{"_id":"6acbacc70ef098848909349d","slug":"fdsg-grnoida-news-c-23-1-lko1064-108849-2026-10-11","type":"story","status":"publish","title_hn":"Noida News: हादसे के समय वाहन मालिक चालक नहीं तो, नहीं मिलेगा क्लेम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Noida News: हादसे के समय वाहन मालिक चालक नहीं तो, नहीं मिलेगा क्लेम
विज्ञापन
जिला उपभोक्ता आयोग
हादसे के समय वाहन मालिक चालक नहीं तो, नहीं मिलेगा क्लेम
संवाद न्यूज एजेंसी
ग्रेटर नोएडा। हादसे के समय वाहन मालिक खुद वाहन नहीं चला रहा था तो उसे व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा का लाभ नहीं मिलेगा। जिला उपभोक्ता आयोग ने इस मामले में बीमा कंपनी के फैसले को सही ठहराते हुए क्लेम दिलाने के लिए दायर वाद खारिज कर दिया। नई दिल्ली के घड़ोली एक्सटेंशन निवासी संजय कुमार की पत्नी मोनिका ने होंडा एक्टिवा का बीमा इफको टोकियो जनरल इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड से कराया था। पॉलिसी में वाहन के मालिक चालक के लिए व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा के तहत 15 लाख रुपये का कवर शामिल था, जिसके लिए 350 रुपये प्रीमियम अलग से दिया था।
संजय कुमार ने आयोग में शिकायत में कहा कि 17 अगस्त 2019 की रात वह पत्नी मोनिका सिंह और बेटी श्रेयदिता के साथ स्कूटी से पंचकुल छपरौला जा रहे थे। गाजियाबाद के चौधरी मोड़ की ओर से आए एक ट्रक ने पीछे से टक्कर मार दी। हादसे में उनकी पत्नी गंभीर रूप से घायल हो गईं। अस्पताल ले जाने पर चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मामले में कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई गई।
पत्नी की मृत्यु के बाद संजय कुमार ने छह जनवरी 2020 को बीमा कंपनी में व्यक्तिगत दुर्घटना कवर के तहत क्लेम के लिए आवेदन किया। कंपनी ने वैध ड्राइविंग लाइसेंस प्रस्तुत नहीं करने का हवाला देते हुए दावा खारिज कर दिया। इसके बाद उन्होंने जिला उपभोक्ता आयोग में वाद दायर किया।
विज्ञापन
सुनवाई के दौरान आयोग ने पाया कि हादसे के समय स्कूटी संजय कुमार चला रहे थे, जबकि उनकी पत्नी पीछे बैठी थीं। पॉलिसी की शर्तों के अनुसार व्यक्तिगत दुर्घटना कवर वाहन के मालिक-चालक के लिए था। ऐसे में आयोग ने बीमा कंपनी के फैसले को सही मानते हुए वाद खारिज कर दिया।
विज्ञापन
हादसे के समय वाहन मालिक चालक नहीं तो, नहीं मिलेगा क्लेम
संवाद न्यूज एजेंसी
ग्रेटर नोएडा। हादसे के समय वाहन मालिक खुद वाहन नहीं चला रहा था तो उसे व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा का लाभ नहीं मिलेगा। जिला उपभोक्ता आयोग ने इस मामले में बीमा कंपनी के फैसले को सही ठहराते हुए क्लेम दिलाने के लिए दायर वाद खारिज कर दिया। नई दिल्ली के घड़ोली एक्सटेंशन निवासी संजय कुमार की पत्नी मोनिका ने होंडा एक्टिवा का बीमा इफको टोकियो जनरल इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड से कराया था। पॉलिसी में वाहन के मालिक चालक के लिए व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा के तहत 15 लाख रुपये का कवर शामिल था, जिसके लिए 350 रुपये प्रीमियम अलग से दिया था।
संजय कुमार ने आयोग में शिकायत में कहा कि 17 अगस्त 2019 की रात वह पत्नी मोनिका सिंह और बेटी श्रेयदिता के साथ स्कूटी से पंचकुल छपरौला जा रहे थे। गाजियाबाद के चौधरी मोड़ की ओर से आए एक ट्रक ने पीछे से टक्कर मार दी। हादसे में उनकी पत्नी गंभीर रूप से घायल हो गईं। अस्पताल ले जाने पर चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मामले में कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई गई।
विज्ञापन
पत्नी की मृत्यु के बाद संजय कुमार ने छह जनवरी 2020 को बीमा कंपनी में व्यक्तिगत दुर्घटना कवर के तहत क्लेम के लिए आवेदन किया। कंपनी ने वैध ड्राइविंग लाइसेंस प्रस्तुत नहीं करने का हवाला देते हुए दावा खारिज कर दिया। इसके बाद उन्होंने जिला उपभोक्ता आयोग में वाद दायर किया।
विज्ञापन
सुनवाई के दौरान आयोग ने पाया कि हादसे के समय स्कूटी संजय कुमार चला रहे थे, जबकि उनकी पत्नी पीछे बैठी थीं। पॉलिसी की शर्तों के अनुसार व्यक्तिगत दुर्घटना कवर वाहन के मालिक-चालक के लिए था। ऐसे में आयोग ने बीमा कंपनी के फैसले को सही मानते हुए वाद खारिज कर दिया।