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साउइड स्टोरी

Tue, 08 Jan 2019 11:42 PM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Tue, 08 Jan 2019 11:42 PM IST
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व्हॉट्सऐप के जरिए आरोपी तक पहुंची पुलिस
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वर्कशॉप के मेकेनिक ने क्षतिग्रस्त कार की सूचना दी

द्वारका सेक्टर-23 में हवलदार की मौत का मामला

अमर उजाला ब्यूरो

नई दिल्ली। द्वारका सेक्टर-23 में सोमवार देर रात तेज रफ्तार एक कार ने पुलिस के बैरिकेड में टक्कर मार दी। इससे बैरिकेड उछलकर वाहनों की तलाशी ले रहे हवलदार गुलजारी लाल के मुंह पर जा लगा। इससे उनकी मौत हो गई। घटना इतनी तेजी से हुई कि मौके पर मौजूद पुलिसकर्मी कार की ठीक ढंग से पहचान नहीं कर पाए और न ही उसका नंबर नोट कर पाए, लेकिन पुलिसकर्मियों ने बताया कि कार का अगला हिस्सा बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया था। पुलिस के लिए उस कार की पहचान करना चुनौती का काम था। पुलिस ने द्वारका में सक्रिय कई व्हॉट्सऐप ग्रुप की मदद ली, जिसमें पुलिस ने लोगों से अपील की कि अगर किसी ने अपने आसपास कोई क्षतिग्रस्त कार देखी है, तो इसकी जानकारी पुलिस को दें। इसके अलावा पुलिसकर्मियों को अस्पताल और नर्सिंग होम पर नजर रखने के लिए कहा, ताकि कोई घायल व्यक्ति इलाज के लिए आता है, तो इससे पूछताछ की जा सके।
पुलिस ने वर्कशॉप मालिकों से भी व्हॉट्सऐप के जरिये संपर्क किया और कोई क्षतिग्रस्त कार आने पर इसकी सूचना देने के लिए कहा। दोपहर में पुलिस को पोचनपुर गांव के एक मेकेनिक से सूचना मिली कि एक क्षतिग्रस्त कार वर्कशॉप के बाहर खड़ी है। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और कार चालक नागेश को गिरफ्तार कर लिया। नागेश ने पुलिस को बताया कि घटना के समय वह गुुरुग्राम से अपने एक दोस्त से मिलकर आ रहा था। रात को जब पुलिसकर्मियों ने उसे रुकने का इशारा किया तो वह डर गया और उसने बैरिकेड को टक्कर मारते हुए वहां से फरार हो गया।
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राजकीय सम्मान के साथ श्रद्धांजलि दी
मृतक गुलजारी लाल के साथ काम करने वाले उनके सहयोगियों ने बताया कि वह ड्यूटी के प्रति काफी सजग थे। मूलत: राजस्थान के कोटपुतली के रहने वाले गुलजारी लाल 1990 में दिल्ली पुलिस में भर्ती हुए थे। पिछले महीने ही उनकी तैनाती द्वारका के सेक्टर 23 थाने में हुई थी। वह परिवार के साथ नजफगढ़ में रहते थे। परिवार में पत्नी, दो बेटे और एक बेटी है। परिजनों को शव सौंपने से पहले पुलिस अधिकारियों ने राजकीय सम्मान के साथ उन्हें श्रद्धांजलि दी। परिवार वाले शव कोटपुतली ले गए, जहां अंतिम संस्कार किया गया।
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