Gorakhpur News: अगले महीने कैंट बन जाएगा सेटेलाइट स्टेशन, चलने लगेंगी पैसेंजर व इंटरसिटी
गोरखपुर जंक्शन के कायाकल्प का काम दो साल में पूरा होना है। स्टेशन पर यात्रियों के आगमन और निकास के लिए अलग-अलग द्वार बनाए जाएंगे। फुट ओवरब्रिज, एस्केलेटर, लिफ्ट समेत सभी आधुनिक सुविधाएं होंगी। स्टेशन के सर्कुलेटिंग एरिया में वाहन पार्किंग, रिक्शा स्टैंड आदि के लिए अलग-अलग स्थान चिह्नित किए जाएंगे।
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गोरखपुर कैंट स्टेशन को सेटेलाइट स्टेशन बनाने का काम अगले महीने तक पूरा हो जाएगा। इसके बाद यहां से वाराणसी और बिहार जाने वाली पैसेंजर व इंटरसिटी ट्रेनें चलने लगेंगी। इससे गोरखपुर जंक्शन पर ट्रेनों का लोड कम हो जाएगा। अक्तूबर में गोरखपुर जंक्शन के पुनर्विकास का भी काम शुरू हो जाएगा। हालांकि, इसी बीच कुछ ट्रेनों को कैंट स्टेशन से चलाया जा सकता है। इसे लेकर अधिकारियों ने मंथन शुरू कर दिया है।
गोरखपुर जंक्शन पर सुंदरीकरण का कार्य चल रहा है। स्टेशन के नए स्वरूप में गोरखनाथ मंदिर समेत शहर के अन्य प्रसिद्ध भवनों का अक्स दिखेगा। स्टेशन परिसर में यात्रियों के अलावा आम लोगों के लिए शाॅपिंग माॅल व फूड प्लॉजा आदि बनाए जाएंगे। पिछले दिनों प्रधानमंत्री ने करीब 500 करोड़ रुपये की इस परियोजना की आधारशिला रखी थी। अभी इसके टेंडर की प्रक्रिया चल रही है।\
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रेलवे के सूत्रों का दावा है कि टेंडर की प्रक्रिया सितंबर के आखिरी सप्ताह तक पूरी कर ली जानी है। स्टेशन का सुंदरीकरण कार्य शुरू करने से पहले यहां से गुजरने वाली ट्रेनों व यात्रियों की भीड़ को नियंत्रित करने का प्रबंध बेहद जरूरी है। इसी को ध्यान में रखते हुए कैंट स्टेशन के विस्तारीकरण कार्य को युद्ध स्तर पर पूरा कराया जा रहा है। इसके अलावा गोरखपुर कैंट-कुसम्ही के बीच बिछाई गई तीसरी लाइन के नॉन इंटरलॉक का कार्य भी तेजी से चल रहा है।
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गोरखपुर जंक्शन के कायाकल्प का काम दो साल में पूरा होना है। स्टेशन पर यात्रियों के आगमन और निकास के लिए अलग-अलग द्वार बनाए जाएंगे। फुट ओवरब्रिज, एस्केलेटर, लिफ्ट समेत सभी आधुनिक सुविधाएं होंगी। स्टेशन के सर्कुलेटिंग एरिया में वाहन पार्किंग, रिक्शा स्टैंड आदि के लिए अलग-अलग स्थान चिह्नित किए जाएंगे।