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रेलवे स्टेशन पर रिजर्वेशन के लिए मारामारी
ब्यूरो/अमर उजाला, गुड़गांव
Updated Sat, 10 May 2014 08:39 PM IST
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साइबर सिटी के रेलवे स्टेशन पर रिजर्वेशन के लिए मारामारी चल रही है। पुलिस के जवानों के घिरे यात्री आपाधापी में नंबरों के लिए दौड़ते दिखते हैं। कोई एक-दूसरे से टकराकर गिर रहा होता है तो कोई पुलिस का डंडा खा रहा होता है। अल सुबह को अमर उजाला संवाददाता ने जायजा लिया तो देखने से ऐसा लग रहा था मानों यहां यात्री नहीं बल्कि कैदी अपनी बारी का इंतजार कर रहे हैं।
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तड़के तीन बजे ही लग जाती है लाइन
तड़के तीन बजे ही रिजर्वेशन काउंटर पर लाइन लगनी शुरू हो जाती है। पांच बजते-बजते तो लाइन इतनी लंबी हो जाती है कि उनका नंबर काउंटर खुलने के एक घंटे तक आता ही नहीं। इतना ही नहीं रिजर्वेशन बुकिंग काउंटर की जगह यात्रियों को ऑटो स्टैंड के पास लाइन लगानी पड़ती है। इसके बाद पांच बजे इन्हें काउंटर के बाहर लगाया गया।
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लाइन में भी होता है ब्लैक
ताज्जुब की बात तो यह है कि लाइन में लगने के लिए भी यात्रियों को ब्लैक करनी पड़ती है। कुछ यात्रियों ने बताया कि आगे के दस नंबरों के लिए 200 से 500 रुपये तक चार्ज करने पड़ते हैं। इसमें स्टेशन पर आसपास के लोग सुबह अपने किराये के गुर्गों की ड्यूटी लगा देते हैं। इतना ही नहीं इसमें आरपीएफ की भी पूरी साठगांठ होती है।
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लाइन से ही निकाल दिया
सुबह 5.15 बजे मुंबई के लिए रिजर्वेशन टिकट लेने के लिए आए विमल कुमार को आरपीएफ ने लाइन से निकाल दिया। जब उसने विरोध किया तो आरपीएफ के एक जवान ने उसे डंडा मार दिया। ऐसे में कई दूसरे लोग लाइन में घुस गए।
बैक डोर से होती है एंट्री
रिजर्वेशन काउंटर पर पिछली खिड़की से टिकटों की कालाबाजारी भी धड़ल्ले से होती है। इसमें रिजर्वेशन काउंटर के कर्मचारियों के साथ दलालों की साठगांठ में यह खेल चल रहा है। कई चेहरे हर सुबह यहां पर दिखाई देते हैं जो टिकटों का बंडल बनाकर बड़े रोब के साथ यहां से जाते हैं।