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पिता ने की थी मासूमों की हत्या... खुद भी कर ली आत्महत्या
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बसई गांव में मकान में फंदे पर लटका मिला महेश का शव।
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नोएडा। होशियारपुर गांव निवासी दो मासूम भाइयों की हत्या पिता ने ही की थी। हत्या के तीन दिन बाद शुक्रवार सुबह पिता महेश का शव बसई गांव के खंडहर मकान में फंदे से लटका मिला। उसके पास से एक सुसाइड नोट मिला है जिसमें लिखा है कि ‘ये दोनों बच्चे और अपनी मौत का जिम्मेदार खुद हूं।’ पुलिस का कहना है कि मंगलवार रात को बेटों की हत्या कर महेश ने आत्महत्या कर ली थी। पुलिस ने सुसाइड नोट को फॉरेंसिक जांच के लिए भी भेजा है।
एडीसीपी रणविजय सिंह के अनुसार, बसई गांव से कुछ सफाई कर्मचारी गुजर रहे थे, तभी बदबू आने के बाद उन्होंने पुलिस को सूचना दी। पुलिस को अंदर कुंडी से रस्सी के सहारे दो-तीन दिन पुराना शव लटका मिला। जेब से आधार कार्ड, कंपनी की सैलरी स्लिप और सुसाइड नोट मिला। जांच में शव की पहचान होशियारपुर निवासी महेश के रूप में हुई। महेश घर से मंगलवार को बेटों मोनू (6) और टिंका (3) को घुमाने के लिए निकला था। देर रात तक तीनों घर नहीं लौटे तो परिजनों ने सुबह उनकी गुमशुदगी थाने में दर्ज करा दी थी।
दोपहर को मोनू व टिंका के शव सेक्टर-34 के बिलाबांग स्कूल के पास ग्रीन बेल्ट में मिले थे। आशंका जताई जा रही थी कि महेश बच्चों की हत्या कर भाग निकला है। अब बसई गांव में उसके आत्महत्या करने और सुसाइड नोट मिलने से बच्चों की हत्या करने की बात स्पष्ट हो गई है। इधर, सेक्टर-34 स्थित घटनास्थल के पास जो सीसीटीवी फुटेज मिली थी। उसमें महेश बनियान पहनकर वहां से जाता हुआ दिखाई दे रहा था। जब शव मिला तो भी उसने वही बनियान पहनी हुई थी। ऐसे में संभावना है कि बच्चों की हत्या करने के बाद ही महेश वहां से निकला और आत्महत्या कर ली।
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सेक्टर-34 से निकलकर सिटी सेंटर रोड से निकला
जब पुलिस ने बुधवार को जांच शुरू की और सीसीटीवी फुटेज निकालकर देखी तो पता चला कि महेश घटनास्थल के पास से मानस अस्पताल की तरफ से सेक्टर-34 के अरावली होते हुए सिटी सेंटर से आगे मुख्य सड़क पर निकला था। वहां से वह सेक्टर-52 होते हुए सेक्टर-71 के रास्ते बसई गांव गया।
दो मासूम बच्चों की हत्या के बाद पिता का शव तीन दिन बाद बसई गांव में मिला है। उसने खंडहर मकान में आत्महत्या की है। मौके से एक सुसाइड नोट मिला है जिसमें दोनों बच्चों व खुद की मौत के लिए स्वयं को जिम्मेदार बताया गया है। सुसाइड नोट को फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है। - रणविजय सिंह, एडीसीपी नोएडा
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एडीसीपी रणविजय सिंह के अनुसार, बसई गांव से कुछ सफाई कर्मचारी गुजर रहे थे, तभी बदबू आने के बाद उन्होंने पुलिस को सूचना दी। पुलिस को अंदर कुंडी से रस्सी के सहारे दो-तीन दिन पुराना शव लटका मिला। जेब से आधार कार्ड, कंपनी की सैलरी स्लिप और सुसाइड नोट मिला। जांच में शव की पहचान होशियारपुर निवासी महेश के रूप में हुई। महेश घर से मंगलवार को बेटों मोनू (6) और टिंका (3) को घुमाने के लिए निकला था। देर रात तक तीनों घर नहीं लौटे तो परिजनों ने सुबह उनकी गुमशुदगी थाने में दर्ज करा दी थी।
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दोपहर को मोनू व टिंका के शव सेक्टर-34 के बिलाबांग स्कूल के पास ग्रीन बेल्ट में मिले थे। आशंका जताई जा रही थी कि महेश बच्चों की हत्या कर भाग निकला है। अब बसई गांव में उसके आत्महत्या करने और सुसाइड नोट मिलने से बच्चों की हत्या करने की बात स्पष्ट हो गई है। इधर, सेक्टर-34 स्थित घटनास्थल के पास जो सीसीटीवी फुटेज मिली थी। उसमें महेश बनियान पहनकर वहां से जाता हुआ दिखाई दे रहा था। जब शव मिला तो भी उसने वही बनियान पहनी हुई थी। ऐसे में संभावना है कि बच्चों की हत्या करने के बाद ही महेश वहां से निकला और आत्महत्या कर ली।
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सेक्टर-34 से निकलकर सिटी सेंटर रोड से निकला
जब पुलिस ने बुधवार को जांच शुरू की और सीसीटीवी फुटेज निकालकर देखी तो पता चला कि महेश घटनास्थल के पास से मानस अस्पताल की तरफ से सेक्टर-34 के अरावली होते हुए सिटी सेंटर से आगे मुख्य सड़क पर निकला था। वहां से वह सेक्टर-52 होते हुए सेक्टर-71 के रास्ते बसई गांव गया।
दो मासूम बच्चों की हत्या के बाद पिता का शव तीन दिन बाद बसई गांव में मिला है। उसने खंडहर मकान में आत्महत्या की है। मौके से एक सुसाइड नोट मिला है जिसमें दोनों बच्चों व खुद की मौत के लिए स्वयं को जिम्मेदार बताया गया है। सुसाइड नोट को फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है। - रणविजय सिंह, एडीसीपी नोएडा