{"_id":"68791e4f0c6358b4aa0c775b","slug":"authority-will-search-for-its-own-people-involved-in-dumping-delhis-garbage-in-sector-89-noida-news-c-1-gnd1002-3178596-2025-07-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Noida News: सेक्टर-89 में दिल्ली का कूड़ा डलवाने में शामिल अपनों को तलाशेगा प्राधिकरण","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Noida News: सेक्टर-89 में दिल्ली का कूड़ा डलवाने में शामिल अपनों को तलाशेगा प्राधिकरण
विज्ञापन
एसीईओ ने कहा-पूरे प्रकरण की आंतरिक जांच हो रही, संलप्ततों को नहीं छोड़ेंगे
एमसीडी को भी जिम्मेदार एजेंसी पर कार्रवाई के लिए कहा गया
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। सेक्टर-89 के डूब क्षेत्र में अवैध रूप से दिल्ली का कूड़ा डलवाकर डंपिंग ग्राउंड बनाए जाने के प्रकरण में नोएडा प्राधिकरण का रुख सख्त है। यह पूरा फर्जीवाड़ा खुलने के बाद प्राधिकरण के इंजीनियर व सुपरवाइजर या सफाई निरीक्षक जिनकी निगरानी की जिम्मेदारी थी, उनकी भी कार्यशैली सवालों के घेरे में है। बृहस्पतिवार को प्राधिकरण के एसीईओ संजय खत्री ने सार्वजनिक रूप से स्पष्ट किया कि पूरे प्रकरण की आंतरिक जांच हो रही है। अगर कोई नोएडा प्राधिकरण से इसमें शामिल है तो उसे छोड़ा नहीं जाएगा। दूसरी तरफ एमसीडी को भी कार्रवाई के लिए कहा गया है। एमसीडी में भी निगरानी के जिम्मेदार इंजीनियर व एजेंसी संचालकों में अफरातफरी है।
प्राधिकरण की जांच में स्पष्ट हो गया है कि यहां पर डलवाया जाने वाला कूड़ा दिल्ली के गाजीपुर से लाया जा रहा था। यहां पर कूड़ा निस्तारण के लिए एमसीडी ने एजेंसी का चयन किया हुआ है। ठेकेदार मौके पर कूड़ा न निस्तारित कर और निस्तारण ज्यादा दिखाने के लिए कूड़ा डंपर में भरवाकर नोएडा भेज रहा था। यहां पर एक किसान से इसके लिए जमीन किराये पर ली गई थी। पिछले कई महीने से यह खेल चल रहा था। हजारों मीट्रिक टन कूड़ा ढोकर लगा दिया गया लेकिन प्राधिकरण के वह इंजीनियर जिनकी जिम्मेदारी भ्रमण कर क्षेत्र की सफाई व्यवस्था देखने की है वे इस अवैध डंपिंग ग्राउंड से अनजान बने हुए थे।
सेक्टर-25ए में भी अवैध रूप से डलवाया जा रहा कूड़ा
शहर के बीच नोएडा स्टेडियम व एडोबी चौराहे के सामने खाली पड़ी सेक्टर-25ए की जमीन पर भी अवैध रूप से कूड़ा डलवाए जाने की बात सामने आई है लेकिन यहां पर रात को कूड़ा और मलबा डाला जा रहा है। प्राधिकरण के एसीईओ संजय खत्री ने बताया कि यह शिकायत संज्ञान में है। इसके लिए निगरानी करवाई जा रही है। इसके साथ ही यहां डाला गया कूड़ा प्राधिकरण उठवाएगा। आगे चोरी से कोई भी वाहन कूड़ा डालने के लिए आए तो पकड़ा जाए। इसके लिए सीसीटीवी कैमरे भी लगवाए जाने के निर्देश दिए गए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
एमसीडी को भी जिम्मेदार एजेंसी पर कार्रवाई के लिए कहा गया
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। सेक्टर-89 के डूब क्षेत्र में अवैध रूप से दिल्ली का कूड़ा डलवाकर डंपिंग ग्राउंड बनाए जाने के प्रकरण में नोएडा प्राधिकरण का रुख सख्त है। यह पूरा फर्जीवाड़ा खुलने के बाद प्राधिकरण के इंजीनियर व सुपरवाइजर या सफाई निरीक्षक जिनकी निगरानी की जिम्मेदारी थी, उनकी भी कार्यशैली सवालों के घेरे में है। बृहस्पतिवार को प्राधिकरण के एसीईओ संजय खत्री ने सार्वजनिक रूप से स्पष्ट किया कि पूरे प्रकरण की आंतरिक जांच हो रही है। अगर कोई नोएडा प्राधिकरण से इसमें शामिल है तो उसे छोड़ा नहीं जाएगा। दूसरी तरफ एमसीडी को भी कार्रवाई के लिए कहा गया है। एमसीडी में भी निगरानी के जिम्मेदार इंजीनियर व एजेंसी संचालकों में अफरातफरी है।
प्राधिकरण की जांच में स्पष्ट हो गया है कि यहां पर डलवाया जाने वाला कूड़ा दिल्ली के गाजीपुर से लाया जा रहा था। यहां पर कूड़ा निस्तारण के लिए एमसीडी ने एजेंसी का चयन किया हुआ है। ठेकेदार मौके पर कूड़ा न निस्तारित कर और निस्तारण ज्यादा दिखाने के लिए कूड़ा डंपर में भरवाकर नोएडा भेज रहा था। यहां पर एक किसान से इसके लिए जमीन किराये पर ली गई थी। पिछले कई महीने से यह खेल चल रहा था। हजारों मीट्रिक टन कूड़ा ढोकर लगा दिया गया लेकिन प्राधिकरण के वह इंजीनियर जिनकी जिम्मेदारी भ्रमण कर क्षेत्र की सफाई व्यवस्था देखने की है वे इस अवैध डंपिंग ग्राउंड से अनजान बने हुए थे।
विज्ञापन
सेक्टर-25ए में भी अवैध रूप से डलवाया जा रहा कूड़ा
शहर के बीच नोएडा स्टेडियम व एडोबी चौराहे के सामने खाली पड़ी सेक्टर-25ए की जमीन पर भी अवैध रूप से कूड़ा डलवाए जाने की बात सामने आई है लेकिन यहां पर रात को कूड़ा और मलबा डाला जा रहा है। प्राधिकरण के एसीईओ संजय खत्री ने बताया कि यह शिकायत संज्ञान में है। इसके लिए निगरानी करवाई जा रही है। इसके साथ ही यहां डाला गया कूड़ा प्राधिकरण उठवाएगा। आगे चोरी से कोई भी वाहन कूड़ा डालने के लिए आए तो पकड़ा जाए। इसके लिए सीसीटीवी कैमरे भी लगवाए जाने के निर्देश दिए गए हैं।
विज्ञापन