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उत्तर-पूर्वी क्षेत्र को देश की राजधानी का संसदीय क्षेत्र नहीं कहा जा सकता: शीला दीक्षित
Wed, 01 May 2019 08:05 PM IST
Vikas Kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Vikas Kumar
Updated Wed, 01 May 2019 08:05 PM IST
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शीला दीक्षित
- फोटो : अमर उजाला
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उत्तर-पूर्वी क्षेत्र को किसी भी तरह से देश की राजधानी का संसदीय क्षेत्र नहीं कहा जा सकता है। क्षेत्र की सड़ती, दम घोंटू गलियां, टूटी-फूटी सड़कों, बेतरतीब बने मकान, गंदगी इस क्षेत्र के प्रयायवाची बन चुके है। सार्वजनिक स्थानों एवं भवनों की स्थिति से साबित होता है कि पिछले पांच साल में आम आदमी पार्टी के विधायकों और भाजपा के सांसद ने क्षेत्र में विकास कार्य नहीं किया। यह बातें प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष शीला दीक्षित ने मुस्तफाबाद में एक कार्यक्रम के दौरान कहीं।
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उन्होंने उत्तर-पूर्वी दिल्ली संसदीय क्षेत्र की बदहाली पर गहरा अफसोस जताते हुए कहा कि विधायक व सांसद ने करोड़ों रुपये क्षेत्र के नाम पर लुटा दिया। पैसों का सदुपयोग नहीं किया गया। हकीकत तो यह है कि पूरे संसदीय क्षेत्र को बर्बाद करके छोड़ दिया गया है। संसदीय क्षेत्र के नागरिकों की दुर्दशा और परेशानियों को देख कर दुख होता है। मेरा 15 वर्ष का सरकार में रहने का अनुभव सकारात्मक बदलाव लाने में मदद करेगा। हम देश का एक मॉडल संसदीय क्षेत्र बनाने में कामयाब होगें।
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पूर्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष व चांदनी चौक संसदीय क्षेत्र के प्रत्याशी जय प्रकाश अग्रवाल ने कहा है कि भाजपा के झूठ की चादर फट चुकी है, अब कांग्रेस के सच का सूरज निकलेगा। भाजपा की केंद्र सरकार ने पांच साल तक कभी नोटबंदी, कभी जीएसटी और कभी सीलिंग के नाम पर आम जनता को काफी परेशान किया। जनता ने झूठे वायदों के जाल में फंसकर जुमलेबाजों को सत्ता सौंप दी थी।
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