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मिसालः एक डॉक्टर जो हर रात गरीब बच्चों को देता है मुफ्त शिक्षा

Sat, 05 Sep 2015 01:09 PM IST
Updated Sat, 05 Sep 2015 01:09 PM IST
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this delhi doctor teaches poor children on his own expenses

शिक्षक दिवस पर उन शिक्षकों को सम्मानित करने के लिए बड़े-बड़े सरकारी और गैर सरकारी कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। लेकिन समाज में कुछ ऐसे लोग भी हैं, जिनका मूल काम बच्चों को शिक्षित करना नहीं है।

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फिर भी वे बच्चों को अपने खर्चे पर ज्ञान देने में लगे हैं। आधुनिक दुनिया की चकाचौंध से दूर नंदनगरी की झुग्गी-झोपड़ी में रह रहे वैसे बच्चों को ज्ञान दे रहे हैं, जिनके परिवार की आर्थिक और सामाजिक स्थिति ऐसी नहीं है कि वे सरकारी अथवा निजी स्कूल जाकर शिक्षा प्राप्त कर सकें।
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दिल्ली नगर निगम शाहदरा साउथ के स्कूल हेल्थ सर्विसेज में कार्यरत डॉ.अजय कुमार पिछले एक वर्ष से नंदनगरी की झुग्गियों में बच्चों को किताबी, सामाजिक, व्यवहारिक और सामान्य ज्ञान की जानकारी दे रहे हैं।

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हर रात में किराए के कमरे में देते हैं शिक्षा

this delhi doctor teaches poor children on his own expenses

इन हालात में रहने के बाद भी कैसे अपने स्वास्थ्य का ख्याल रखना है इसके लिए भी बच्चों को जागरूक कर रहे हैं। ये सभी ऐसे बच्चे हैं, जो किसी न किसी कारण से स्कूल नहीं जाते। डॉक्टर कुमार इन बच्चों और उनके माता-पिता को स्कूल भेजने के लिए प्रेरित भी करते हैं। इनकी प्रेरणा से पिछले एक वर्ष में करीब 50 बच्चों ने स्कूल जाना शुरू किया है।

डॉ. कुमार ने बताया कि नंदनगरी के झुग्गियों के पास ही करीब पांच हजार रुपये में दो कमरे किराये पर लिए गए हैं और उसी जगह पर जाकर प्रतिदिन रात आठ से 10 बजे तक बच्चों को पढ़ाते हैं। फिलहाल 25 बच्चे पढ़ रहे हैं, जिसमें दो बच्चे स्पेशल (अलग-अलग बीमारी से पीड़ित) हैं।

बच्चों को गणित, अंग्रेजी, सामान्य ज्ञान, देश-दुनिया में घट रही घटनाओं से अवगत कराना और बोलने-चलने का तरीका सिखाते हैं। उन्होंने बताया कि कई ऐसे बच्चे हैं, जिन्होंने पिछले एक वर्ष में एक भी क्लास नहीं छोड़ी है। यहां पर लड़के-लड़कियां दोनों पढ़ने आते हैं और उनकी उम्र सात से 12 वर्ष के बीच है।

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