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किसानों के बच्चों के लिए स्कूलों में तय होगा कोटा
ब्यूरो/अमर उजाला, ग्रेटर नोएडा
Updated Thu, 09 Jun 2016 01:35 AM IST
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किसान
- फोटो : अमर उजाला
ग्रेटर नोएडा और यमुना प्राधिकरण की आज होनी वाली बोर्ड बैठक से किसानों को तीन सौगातें मिल सकती हैं। पहली सौगात ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण से है। अब जमीन अधिग्रहण के एवज में किसान को मिलने वाले आवासीय भूखंड का बंटवारा खुद प्राधिकरण करेगा। बशर्ते प्लॉट का आकार कम से कम 120 वर्ग मीटर हो। फिलहाल एक किसान के अधिकतम चार वारिसानों को ही लाभ मिल पाता है।
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चार से अधिक वारिसान होने पर उनमें आपस में विवाद हो जाता है। यह प्रस्ताव बोर्ड के समक्ष रखने की तैयारी है, जिस पर मंजूरी के आसार हैं। दूसरी सौगात नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना तीनों प्राधिकरणों से जुड़ी है। प्राधिकरण से आवंटित जमीन पर उद्योग लगने पर कुछ फीसदी नौकरियों में किसानों के बच्चों को वरीयता देने का प्रावधान लागू करने पर विचार कर रहा है। इसके लिए एक समिति का गठन होना है जो इस मुद्दे पर अपना सुझाव देगी।
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तीसरी सौगात यमुना प्राधिकरण से मिल सकती है। किसानों को 10 फीसदी आवासीय भूखंड देने का प्रस्ताव बोर्ड के एजेंडे में है। फिलहाल किसानों को कुल अधिग्रहीत जमीन का सात फीसदी आवासीय भूखंड मिलता है। इसके अलावा इंटीग्रेटेड इंडस्ट्रियल टाउनशिप का ग्लोबल एफएआर तय करने का प्रस्ताव बोर्ड के समक्ष जा हा है।
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ग्रेनो व यमुना में नहीं बढ़ेंगे जमीन के दाम
ग्रेटर नोएडा और यमुना प्राधिकरण क्षेत्र में जमीन की आवंटन दरें फिलहाल नहीं बढ़ेंगी। प्रापर्टी बाजार में मंदी की स्थिति को देखते हुए यह निर्णय लिया गया है। आज की बोर्ड बैठक में रेट बढ़ाने का प्रस्ताव शामिल नहीं है।
आईटी आवंटियों पर सख्ती की भी तैयारी
आईटी का प्लॉट लेकर उद्योग न लगाने वाले आवंटियों की नकेल कसने की तैयारी है। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ऐसे आवंटियों पर कार्रवाई करने की योजना बना रहा है। इसका प्रस्ताव बोर्ड के एजेंडों में शामिल किया गया है। उनकी तरफ से जमा की गई गारंटी भी जब्त की जा सकती है। बता दें, कि आईटी उद्योग लगाने पर स्टांप ड्यूटी समेत कई तरह की छूट दी जाती है।