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ब्लैक फंगस की दवा से मुनाफाखोरी: गोरखपुर में 3700 रुपये का एंटी फंगल इंजेक्शन 19 हजार में बेचा, दो गिरफ्तार
Tue, 18 May 2021 09:04 PM IST
vivek shukla
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Tue, 18 May 2021 09:04 PM IST
सार
गोरखपुर जिले में लगातार बढ़ने लगे हैं ब्लैक फंगस के मरीज, 24 से अधिक मरीजों में मिल चुका है लक्षण
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पुलिस की गिरफ्त में आरोपी।
- फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले के सिटी मजिस्ट्रेट अभिनव रंजन श्रीवास्तव ने ब्लैक फंगस की 3700 रुपये की दवा को 19000 रुपये में बेचते दवा व्यापारी अमित जायसवाल और दवा कंपनी नेक्सावेलनेस के एरिया मैनेजर गजेंद्र पांडेय को गिरफ्तार कराया है। सिटी मजिस्ट्रेट ने निरीक्षण के बाद दवा की दुकान को सील करा दिया है। दवा व्यापारी और एरिया मैनेजर के खिलाफ ड्रग विभाग ने कैंट थाने में आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कराया है।
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जानकारी के मुताबिक, दवा की थोक मंडी भालोटिया मार्केट में अंश मेडिकल एजेंसी के दुकानदार अमित जायसवाल और राप्तीनगर फेज-4 निवासी व नेक्सावेलनेस कंपनी के एरिया मैनेजर गजेंद्र पांडेय कई दिनों से ब्लैक फंगस बीमारी के उपचार में इस्तेमाल की जाने वाली दवाओं की कालाबाजारी कर रहे थे।
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इसकी सूचना सिटी मजिस्ट्रेट अभिनव रंजन श्रीवास्तव को हुई तो उन्होंने मंगलवार को अपने पेशकार को नकली ग्राहक बनाकर संबंधित दुकान पर भेजा। बातचीत के बाद सौदा तय हुआ। इसके बाद दुकानदार ग्राहक को लेकर काली मंदिर गोलघर पहुंचा। वहां नेक्सावेलनेस कंपनी का एरिया मैनेजर गजेंद्र पांडेय दवा लेकर आया।
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19 हजार में दवा बेचते जिला प्रशासन व ड्रग विभाग की टीम ने दोनों को पकड़ लिया। इसके बाद इसकी सूचना कैंट थाना पुलिस को दी गई। ड्रग इंस्पेक्टर जय सिंह ने बताया कि अमित जायसवाल और गजेंद्र पांडेय के खिलाफ कैंट थाने में आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत केस दर्ज कराया गया है। इस सिलसिले में अंश मेडिकल एजेंसी के मालिक का पक्ष नहीं मिल सका है। पक्ष मिलते ही प्रकाशित किया जाएगा।