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अबकी गड्ढा खोदा तो खैर नहीं!
अमर उजाला, फरीदाबाद
Updated Sat, 04 Jan 2014 05:37 PM IST
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जिले में विभिन्न सरकारी विभागों एवं निजी कंपनियों द्वारा बोरवेल, सीवर, टेलीफोन लाइन एवं बिजली के खंभों के लिए खुदाई करके छोड़ दी जाती है।
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ऐसे बढ़ते मामलों को देखते हुए जिला प्रशासन ने गड्ढों को खुला छोड़ने पर पाबंदी लगा दी है। जिला उपायुक्त बलराज सिंह मोर ने यह आदेश दंड प्रक्रिया नियमावली 1973 की धारा 144 के तहत जारी किए हैं।
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उन्होंने कहा है कि आवश्यक कार्यों के लिए खोदे गए गड्ढों को काम पूरा होने के बाद भी खुला ही छोड़ दिया जाता है, जिसके कारण जनता के जान-माल की हानि होने की संभावना बनी रहती है।
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इस वजह से पर्यावरण भी प्रदूषित होता है। कई बार टेलीफोन कंपनियां अच्छी खासी सड़क खोदकर छोड़ देती हैं, जिससे वह जल्दी खराब हो जाती है।
जिला उपायुक्त ने सभी विभागों के प्रमुखों को यह आदेश दिए हैं कि वे किसी भी प्रकार के गड्ढों को काम समाप्त करने के बाद मिट्टी भर दें।
इस मामले में कोई लापरवाही बरती गई तो वह विभाग जिम्मेदार होगा। यदि कोई भी व्यक्ति इन आदेशों की अवहेलना करने का दोषी पाया जाता है तो उसे आईपीसी की धारा 188 तथा एन्वायरमेंट एक्ट-1986 की धारा-15 के तहत दंडित किया जाएगा।