरीक्षण, अवैध घरों को हटाने का जारी किया आदेश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
डीएम ने किया अस्पताल परिसर का निरीक्षण, अवैध घरों को हटाने का जारी किया आदेश
Thu, 13 Feb 2020 11:59 AM IST
vivek shukla
डिजिटल न्यूज डेस्क, गोरखपुर
डिजिटल न्यूज डेस्क, गोरखपुर
Published by: vivek shukla
Updated Thu, 13 Feb 2020 11:59 AM IST
सार
- जिलाधिकारी ने जिला अस्पताल परिसर का किया निरीक्षण, अवैध घरों को हटाने का जारी किया आदेश
- टीबी क्लीनिक, ओपीडी परिसर और महिला चिकित्सालय परिसर में कई साल से रह रहे हैं तीस से अधिक परिवार
विज्ञापन
जिला अस्पताल परिसर में निरीक्षण करते डीएम के विजयेंद्र पांडियन।
- फोटो : अमर उजाला।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
जिला अस्पताल परिसर में कई साल से बिना आवंटन के अवैध रूप से मकानों में रह रहे तीस से अधिक परिवारों को जगह खाली करने का अल्टीमेटम प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक कार्यालय ने जारी किया है। इन परिवारों को बुधवार को जारी किए गए नोटिस में चेतावनी दी गई है कि यदि 12 घंटे में जमीन खाली नहीं की तो कार्रवाई से होने वाले नुकसान की जिम्मेदारी वहां रहने वाले की स्वयं होगी।
जिला चिकित्सालय परिसर स्थित होम्योपैथिक चिकित्सा अधिकारी कार्यालय, टीबी क्लीनिक के पीछे और महिला चिकित्सालय परिसर में तीस से अधिक परिवार कई वर्ष से अस्थायी और स्थायी निर्माण कर रह रहे हैं। अस्पताल सूत्रों के अनुसार यह सब जिला अस्पताल में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी हैं। इन कर्मचारियों को इन जगहों पर रहने के लिए कभी कोई आवंटन नहीं किया गया है। 10 जनवरी 2020 को सभी लोगों को एक सप्ताह में जगह खाली करने का नोटिस प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक कार्यालय से जारी किया गया था लेकिन इन लोगों ने अभी तक कब्जा नहीं हटाया।
विज्ञापन
जिला चिकित्सालय परिसर स्थित होम्योपैथिक चिकित्सा अधिकारी कार्यालय, टीबी क्लीनिक के पीछे और महिला चिकित्सालय परिसर में तीस से अधिक परिवार कई वर्ष से अस्थायी और स्थायी निर्माण कर रह रहे हैं। अस्पताल सूत्रों के अनुसार यह सब जिला अस्पताल में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी हैं। इन कर्मचारियों को इन जगहों पर रहने के लिए कभी कोई आवंटन नहीं किया गया है। 10 जनवरी 2020 को सभी लोगों को एक सप्ताह में जगह खाली करने का नोटिस प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक कार्यालय से जारी किया गया था लेकिन इन लोगों ने अभी तक कब्जा नहीं हटाया।
विज्ञापन
कमियां दुरुस्त कराने को कहा
बुधवार को जिलाधिकारी के विजयेंद्र पांडियन ने अस्पताल परिसर का निरीक्षण किया। अनाधिकृत रूप से बनाए गए मकानों के आसपास गंदगी देख जिलाधिकारी ने नाराजगी जाहिर की। उन्होंने आवास में रहने वालों को तीन दिन में जमीन खाली नहीं करने पर जेल भेजने की चेतावनी दी। एसआईसी ने बताया कि जनवरी में इन लोगों को खाली करने का नोटिस दिया गया था।
एसआईसी कार्यालय से इन तीस से अधिक परिवारों को बुधवार दोपहर बाद नोटिस थमा दी गई जिन इन लोगों ने लेने से इनकार किया तो उनके दरवाजों पर चस्पा कर दिया गया। सीएमओ डॉ. श्रीकांत तिवारी ने बताया कि जिलाधिकारी के विजयेंद्र पांडियन ने बुधवार को जिला अस्पताल और परिसर का परिसर निरीक्षण किया। अवैध कब्जे हटाने और व्यवस्था की कमियां दूर करने का निर्देश दिया।
जिलाधिकारी के विजयेंद्र पांडियन ने निमार्णाधीन ऑपरेशन थियेटर का निरीक्षण किया। ऑथो ऑपरेशन थियेटर में सी आर्म मशीन खराब मिली उसे दुरुस्त कराने का निर्देश दिया। इसके बाद संक्रामक रोग अस्पताल का निरीक्षण करने पहुंचे। नगर निगम संचालित इस अस्पताल में नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मुकेश रस्तोगी मुस्तैद मिले। बीस बिस्तर के अस्पताल में सिर्फ एक मरीज भर्ती था इस पर उन्होंने आश्चर्य व्यक्त किया। निरीक्षण के दौरान डीएम को अस्पताल परिसर में बाइक सर्विस सेंटर मिला, इस पर वह नाराज हो गए और जल्द हटाने का निर्देश दिया।
एसआईसी कार्यालय से इन तीस से अधिक परिवारों को बुधवार दोपहर बाद नोटिस थमा दी गई जिन इन लोगों ने लेने से इनकार किया तो उनके दरवाजों पर चस्पा कर दिया गया। सीएमओ डॉ. श्रीकांत तिवारी ने बताया कि जिलाधिकारी के विजयेंद्र पांडियन ने बुधवार को जिला अस्पताल और परिसर का परिसर निरीक्षण किया। अवैध कब्जे हटाने और व्यवस्था की कमियां दूर करने का निर्देश दिया।
जिलाधिकारी के विजयेंद्र पांडियन ने निमार्णाधीन ऑपरेशन थियेटर का निरीक्षण किया। ऑथो ऑपरेशन थियेटर में सी आर्म मशीन खराब मिली उसे दुरुस्त कराने का निर्देश दिया। इसके बाद संक्रामक रोग अस्पताल का निरीक्षण करने पहुंचे। नगर निगम संचालित इस अस्पताल में नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मुकेश रस्तोगी मुस्तैद मिले। बीस बिस्तर के अस्पताल में सिर्फ एक मरीज भर्ती था इस पर उन्होंने आश्चर्य व्यक्त किया। निरीक्षण के दौरान डीएम को अस्पताल परिसर में बाइक सर्विस सेंटर मिला, इस पर वह नाराज हो गए और जल्द हटाने का निर्देश दिया।