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बॉन्ड: बेहतर रेटिंग मिलने पर करीब 80 करोड़ रुपये के ब्याज की होगी बचत
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गोरखपुर। नगर निगम की ओर से बॉन्ड जारी करने की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा रहा है। इसी क्रम में सोमवार को बॉन्ड की रेटिंग करने वाली संस्था के प्रतिनिधियों ने नगर निगम के अधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक की। इस दौरान अधिकारियों से शहर के विकास और नगर निगम की वित्तीय स्थिति से जुड़ी विभिन्न जानकारियां ली गईं।
रेटिंग संस्था के प्रतिनिधियों ने वर्ष 2031 तक शहर के विकास की संभावनाओं और नगर निगम की योजनाओं के बारे में जानकारी ली। इसके अलावा नगर निगम की ओर से बनाए गए 17 मंजिला भवन की सफलता और उससे होने वाले लाभ के बारे में भी अधिकारियों से सवाल किए गए।
बैठक में सरकार की ओर से मार्च में मिलने वाले फंड के अपेक्षाकृत कम खर्च होने का मुद्दा भी उठाया गया। इस पर नगर निगम अधिकारियों ने बताया कि शेष धनराशि का आगे विकास कार्यों में उपयोग किया जाएगा। रेटिंग एजेंसी के प्रतिनिधियों ने बैलेंस शीट और अन्य अभिलेखों में मिली छोटी-मोटी कमियों की ओर भी अधिकारियों का ध्यान आकर्षित किया।
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नगर निगम के लेखाधिकारी नागेंद्र सिंह ने बताया कि सभी अभिलेखों का अंग्रेजी में अनुवाद कराने का कार्य पूरा हो चुका है। अब बॉन्ड की रेटिंग का इंतजार है। उन्होंने बताया कि जितनी अच्छी रेटिंग मिलेगी, नगर निगम को 80 करोड़ रुपये के बांड पर कम ब्याज देना पड़ेगा।
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रेटिंग संस्था के प्रतिनिधियों ने वर्ष 2031 तक शहर के विकास की संभावनाओं और नगर निगम की योजनाओं के बारे में जानकारी ली। इसके अलावा नगर निगम की ओर से बनाए गए 17 मंजिला भवन की सफलता और उससे होने वाले लाभ के बारे में भी अधिकारियों से सवाल किए गए।
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बैठक में सरकार की ओर से मार्च में मिलने वाले फंड के अपेक्षाकृत कम खर्च होने का मुद्दा भी उठाया गया। इस पर नगर निगम अधिकारियों ने बताया कि शेष धनराशि का आगे विकास कार्यों में उपयोग किया जाएगा। रेटिंग एजेंसी के प्रतिनिधियों ने बैलेंस शीट और अन्य अभिलेखों में मिली छोटी-मोटी कमियों की ओर भी अधिकारियों का ध्यान आकर्षित किया।
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नगर निगम के लेखाधिकारी नागेंद्र सिंह ने बताया कि सभी अभिलेखों का अंग्रेजी में अनुवाद कराने का कार्य पूरा हो चुका है। अब बॉन्ड की रेटिंग का इंतजार है। उन्होंने बताया कि जितनी अच्छी रेटिंग मिलेगी, नगर निगम को 80 करोड़ रुपये के बांड पर कम ब्याज देना पड़ेगा।