{"_id":"69f20a0c9f1903bf0d094aaa","slug":"youth-will-get-training-in-semiconductors-a-center-of-excellence-will-be-established-noida-news-c-23-1-lko1064-93516-2026-04-29","type":"story","status":"publish","title_hn":"Noida News: युवाओं को मिलेगी सेमीकंडक्टर की ट्रेनिंग, सेंटर ऑफ एक्सीलेंस बनेगा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Noida News: युवाओं को मिलेगी सेमीकंडक्टर की ट्रेनिंग, सेंटर ऑफ एक्सीलेंस बनेगा
विज्ञापन
ग्रेनो में ईएसएससीआई और यूपीएलसी के बीच समझौता, हाई-टेक स्किल्स से युवाओं को मिलेंगे अवसर
संवाद न्यूज एजेंसी
ग्रेटर नोएडा। उत्तर प्रदेश के युवा ग्रेटर नोएडा में इलेक्ट्रॉनिक्स और सेमीकंडक्टर की तैयारी कर सकेंगे। इसके लिए नॉलेज पार्क स्थित इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट में इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर स्किल्स काउंसिल ऑफ इंडिया (ईएसएससीआई) और उत्तर प्रदेश इलेक्ट्रॉनिक्स कॉरपोरेशन लिमिटेड (यूपीएलसी) के बीच समझौता (एमओयू) हुआ है। पहल का उद्देश्य प्रदेश के युवाओं को इलेक्ट्रॉनिक्स और सेमीकंडक्टर जैसे अत्याधुनिक क्षेत्रों में प्रशिक्षित कर उन्हें वैश्विक स्तर के लिए तैयार करना है।
साझेदारी के तहत इलेक्ट्रॉनिक्स सिस्टम डिजाइन और मैन्युफैक्चरिंग (ईएसडीएम) सेक्टर में कुशल मानव संसाधन की कमी को दूर करने पर जोर दिया जाएगा। ईएसएससीआई युवाओं के लिए प्रशिक्षण, अपस्किलिंग और रिस्किलिंग कार्यक्रम विकसित करेगा, जिसमें सेमीकंडक्टर डिजाइन, फैब्रिकेशन और हाई-टेक इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग जैसे क्षेत्रों को प्राथमिकता दी जाएगी। वहीं, यूपीएलसी अपने व्यापक नेटवर्क के माध्यम से इस पहल को स्कूलों, कॉलेजों, शोध संस्थानों और सरकारी विभागों तक पहुंचाएगा, ताकि अधिक से अधिक युवाओं को इसका लाभ मिल सके। सहयोग से राज्य में उद्योगों की जरूरतों के अनुसार कुशल वर्कफोर्स तैयार करने में मदद मिलेगी।
इसके अलावा, दोनों संस्थाएं मिलकर प्रदेश में रिसर्च और स्टार्टअप इकोसिस्टम को बढ़ावा देने के लिए एक सेंटर ऑफ एक्सीलेंस स्थापित करेंगी। यह केंद्र नवाचार को प्रोत्साहित कर युवाओं को आधुनिक तकनीकों पर काम करने का अवसर देगा। ईएसएससीआई के सीईओ माधवेंद्र सिंह ने कहा कि यह समझौता भारत के सेमीकंडक्टर मिशन के लिए भविष्य की कार्यशक्ति तैयार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इसका उद्देश्य केवल रोजगार उपलब्ध कराना नहीं बल्कि युवाओं को नवाचार का नेतृत्व करने के लिए सक्षम बनाना भी है। इस पहल से स्थानीय युवाओं को विश्वस्तरीय प्रशिक्षण के साथ-साथ उद्योगों से सीधे जुड़ने और बेहतर प्लेसमेंट के अवसर मिलेंगे। इससे उत्तर प्रदेश इलेक्ट्रॉनिक्स और सेमीकंडक्टर उद्योग के क्षेत्र में एक प्रमुख केंद्र के रूप में उभर सकता है, जो वैश्विक कंपनियों के लिए निवेश का आकर्षण बनेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
ग्रेटर नोएडा। उत्तर प्रदेश के युवा ग्रेटर नोएडा में इलेक्ट्रॉनिक्स और सेमीकंडक्टर की तैयारी कर सकेंगे। इसके लिए नॉलेज पार्क स्थित इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट में इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर स्किल्स काउंसिल ऑफ इंडिया (ईएसएससीआई) और उत्तर प्रदेश इलेक्ट्रॉनिक्स कॉरपोरेशन लिमिटेड (यूपीएलसी) के बीच समझौता (एमओयू) हुआ है। पहल का उद्देश्य प्रदेश के युवाओं को इलेक्ट्रॉनिक्स और सेमीकंडक्टर जैसे अत्याधुनिक क्षेत्रों में प्रशिक्षित कर उन्हें वैश्विक स्तर के लिए तैयार करना है।
साझेदारी के तहत इलेक्ट्रॉनिक्स सिस्टम डिजाइन और मैन्युफैक्चरिंग (ईएसडीएम) सेक्टर में कुशल मानव संसाधन की कमी को दूर करने पर जोर दिया जाएगा। ईएसएससीआई युवाओं के लिए प्रशिक्षण, अपस्किलिंग और रिस्किलिंग कार्यक्रम विकसित करेगा, जिसमें सेमीकंडक्टर डिजाइन, फैब्रिकेशन और हाई-टेक इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग जैसे क्षेत्रों को प्राथमिकता दी जाएगी। वहीं, यूपीएलसी अपने व्यापक नेटवर्क के माध्यम से इस पहल को स्कूलों, कॉलेजों, शोध संस्थानों और सरकारी विभागों तक पहुंचाएगा, ताकि अधिक से अधिक युवाओं को इसका लाभ मिल सके। सहयोग से राज्य में उद्योगों की जरूरतों के अनुसार कुशल वर्कफोर्स तैयार करने में मदद मिलेगी।
विज्ञापन
इसके अलावा, दोनों संस्थाएं मिलकर प्रदेश में रिसर्च और स्टार्टअप इकोसिस्टम को बढ़ावा देने के लिए एक सेंटर ऑफ एक्सीलेंस स्थापित करेंगी। यह केंद्र नवाचार को प्रोत्साहित कर युवाओं को आधुनिक तकनीकों पर काम करने का अवसर देगा। ईएसएससीआई के सीईओ माधवेंद्र सिंह ने कहा कि यह समझौता भारत के सेमीकंडक्टर मिशन के लिए भविष्य की कार्यशक्ति तैयार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इसका उद्देश्य केवल रोजगार उपलब्ध कराना नहीं बल्कि युवाओं को नवाचार का नेतृत्व करने के लिए सक्षम बनाना भी है। इस पहल से स्थानीय युवाओं को विश्वस्तरीय प्रशिक्षण के साथ-साथ उद्योगों से सीधे जुड़ने और बेहतर प्लेसमेंट के अवसर मिलेंगे। इससे उत्तर प्रदेश इलेक्ट्रॉनिक्स और सेमीकंडक्टर उद्योग के क्षेत्र में एक प्रमुख केंद्र के रूप में उभर सकता है, जो वैश्विक कंपनियों के लिए निवेश का आकर्षण बनेगा।
विज्ञापन