फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Noida News ›   Five arrested including robbery couple in the name of escort service

एस्कॉर्ट सर्विस के नाम पर लूटपाट करने वाले दंपती समेत पांच पकड़े

Wed, 17 Feb 2021 01:20 AM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Wed, 17 Feb 2021 01:20 AM IST
विज्ञापन
Five arrested including robbery couple in the name of escort service
देह व्यापार करने के आरोप में पकड़े गए आरोपी
नोएडा। कोतवाली सेक्टर-24 पुलिस ने एस्कॉर्ट सर्विस उपलब्ध कराने के नाम पर देह व्यापार करने और ग्राहकों को लूटने वाले एक गिरोह का खुलासा किया है। पुलिस ने सरगना रोशनी, पति दिव्यांश सोनी और तीन अन्य महिलाओं शरीफा खातून, मंजू और प्रमिला को गिरफ्तार किया है। इनके पास से लूट के 3500 रुपये, कार और पांच मोबाइल बरामद किए गए हैं।
विज्ञापन

नोएडा जोन के डीसीपी राजेश एस. ने बताया कि पुलिस ने मंगलवार को सेक्टर-54 के पास से पांचों को गिरफ्तार किया है। यह लोग ऑनलाइन मेघा एस्कॉर्ट सर्विस चलाते थे। इसके जरिये ग्राहकों को लड़कियां उपलब्ध कराने का झांसा देते, फिर एक नियत स्थान पर बुलाकर लूटपाट करते थे। गिरोह दिल्ली, नोएडा समेत एनसीआर के अन्य शहरों में भी सक्रिय था। आरोपी कई वर्षों से गिरोह चला रहे थे। डीसीपी ने बताया कि रोशनी और दिव्यांश मंडावली, दिल्ली के रहने वाले हैं। शरीफा खातून, बदरपुर दिल्ली जबकि मंजू और प्रमिला वल्लभगढ़, हरियाणा की रहने वाली हैं। यह लोग शाम 5 से सुबह 5 बजे तक वारदात करते थे।
विज्ञापन

गिरोह की ‘रिंग मास्टर’ है रोशनी
एसीपी रजनीश वर्मा ने बताया कि मूलरूप से असम की रहने वाली रोशनी गिरोह की ‘रिंग मास्टर’ है। पति दिव्यांश सक्रिय रुप से सहयोग करता था। एस्कॉर्ट सर्विस चलाने के दौरान ही दोनों की दोस्ती हुई थी बाद में शादी कर ली। एसीपी ने बताया कि इस धंधे में ‘रिंग मास्टर’ उसे कहा जाता है जिसका मोबाइल नंबर एस्कॉर्ट सर्विस की साइट पर ऑनलाइन ग्राहकों को मिलता है। कोई भी ग्राहक मेगा एस्कॉर्ट सर्विस को सर्च करता तो उस पर रोशनी का मोबाइल नंबर मिलता। रोशनी ग्राहकों से बात कर लड़कियों के कई फोटो भेजती और किसी को चुनने के लिए कहती।
विज्ञापन
विज्ञापन

इसके बाद बदमाश दूसरी लड़की को लेकर ग्राहक के पास ले जाते थे। पसंद की गई लड़की नहीं मिलने पर ग्राहक विरोध करता तो उसकी पिटाई कर नकदी, मोबाइल और अन्य सामान लूट लेते थे। अगर कोई इन लड़की को चुना लेता तो उसे एस्कॉर्ट सर्विस उपलब्ध करा देते थे। एडीसीपी रणविजय सिंह ने बताया कि पूछताछ में पता चला है कि आरोपी हर दिन 20 से 25 लोगों से बात करते थे, इसमें से 8 से 10 लोग झांसे में आकर सर्विस उपलब्ध कराने की मांग करते थे। आरोपी एक दिन 30,000 रुपये कमा लेते थे। पहली बार यह गिरोह पकड़ में आया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed