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गोरखपुर: विदेश भेजने के नाम पर 350 लोगों से सवा करोड़ ठगी का आरोप, जांच में जुटी पुलिस
Fri, 26 Mar 2021 01:54 PM IST
vivek shukla
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Fri, 26 Mar 2021 01:54 PM IST
सार
- पीड़ितों ने एजेंसी के कोलिया स्थित कार्यालय पर हंगामा किया
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ठगी का आरोप लगाकर युवकों ने प्रदर्शन किया।
- फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
गोरखपुर गीडा इलाके के कोलिया में एजेंसी द्वारा लोगों को विदेश भेजने के नाम पर 350 लोगों से करीब सवा करोड़ रुपये की ठगी किए जाने का मामला सामने आया है। राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्थित विदेश भेजने वाली एजेंसी अराउंड दी वर्ल्ड के कार्यालय पर बृहस्पतिवार को ताला बंद मिलने पर लोगों ने प्रदर्शन किया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के मुताबिक, कोलिया में किराए के मकान में तीन माह पूर्व एराउंड दी वर्ल्ड नाम की विदेश भेजने वाली एजेंसी का कार्यालय खुला। एजेंसी का विज्ञापन देखकर गोरखपुर के अलावा कुशीनगर, देवरिया, गाजीपुर, बलिया, मऊ और आजमगढ़ तक के बेरोजगार युवक वहां पहुंचे।
नौकरी के लिए सिंगापुर भेजने का दावा करते हुए संचालकों ने 22 से 24 फरवरी एवं एक और 12 मार्च को सभी युवकों का साक्षात्कार लिया। उसके बाद सभी से 10 हजार से 50 हजार रुपये तक तथा पासपोर्ट जमा कराए। सबको बताया गया कि 31 मार्च को दिल्ली और चेन्नई से फ्लाइट से सिंगापुर भेजा जाएगा। इसके बाद 21 मार्च को 43 लोगों को एजेंसी के लोगों के साथ बस द्वारा चेन्नई भेजा गया।
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24 मार्च को वहां से सूचना आई कि कंपनी का कर्मचारी कोरोना का टीका लगवाने का बहाना बनाकर सभी को छोड़कर भाग गया। इसके बाद यहां लोगों को ठगे जाने की जानकारी हुई। बृहस्पतिवार को कई जिलों से पीड़ित कोलिया स्थित कार्यालय पहुंचे तो वहां ताला बंद मिला। इसके बाद सभी ने हंगामा शुरू कर दिया।
गीडा थाने पहुंचे पीड़ितों को नौसड़ पुलिस चौकी भेजा गया। यहां पीड़ितों ने चौकी प्रभारी को पूरी जानकारी दी। साथ ही एजेंसी के कार्यालय में सभी के पासपोर्ट होने की आशंका जताई। जिसपर पुलिस ने मकान मालिक की मौजूदगी में कार्यालय का ताला तोड़कर जांच की पर पीड़ितों से संबंधित कोई दस्तावेज नहीं मिला।
प्रदर्शन करने वालों में देवरिया के विनोद, सूरज कुमार, सिंधु प्रसाद, शंकर अंसारी, राजकुमार, अजय पासवान, बलिया के गौतम यादव, प्रमेश्चर, गोरखपुर के विकास शर्मा, मऊ के रणंजय और आजमगढ़ के प्रमल सहित दर्जनों लोग मौजूद थे। इंस्पेक्टर सुधीर सिंह का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। विधिक कार्रवाई की जाएगी। इस संबंध में एजेंसी संचालक का पक्ष नहीं मिल सका है। पक्ष आने पर प्रकाशित किया जाएगा।
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जानकारी के मुताबिक, कोलिया में किराए के मकान में तीन माह पूर्व एराउंड दी वर्ल्ड नाम की विदेश भेजने वाली एजेंसी का कार्यालय खुला। एजेंसी का विज्ञापन देखकर गोरखपुर के अलावा कुशीनगर, देवरिया, गाजीपुर, बलिया, मऊ और आजमगढ़ तक के बेरोजगार युवक वहां पहुंचे।
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नौकरी के लिए सिंगापुर भेजने का दावा करते हुए संचालकों ने 22 से 24 फरवरी एवं एक और 12 मार्च को सभी युवकों का साक्षात्कार लिया। उसके बाद सभी से 10 हजार से 50 हजार रुपये तक तथा पासपोर्ट जमा कराए। सबको बताया गया कि 31 मार्च को दिल्ली और चेन्नई से फ्लाइट से सिंगापुर भेजा जाएगा। इसके बाद 21 मार्च को 43 लोगों को एजेंसी के लोगों के साथ बस द्वारा चेन्नई भेजा गया।
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24 मार्च को वहां से सूचना आई कि कंपनी का कर्मचारी कोरोना का टीका लगवाने का बहाना बनाकर सभी को छोड़कर भाग गया। इसके बाद यहां लोगों को ठगे जाने की जानकारी हुई। बृहस्पतिवार को कई जिलों से पीड़ित कोलिया स्थित कार्यालय पहुंचे तो वहां ताला बंद मिला। इसके बाद सभी ने हंगामा शुरू कर दिया।
गीडा थाने पहुंचे पीड़ितों को नौसड़ पुलिस चौकी भेजा गया। यहां पीड़ितों ने चौकी प्रभारी को पूरी जानकारी दी। साथ ही एजेंसी के कार्यालय में सभी के पासपोर्ट होने की आशंका जताई। जिसपर पुलिस ने मकान मालिक की मौजूदगी में कार्यालय का ताला तोड़कर जांच की पर पीड़ितों से संबंधित कोई दस्तावेज नहीं मिला।
प्रदर्शन करने वालों में देवरिया के विनोद, सूरज कुमार, सिंधु प्रसाद, शंकर अंसारी, राजकुमार, अजय पासवान, बलिया के गौतम यादव, प्रमेश्चर, गोरखपुर के विकास शर्मा, मऊ के रणंजय और आजमगढ़ के प्रमल सहित दर्जनों लोग मौजूद थे। इंस्पेक्टर सुधीर सिंह का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। विधिक कार्रवाई की जाएगी। इस संबंध में एजेंसी संचालक का पक्ष नहीं मिल सका है। पक्ष आने पर प्रकाशित किया जाएगा।