{"_id":"623e97443545584a2e24fde7","slug":"banks-will-be-closed-for-four-days-from-today","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bank Band: आज से चार दिन बंद रहेंगे बैंक, गोरखपुर में 3000 करोड़ का कारोबार हो सकता है प्रभावित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bank Band: आज से चार दिन बंद रहेंगे बैंक, गोरखपुर में 3000 करोड़ का कारोबार हो सकता है प्रभावित
Sat, 26 Mar 2022 10:02 AM IST
vivek shukla
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Sat, 26 Mar 2022 10:02 AM IST
सार
बैंकिंग उद्योग के तीन प्रमुख संगठन एआईबीईए, एआईबीओए और बेफी की ओर से हड़ताल का आह्वान करने से स्टेट बैंक को छोड़कर सभी व्यावसायिक और ग्रामीण बैंक के अधिकारी और कर्मचारी हड़ताल पर रहेंगे। स्टेट बैंक अधिकारी एसोसिएशन ने भी हड़ताल का नैतिक समर्थन किया है।
विज्ञापन
बैंक हड़ताल
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों व अन्य सरकारी उद्यमों के निजीकरण के खिलाफ 28 व 29 मार्च को होने वाली हड़ताल में बैंक यूनियंस के पदाधिकारी शामिल होंगे। इसके चलते 26 से 29 मार्च तक लगातार चार दिन बैंक बंद रहेंगे। 26 मार्च को चौथे शनिवार और 27 मार्च को रविवारीय अवकाश है। 28 और 29 मार्च को दो दिवसीय हड़ताल के कारण गोरखपुर जिले में 3000 करोड़ का कारोबार प्रभावित होने का अनुमान है।
ऑल इंडिया बैंक ऑफिसर्स एसोसिएशन के संयुक्त सचिव डीएन त्रिवेदी ने बताया कि बैंकिंग उद्योग के तीन प्रमुख संगठन एआईबीईए, एआईबीओए और बेफी की ओर से हड़ताल का आह्वान करने से स्टेट बैंक को छोड़कर सभी व्यावसायिक और ग्रामीण बैंक के अधिकारी और कर्मचारी हड़ताल पर रहेंगे। स्टेट बैंक अधिकारी एसोसिएशन ने भी हड़ताल का नैतिक समर्थन किया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
ऑल इंडिया बैंक ऑफिसर्स एसोसिएशन के संयुक्त सचिव डीएन त्रिवेदी ने बताया कि बैंकिंग उद्योग के तीन प्रमुख संगठन एआईबीईए, एआईबीओए और बेफी की ओर से हड़ताल का आह्वान करने से स्टेट बैंक को छोड़कर सभी व्यावसायिक और ग्रामीण बैंक के अधिकारी और कर्मचारी हड़ताल पर रहेंगे। स्टेट बैंक अधिकारी एसोसिएशन ने भी हड़ताल का नैतिक समर्थन किया है।
विज्ञापन
ये हैं प्रमुख मांगें
बैंकों के निजीकरण का प्रस्ताव वापस लेने, एनपीएस को खत्म कर पुरानी पेंशन योजना लागू करने, पांच दिन का बैंकिंग सप्ताह शुरू करने, पेंशन अपडेशन, एलआईसी और बैंक के बीच महंगाई भत्ते की दर में समानता, आउट सोर्सिंग बंद कर नई भर्ती करने, ग्रामीण बैंक का प्रयोजक व्यावसायिक बैंक में विलय तथा श्रम कानून संशोधन विधेयक की वापसी सहित अन्य मांगें शामिल हैं।
विज्ञापन