{"_id":"5b7c549642c7924666421c1a","slug":"31534874774-noida-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"धरना--------------","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
धरना--------------
Updated Tue, 21 Aug 2018 11:36 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
फोटो....
मजदूरी न मिलने पर ठेकेदारों का अनिश्चितकालीन धरना शुरू
- सनवर्ल्ड बिल्डर ने झाड़ा पल्ला, कहा- कोर्ट में करो केस फाइल
अमर उजाला ब्यूरो
नोएडा। सेक्टर-107 स्थित सनवर्ल्ड वनालिका टावर के सामने करीब 24 से भी ज्यादा ठेकेदार धरने पर बैठे हैं। ठेकेदारों का आरोप है कि सनवर्ल्ड बिल्डर उनकी मजदूरी नहीं दे रहा है। बताया जा रहा है कि ठेकेदारों की करीब 70 लाख की मजदूरी है, जिसे लेने के लिए वे पिछले 2 साल से भटक रहे हैं।
ठेकेदार सोहन यादव ने बताया कि इन लोगों ने सनवर्ल्ड डेवलपर के यहां ओडियन बिल्डर के माध्यम से काम किया था। लेकिन मजदूरी रुकने पर सब ने 2014 में हड़ताल कर दी थी। उस दौरान सनवर्ल्ड डेवलपर से डायरेक्टर सौरव गुप्ता और वाईके गुप्ता ने कहा था कि काम करो पैसा हम देंगे। लेकिन 2016 तक कई ठेकेदारों की 2 लाख से 13 लाख तक की मजदूरी रुक गई। दूसरी ओर सनवर्ल्ड ने ओडियन को विदा कर दिया और ठेकेदारों को कहते रहे कि उनका एक-एक रुपया सभी को मिल जाएगा। वर्ष 2016 से ठेकेदार अपनी मजदूरी के लिए भटक रहे हैं। सभी बिल्डर से लेकर डीएलसी और डीएम के दफ्तर के चक्कर काटकर थक चुके हैं। वहीं धरने पर बैठे ठेकेदारों से बिल्डर की तरफ मिलने पहुंचे पुनीत सिंह ने सब को कोर्ट में मामला दायर करने को कहा।
विज्ञापन
मजदूरी न मिलने पर ठेकेदारों का अनिश्चितकालीन धरना शुरू
- सनवर्ल्ड बिल्डर ने झाड़ा पल्ला, कहा- कोर्ट में करो केस फाइल
अमर उजाला ब्यूरो
नोएडा। सेक्टर-107 स्थित सनवर्ल्ड वनालिका टावर के सामने करीब 24 से भी ज्यादा ठेकेदार धरने पर बैठे हैं। ठेकेदारों का आरोप है कि सनवर्ल्ड बिल्डर उनकी मजदूरी नहीं दे रहा है। बताया जा रहा है कि ठेकेदारों की करीब 70 लाख की मजदूरी है, जिसे लेने के लिए वे पिछले 2 साल से भटक रहे हैं।
ठेकेदार सोहन यादव ने बताया कि इन लोगों ने सनवर्ल्ड डेवलपर के यहां ओडियन बिल्डर के माध्यम से काम किया था। लेकिन मजदूरी रुकने पर सब ने 2014 में हड़ताल कर दी थी। उस दौरान सनवर्ल्ड डेवलपर से डायरेक्टर सौरव गुप्ता और वाईके गुप्ता ने कहा था कि काम करो पैसा हम देंगे। लेकिन 2016 तक कई ठेकेदारों की 2 लाख से 13 लाख तक की मजदूरी रुक गई। दूसरी ओर सनवर्ल्ड ने ओडियन को विदा कर दिया और ठेकेदारों को कहते रहे कि उनका एक-एक रुपया सभी को मिल जाएगा। वर्ष 2016 से ठेकेदार अपनी मजदूरी के लिए भटक रहे हैं। सभी बिल्डर से लेकर डीएलसी और डीएम के दफ्तर के चक्कर काटकर थक चुके हैं। वहीं धरने पर बैठे ठेकेदारों से बिल्डर की तरफ मिलने पहुंचे पुनीत सिंह ने सब को कोर्ट में मामला दायर करने को कहा।
विज्ञापन