माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। सत्र अदालत ने फर्जी कॉल सेंटर चलाकर अमेरिकी नागरिकों को ठगने के आरोप में जेल में बंद विनोद लखेरा को जमानत दी है। न्यायाधीश ने आदेश देते हुए कहा कि आरोपी के खिलाफ प्रथम दृष्टया ऐसा कोई ठोस साक्ष्य सामने नहीं आया है। जिससे यह साबित हो सके कि उसने किसी पीड़ित से धोखाधड़ी की हो।
प्रकरण के अनुसार थाना सेक्टर-58 पुलिस ने 17 नवंबर 2021 को बी ब्लॉक 12वीं मंजिल स्थित एक दफ्तर पर छापा मारकर आठ आरोपियों को गिरफ्तार किया था। पुलिस का आरोप था कि वहां से चलाए जा रहे कॉल सेंटर में अमेरिकी नागरिकों को कॉल कर ड्रग कार्टेल्स में फंसाने की धमकी देकर सोशल सिक्योरिटी के नाम पर गूगल गिफ्ट कार्ड हड़पते थे। इन गिफ्ट कार्डों को ऑनलाइन साइट के जरिए भारतीय मुद्रा में बदलकर खाते में ट्रांसफर कराया जाता था। मौके से पुलिस ने कंप्यूटर, लैपटॉप, मोबाइल और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद किए थे। विनोद लखेरा की ओर से अधिवक्ता ने अदालत में तर्क दिया कि न तो कोई जाली दस्तावेज बरामद हुआ और न ही किसी पीड़ित ने शिकायत दर्ज कराई है। पूरा मामला पुलिस अधिकारियों की गवाही पर आधारित है, जबकि स्वतंत्र गवाह नहीं हैं। अदालत ने दलील सुनने के बाद आरोपी को जमानत दी है।