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Noida News: कोहरे में नहीं दिखी ट्रेन, चपेट में आने से पिता-पुत्र की मौत
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शकूरबस्ती स्टेशन के पास स्कूल जाने के दौरान हुआ हादसा
हॉर्न बजने पर उसी ट्रैक पर चले गए जिस पर ट्रेन आ रही थी
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। राजधानी में कोहरे का कहर अब जान पर भारी पड़ने लगा है। बुधवार सुबह शकूरबस्ती रेलवे स्टेशन के पास ट्रेन की चपेट में आने से पिता अशोक व पुत्र समीर (11) की मौत हो गई। कोहरे के कारण दोनों को ट्रेन नहीं दिखी। हॉर्न बजाने के बाद भी दोनों गलत ट्रैक पर चले गए। अशोक बेटे समीर को स्कूल छोड़ने जा रहे थे। फिलहाल, पुलिस प्रत्यक्षदर्शियों और ट्रेन चालक के बायन दर्ज कर मामले की जांच कर रही है।
पुलिस के अनुसार, शकूर बस्ती रेलवे स्टेशन के पास अशोक परिवार के रहते हैं। वह मूलरूप से मध्य प्रदेश के रहने वाले थे। समीर सरकारी स्कूल में पांचवीं में पढ़ता था। सुबह ट्रैक पार करने के दौरान सरबत द भला एक्सप्रेस आ रही थी। लोको पायलट घने कोहरे की वजह से लगातार हॉर्न बजा रहा था। दृश्यता कम होने से अशोक को ट्रेन का अंदाजा नहीं लगा। हॉर्न सुनकर वह उसी ट्रैक पर आ गए जिस पर ट्रेन आ रही थी। ऐसे में पिता-पुद्ध ट्रेन की चपेट में आ गए। हादसे में अशोक के दो टुकड़े हो गए, जबकि समीर गंभीर रूप से घायल हो गया। ट्रेन चालक ने ट्रेन रोक दी और समीर को साथ लेकर नांगलोई रेलवे स्टेशन पर पहुंचा। यहां पहले से तैनात एंबुलेंस ने समीर को संजय गांधी अस्पताल में भर्ती कराया जहां उसकी मौत हो गई।
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हॉर्न बजने पर उसी ट्रैक पर चले गए जिस पर ट्रेन आ रही थी
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। राजधानी में कोहरे का कहर अब जान पर भारी पड़ने लगा है। बुधवार सुबह शकूरबस्ती रेलवे स्टेशन के पास ट्रेन की चपेट में आने से पिता अशोक व पुत्र समीर (11) की मौत हो गई। कोहरे के कारण दोनों को ट्रेन नहीं दिखी। हॉर्न बजाने के बाद भी दोनों गलत ट्रैक पर चले गए। अशोक बेटे समीर को स्कूल छोड़ने जा रहे थे। फिलहाल, पुलिस प्रत्यक्षदर्शियों और ट्रेन चालक के बायन दर्ज कर मामले की जांच कर रही है।
पुलिस के अनुसार, शकूर बस्ती रेलवे स्टेशन के पास अशोक परिवार के रहते हैं। वह मूलरूप से मध्य प्रदेश के रहने वाले थे। समीर सरकारी स्कूल में पांचवीं में पढ़ता था। सुबह ट्रैक पार करने के दौरान सरबत द भला एक्सप्रेस आ रही थी। लोको पायलट घने कोहरे की वजह से लगातार हॉर्न बजा रहा था। दृश्यता कम होने से अशोक को ट्रेन का अंदाजा नहीं लगा। हॉर्न सुनकर वह उसी ट्रैक पर आ गए जिस पर ट्रेन आ रही थी। ऐसे में पिता-पुद्ध ट्रेन की चपेट में आ गए। हादसे में अशोक के दो टुकड़े हो गए, जबकि समीर गंभीर रूप से घायल हो गया। ट्रेन चालक ने ट्रेन रोक दी और समीर को साथ लेकर नांगलोई रेलवे स्टेशन पर पहुंचा। यहां पहले से तैनात एंबुलेंस ने समीर को संजय गांधी अस्पताल में भर्ती कराया जहां उसकी मौत हो गई।
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