फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Noida News ›   ई-बसों की खरीदारी के मामले में दिल्ली सरकार कर रही है साढ़े सात सौ करोड़ रुपये का घोटाला : अजय माकन

ई-बसों की खरीदारी के मामले में दिल्ली सरकार कर रही है साढ़े सात सौ करोड़ रुपये का घोटाला : अजय माकन

Sat, 21 Jul 2018 11:32 PM IST
Updated Sat, 21 Jul 2018 11:32 PM IST
विज्ञापन
ई-बसों की खरीदारी के मामले में दिल्ली सरकार कर रही है साढ़े सात सौ करोड़ रुपये का घोटाला : अजय माकन
ई-बसों की खरीदारी में बड़ा
विज्ञापन

घोटाला : अजय माकन
- प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने कोर्ट के निर्देश पर बनी समिति की रिपोर्ट का दिया हवाला
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने ई-बसों की खरीदारी में दिल्ली सरकार पर भारी घोटाला करने का आरोप लगाया है। कांग्रेस का कहना है कि दिल्ली सरकार भारी गड़बड़ी कर रही है। कांग्रेस ने इसके खिलाफ विभिन्न स्थानों पर दिल्ली सरकार की शिकायत करने का एलान भी किया।
शनिवार को पार्टी कार्यालय में संवाददाता सम्मेलन में अजय मकान ने कहा कि दिल्ली सरकार ने कैबिनेट बैठक रिकॉर्ड करने का फैसला किया था। दो कैबिनेट बैठक रिकॉर्ड हुईं, पर तीसरी बैठक में 11 जुलाई को रिकॉर्डिंग बंद करा दी गई। इसी बैठक में एक हजार ई-बस खरीदने की योजना को हरी झंडी दी गई थी और डिम्ट्स को सलाहकार बनाया गया था।
विज्ञापन

माकन ने कहा कि दिल्ली सरकार ने 7 मई को सुप्रीम कोर्ट में पर्यावरण की रक्षा के लिए ई-बस खरीदने की मंशा जाहिर की थी। सरकार ने बताया था कि 40 बसें खरीदने के लिए उसे 40 करोड़ की सब्सिडी मिल चुकी है। एक बस की कीमत ढाई करोड़ रुपये बताई गई थी। उधर, कोर्ट के निर्देश पर भूरेलाल समिति ने सरकार के दावे की जांच की तो पता चला कि सरकार ने तय समय सीमा में सब्सिडी से बस खरीदने के लिए टेंडर नहीं डाले। इस कारण उसको सब्सिडी नहीं मिलेगी। वहीं भूरेलाल समिति ने दावा किया कि ई-बस की कीमत एक करोड़ 75 लाख रुपये है। इस तरह भूरेलाल समिति ने सरकार के भ्रष्टचार का खुलासा किया। इस तरह एक हजार बसों की खरीद में 750 करोड़ रुपये का घोटाला होने जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

अजय माकन ने आरोप लगाया कि दिल्ली सरकार ने इन बसों के रखरखाव का अनुबंध करने में भी गड़बड़ी की है। इसी तरह परिवहन विभाग के डिम्ट्स को सलाहकार नियुक्त करने पर सवाल उठाया। आप सरकार ने अपने 49 दिन के कार्यकाल के दौरान डिम्ट्स का ऑडिट कराने पर जोर दिया था। इसके अलावा, दिल्ली जल बोर्ड के टैंकर घोटाले में जीपीएस इंस्टालेशन में डिम्ट्स को दोषी बताया जा चुका है और उसे काम से हटा दिया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed