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गोरखपुर: रेलवे ई-टिकट के अवैध कारोबारी की जमानत अर्जी खारिज, कोर्ट ने सुनाया फैसला
Fri, 07 Jan 2022 02:35 PM IST
vivek shukla
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Fri, 07 Jan 2022 02:35 PM IST
सार
पकड़े गए व्यक्ति ने अपना नाम किफायतुल्लाह बताया। कहा, वह कुर्ला (मुंबई) में रेलवे टिकट का अवैध कारोबार करता है। उसके पास से एक लैपटॉप और 11 रेलवे टिकट बरामद हुए।
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सांकेतिक तस्वीर।
- फोटो : सोशल मीडिया।
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विस्तार
रेलवे ई-टिकट का अवैध धंधा करने के आरोपी भदोही जिले के सुरियांवा थाना क्षेत्र के गल्ला मंडी ज्ञानपुर रोड सुरियांवा निवासी योगेंद्र विश्वकर्मा की अग्रिम जमानत अर्जी सत्र न्यायाधीश तेज प्रताप तिवारी ने अपराध की गंभीरता को देखते हुए खारिज कर दी।
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जानकारी के मुताबिक, अभियोजन पक्ष की ओर से जिला शासकीय अधिवक्ता यशपाल सिंह का कहना था कि 10 मार्च 2020 को रेलवे सुरक्षा बल पोस्ट बस्ती के निरीक्षक नरेंद्र यादव को मुखबिर से सूचना मिली कि ई-टिकट का अवैध कारोबार करने वाला एक व्यक्ति ट्रेन पकड़ने के लिए प्लेटफार्म के पश्चिम खड़ा है।
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सूचना पर विश्वास कर पुलिस मौके पर पहुंची और उसे गिरफ्तार ली। पकड़े गए व्यक्ति ने अपना नाम किफायतुल्लाह बताया। कहा, वह कुर्ला (मुंबई) में रेलवे टिकट का अवैध कारोबार करता है। उसके पास से एक लैपटॉप और 11 रेलवे टिकट बरामद हुए।
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दौरान विवेचना अभियुक्त योगेंद्र विश्वकर्मा का नाम प्रकाश में आया और पता चला कि आरोपी योगेंद्र विश्वकर्मा फर्जी स्मार्ट शॉप पोर्टल लिंक के द्वारा साफ्टवेयर आरोपी किफायतुल्लाह व अन्य को बेचकर टेक महिंद्रा बैंक व एचडीएफसी बैंक के खाते में करोड़ों रुपये मोहम्मद हामिद अशरफ को दिया था।