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1590 करोड़ रुपये से इस शहर को मिलेगी रफ्तार, बनेंगे 2 एलिवेटेड
सुशील पांडेय, अमर उजाला, नोएडा
Updated Sat, 15 Sep 2018 05:02 AM IST
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शहर के विकास के लिए एलिवेटेड रोड और अंडरपास होने बेहद जरूरी हैं। यह वाहन चालकों को जाम से निजात दिलाने के अलावा लोगों का बहुमूल्य समय बचाने का काम भी करते हैं। ऐसे ही कुछ विकास कार्य नोएडा प्राधिकरण की पाइपलाइन में हैं। करीब 1590 करोड़ रुपये की लागत से होने वाले यह कार्य जब पूरे होंगे और जनता को समर्पित किए जाएंगे तो यह उनके लिए सपने पूरे होने जैसा होगा। सभी परियोजनाएं काफी वर्षों से प्रस्तावित हैं। अब इन पर जल्द से जल्द काम शुरू होने के संकेत अधिकारियों ने दिए है।
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नोएडा-ग्रेनो एक्सप्रेसवे पर बनेगा अंडरपास
नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे के 2.36 किलोमीटर की दूरी पर अंडरपास का निर्माण कार्य प्रस्तावित है। यह सेक्टर-96 व 126 के बीच बनेगा। इससे दोनों सेक्टरों व आसपास के सेक्टरों के वाहन चालकों कोे सड़क पार करने में आसानी होगी। इस कार्य की अनुमानित लागत 97.66 करोड़ है। कार्य की निविदा आमंत्रित कर स्वीकृति की प्रक्रिया में है। इसे बनने में दो साल लगेंगे।
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सेक्टर-71 चौराहे पर बनेगा अंडरपास
सेक्टर-51, 52, 71, 72 (सेक्टर-71) चौराहे के जंक्शन नंबर 6 पर अंडरपास का निर्माण होना है। कार्य का एस्टिमेट पहले ही स्वीकृत हो चुका है, लेकिन प्राधिकरण के सीईओ के निर्देशानुसार कार्य के लिए एक बार फिर से सैद्धांतिक स्वीकृति लेनी होगी। इसके बाद निविदा आमंत्रित होगी। अंडरपास की लंबाई 780 मीटर है। इसकी अनुमानित लागत 55.28 करोड़ रुपये है। इसे बनने में दो साल लगेंगे।
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शाहदरा ड्रेन के समानांतर बनेगा एलिवेटेड रोड
चिल्ला रेगुलेटर सेक्टर-14ए से एमपी-3 रोड तक शाहदरा ड्रेन के समानांतर एलिवेटेड रोड बनेगा। 26 अप्रैल को प्राधिकरण की 194वीं बोर्ड बैठक में इसके निर्माण के लिए मंजूरी दी गई थी। एलिवेटेड रोड छह लेन का होगा। इसकी लंबाई 5.54 किलोमीटर होगी। परियोजना पर होने वाले व्यय का वहन नोएडा प्राधिकरण और उत्तर प्रदेश राज्य सेतु निगम की ओर से 50-50 प्रतिशत के अनुपात में किया जाएगा। इसकी अनुमानित लागत 650 करोड़ है। इसे बनने में तीन साल लगेंगे।
आगाहपुर से एसईजेड तक एलिवेटेड रोड का निर्माण
डीएससी रोड पर सेक्टर-41 आगाहपुर पेट्रोल पंप से फेज-दो के एसईजेड तक एलिवेटेड रोड का निर्माण प्रस्तावित है। इस कार्य के लिए पहले दिल्ली शेड्यूल रेट (डीएसआर)-2012 की दरों पर एस्टिमेट तैयार करते हुए स्वीकृत कराया गया था।
इसमें संशोधन करते हुए डीएसआर-2016 की दरों पर दोबारा एस्टिमेट बनाकर सक्षम स्तर से स्वीकृत कराया जाना प्रस्तावित है। एलिवेटेड रोड की लंबाई 5.50 किलोमीटर है। अनुमानित लागत 460 करोड़ है। इसे सैद्धांतिक स्वीकृति देने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है और जल्द ही टेंडर आदि निकाले जाएंगे। इसे बनने में तीन साल लगेंगे। भंगेल के जाम से भी मुक्ति मिल जाएगी।
दो बड़े सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट की होगी स्थापना
सेक्टर-168 में 100 एमएलडी (मिलियन लीटर डेली) व सेक्टर-123 में 80 एमएलडी के सीवेज ट्रीटमेंट प्लान (एसटीपी) का निर्माण कार्य प्रस्तावित है। इसके एस्टिमेट की स्वीकृति होनी बाकी है। इस कार्य की अनुमानित लागत 327 करोड़ है। 2020 तक इसको तैयार किया जाना है।
चिल्ला रेगुलेटर सेक्टर-14ए से एमपी-3 रोड तक शाहदरा ड्रेन के समानांतर एलिवेटेड रोड बनेगा। 26 अप्रैल को प्राधिकरण की 194वीं बोर्ड बैठक में इसके निर्माण के लिए मंजूरी दी गई थी। एलिवेटेड रोड छह लेन का होगा। इसकी लंबाई 5.54 किलोमीटर होगी। परियोजना पर होने वाले व्यय का वहन नोएडा प्राधिकरण और उत्तर प्रदेश राज्य सेतु निगम की ओर से 50-50 प्रतिशत के अनुपात में किया जाएगा। इसकी अनुमानित लागत 650 करोड़ है। इसे बनने में तीन साल लगेंगे।
आगाहपुर से एसईजेड तक एलिवेटेड रोड का निर्माण
डीएससी रोड पर सेक्टर-41 आगाहपुर पेट्रोल पंप से फेज-दो के एसईजेड तक एलिवेटेड रोड का निर्माण प्रस्तावित है। इस कार्य के लिए पहले दिल्ली शेड्यूल रेट (डीएसआर)-2012 की दरों पर एस्टिमेट तैयार करते हुए स्वीकृत कराया गया था।
इसमें संशोधन करते हुए डीएसआर-2016 की दरों पर दोबारा एस्टिमेट बनाकर सक्षम स्तर से स्वीकृत कराया जाना प्रस्तावित है। एलिवेटेड रोड की लंबाई 5.50 किलोमीटर है। अनुमानित लागत 460 करोड़ है। इसे सैद्धांतिक स्वीकृति देने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है और जल्द ही टेंडर आदि निकाले जाएंगे। इसे बनने में तीन साल लगेंगे। भंगेल के जाम से भी मुक्ति मिल जाएगी।
दो बड़े सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट की होगी स्थापना
सेक्टर-168 में 100 एमएलडी (मिलियन लीटर डेली) व सेक्टर-123 में 80 एमएलडी के सीवेज ट्रीटमेंट प्लान (एसटीपी) का निर्माण कार्य प्रस्तावित है। इसके एस्टिमेट की स्वीकृति होनी बाकी है। इस कार्य की अनुमानित लागत 327 करोड़ है। 2020 तक इसको तैयार किया जाना है।