IAS थर्ड टॉपर जसमीत ने एक खास शख्स को दिया अपनी सफलता का क्रेडिट
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संघ लोक सेवा परीक्षा में ऑल इंडिया में तीसरा स्थान प्राप्त करने वाले जसमीत अपनी इस कामयाबी का श्रेय माता-पिता व शिक्षकों के सहयोग को देते हैं।
जसमीत बीते साल 2014 में लोक सेवा परीक्षा में सफल हुए थे, उन्हें 332वीं रैंक मिली थी। जिसके आधार पर वह भारतीय राजस्व सेवा के लिए चयनित हुए थे।
वर्तमान में वह फरीदाबाद स्थित राष्ट्रीय सीमा शुल्क उत्पाद एवं नारकोटिक्स अकादमी में ट्रेनिंग ले रहे हैं। अपनी रैंक को सुधारने के लिए वह दोबारा परीक्षा में बैठे। इस साल उनका चौथा प्रयास था और इसकी बदौलत उन्हें देशभर में तीसरी रैंक मिली।
कामयाबी में शिक्षकों और परिवार का अहम योगदान
जसमीत सफलता का मूल मंत्र कड़ी मेहनत को बताते हैं। जसमीत के मुताबिक उनकी कामयाबी में माता-पिता और शिक्षकों का योगदान है। मेरे परिवार से मुझे काफी सहयोग मिला।
जिसके कारण वह हार नहीं माने और लगातार प्रयास करते रहे। वह अपनी सफलता का श्रेय देने में कोचिंग शिक्षक मुकुल पाठक का नाम नहीं भूले। संधू कहते हैं कि उन्हीं के कारण वह तीसरा स्थान हासिल कर सके।
कड़ी मेहनत से बड़े से बड़े लक्ष्य को पार किया जा सकता है। इसके लिए आशावादी होना भी जरूरी है। जसमीत के पिता भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद आईसीएआर में काम करते हैं। ऑल इंडिया में तीसरा स्थान प्राप्त करने पर उनके घर पर बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है।