आपने अगर अब तक पासपोर्ट नहीं बनाया है तो आपके लिए बड़ी खुशखबरी है। अब पासपोर्ट सिर्फ तीन दिन में ही बन जाएगा। यही नहीं अब आपको इसके लिए ज्यादा डॉक्यूमेंट की जरूरत नहीं है।
18 वर्ष से कम आयु वालों के लिए ये दस्तावेज जरूरी
दरअसल तत्काल योजना के तहत आवेदन करने वाले लोगों के हाथ में तीन दिन के अंदर पासपोर्ट होगा। योजना में इस सुविधा के लिए संशोधन किया गया है। इसके अलावा वदेश मंत्रालय ने पासपोर्ट आवेदकों को बड़ी राहत देते हुए तत्काल आवेदन में राजपत्रित अधिकारी से प्रमाण पत्र सत्यापन की अनिवार्यता को खत्म कर दिया है।
लेकिन आधार कार्ड अनिवार्य रूप से जमा करना होगा। आधार कार्ड के अलावा 18 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के आवेदक को निर्धारित 10 में से दो दस्तावेज अनिवार्य रूप से जमा करने होंगे। विदेश मंत्रालय की ओर से जारी पासपोर्ट (प्रथम संशोधन) नियम 2018 के तहत गाजियाबाद क्षेत्रीय कार्यालय से जुड़े करीब 13 जनपदों के लोगों को इसका लाभ मिलेगा। तत्काल योजना में फीस वही 3500 रुपये एक आवेदक की रहेगी।
समय अवधि घटाकर सात दिन की जगह तीन दिन कर दी गई है। सामान्य स्थित में पासपोर्ट बनवाने के लिए 1500 रुपये फीस निर्धारित है। जिसमें 30 दिन के अंदर पासपोर्ट बनाना चाहिए, लेकिन प्रमाण पत्रों के सत्यापन में देरी व कार्य की अधिकता के चलते काम में देरी होती है। अब नई व्यवस्था में 2 हजार रुपये अतिरिक्त अदा करने पर तीन दिन में पासपोर्ट बनकर मिल जाएगा। तत्काल पासपोर्ट बनाने के लिए अभी तक आवेदकों को एक राजपत्रित अधिकारी का सत्यापन प्रमाण पत्र अनिवार्य रूप से जमा कराना होता था।
ऐसे में सत्यापन के लिए आम लोगों को काफी पापड़ बेलने पड़ने थे। उसमें सिर्फ उन्हीं लोगों का पासपोर्ट समय पर बन पाता था जो किसी राजपत्रित अधिकारी को जानते हैं, लेकिन अब विदेश मंत्रालय के नए नियमों के तहत आम लोग भी आसानी से तत्काल पासपोर्ट योजना का लाभ उठा सकेंगे। गाजियाबाद के रीजनल पासपोर्ट ऑफिस से गौतमबुद्धनगर, हापुड़, मेरठ, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, बागपत, बुलंदशहर, अलीगढ़, आगरा, शामली, हाथरस और मथुरा जिला जुड़ा है। यहां के आवेदक तीन दिन के अंदर तत्काल योजना में पासपोर्ट प्राप्त कर सकेंगे।