दहशतः गाजियाबाद में स्वाइन फ्लू
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गाजियाबाद में सोमवार को पहला स्वाइन फ्लू (एच1एन1) का केस सामने आने से हड़कंप मच गया है। मरीज का पुष्पांजलि क्रॉसले अस्पताल में इलाज चल रहा है, फिलहाल उसकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है।
वैशली निवासी 53 वर्षीय व्यक्ति को सांस लेने में दिक्कत हो रही थी। परिजनों ने उन्हें पटपड़ गंज स्थित मैक्स अस्पताल में दिखाया। वहां जांच में उक्त व्यक्ति को स्वाइन फ्लू होने की पुष्टि हुई।
पुष्पांजलि के एडमिन ऑफिसर अमित रंजन ने बताया कि मैक्स में स्वाइन फ्लू के मरीजों के लिए स्पेशल वार्ड नहीं होने के चलते उन्हें 9 अप्रैल को वैशाली सेक्टर-1 स्थित पुष्पांजलि अस्पताल में रेफर किया गया, जहां उन्हें नॉन-इनवेसिव वेंटिलेटर पर रखा।
क्या है स्वाइन फ्लू?
गंभीर स्थिति में डायरिया, निमोनिया और सिजर्स की स्थिति भी बन सकती है। उधर, डॉक्टरों के मुताबिक स्वाइन फ्लू से घबराने की जरूरत नहीं है। इसका इलाज मौजूद है।
पर इस बार अधिक खतरनाक
वर्ष 2009 में स्वाइन फ्लू का पहला मामला मैक्सिको में सामने आया था। जिसे एनवन-एनवन वायरस का नाम दिया गया।
वहीं वर्ष 2011 में इसी श्रेणी का अलग वायरस सामने आया, जिसे एच3एन2वी का नाम दिया गया।
हालांकि इस मरीज का इलाज कर रहे डॉ. केके पांडे ने बताया कि अब मरीज की हालत खतरे से बाहर है। जिला सीएमओ डॉ. अजेय अग्रवाल ने बताया कि अस्पताल को नोटिस दिया गया है कि उन्होंने किस आधार पर स्वाइन फ्लू डिक्लेयर किया है।