फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Noida News ›   Fraudsters cheated engineer of Rs 20 lakh by digitally arresting him for 48 hours

Noida: आईबी और मुंबई पुलिस का अधिकारी बन जालसाजों ने इंजीनियर को 48 घंटे रखा डिजिटल अरेस्ट, 20 लाख ठगे

Thu, 13 Jun 2024 07:57 AM IST
विजय पुंडीर अमर उजाला नेटवर्क, नोएडा
अमर उजाला नेटवर्क, नोएडा Published by: विजय पुंडीर Updated Thu, 13 Jun 2024 07:57 AM IST
सार

साइबर जालसाजों ने इंजीनियर को 48 घंटे तक डिजिटल अरेस्ट कर 20 लाख रुपये की ठगी कर ली। जालसाजों ने ताइवान भेजे जा रहे पार्सल में ड्रग्स का डर दिखाकर वारदात की।

विज्ञापन
Fraudsters cheated engineer of Rs 20 lakh by digitally arresting him for 48 hours
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : istock

विस्तार

साइबर जालसाजों ने इंजीनियर को 48 घंटे तक डिजिटल अरेस्ट कर 20 लाख रुपये की ठगी कर ली। जालसाजों ने ताइवान भेजे जा रहे पार्सल में ड्रग्स का डर दिखाकर वारदात की। आरोपियों ने खुद को आईबी और मुंबई पुलिस का अधिकारी बनकर इंजीनियर को डराकर वसूली की। पीड़ित की शिकायत पर साइबर क्राइम थाने ने जांच शुरू कर दी है। 

विज्ञापन


पुलिस को दी शिकायत में नोएडा में डेटा सेंटर बना रही बहुराष्ट्रीय कंपनी के सेक्टर-44 निवासी इंजीनियर ने कहा है कि आठ मई को उनके पास फोन आया। कॉलर ने खुद को फेडेक्स कंपनी का कर्मचारी बताते हुए कहा कि ताइवान भेजे जा रहे संदिग्ध पार्सल में इंजीनियर के आधार कार्ड नंबर का इस्तेमाल हुआ है। ड्रग्स और आपत्तिजनक सामग्री मिलने पर कोरियर कंपनी उस पर मुकदमा दर्ज कराने जा रही है। यह कहकर कॉलर ने कथित तौर पर मुंबई साइबर क्राइम ब्रांच में कॉल ट्रांसफर कर दी। 
विज्ञापन


क्राइम ब्रांच की तरफ से आरोपी को वीडियो कॉलिंग एप डाउनलोड करने को कहा गया। इसके बाद वीडियो कॉल पर कथित रूप से पूछताछ की गई। वीडियो पर बैकग्राउंड में वर्दी में मौजूद पुलिस अधिकारी भी दिखाई दे रहे थे। इसके कुछ देर बाद बताया गया कि इंजीनियर की आईडी कई गैरकानूनी गतिविधियों मसलन ड्रग्स सप्लाई, मनी लांड्रिंग व अन्य जगह उपयोग में लाई गई है। इसके बाद लगातार वीडियो कॉल पर सवाल पूछे गए और रात भर सोने नहीं दिया गया। पीड़ित को इस दौरान परिवार के लोग भी अलग रहने को कहा गया। अगले दिन वीडियो कॉल पर एसीपी बनकर जांच करने के लिए आए। इसके बाद अलग-अलग तरीके से 20 लाख खाते में डलवा लिया। 
विज्ञापन
विज्ञापन


क्रेडिट कार्ड से लोन लेने के लिए कहा 
पीडि़त ने पुलिस को बताया कि जालसाज उनसे लगातार वीडियो कॉल पर बात कर रहे थे। करीब 20 लाख रुपये देने के बाद भी और रकम मांग रहे थे। इंजीनियर ने रकम नहीं होने की बात की तब आरोपियों ने क्रेडिट कार्ड से लोन लेकर भुगतान करने के लिए कहा। इसके बाद उन्हें संदेह होने लगा। पैसे वापस करने की बात कहते ही जालसाजों ने संपर्क तोड़ दिया।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed