फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Gurugram News ›   Who is Congress MLA Mamman Khan arrested in Nuh violence

अर्श से फर्श तक की कहानी: मामन खान ने ऐसे किया विधायकी तक का सफर, नूंह हिंसा में हुई गिरफ्तारी

Fri, 15 Sep 2023 08:30 PM IST
अनुज कुमार अमर उजाला नेटवर्क, गुरुग्राम
अमर उजाला नेटवर्क, गुरुग्राम Published by: अनुज कुमार Updated Fri, 15 Sep 2023 08:30 PM IST
सार

नूंह हिंसा के मामले में कांग्रेस विधायक मामन खान को गिरफ्तार किया गया है। पिता के ऊंचे रसूख के कारण डीएलएफ कंपनी में नौकरी भी की। डीएलएफ कंपनी में नौकरी करके अपना करियर शुरू किया था। 

विज्ञापन
Who is Congress MLA Mamman Khan arrested in Nuh violence
कांग्रेस विधायक मामन खान - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

फिरोजपुर झिरका से विधायक मामन खान इंजीनियर कभी रोड़ी-बदरपुर की सप्लाई करता था। पिता के ऊंचे रसूख के कारण डीएलएफ कंपनी में नौकरी भी की। इसी दौरान रियल एस्टेट से जुडे़ लोगों के करीब आया और पैसा कमाता चला गया। राजनीति में आने के लिए सबसे पहले निर्दलीय चुनाव लड़ा, मगर हार गया। एक बार कांग्रेस के टिकट से भी हार का मुंह देखना पड़ा। कांग्रेस ने दूसरी बार भी उसी पर दाव लगाया तो वह विधानसभा तक पहुंच गया।
विज्ञापन

 

मूल रूप से फिरोजपुर झिरका के भादस गांव के रहने वाले मामन खा के पिता वक्फ बोर्ड में संपदा अधिकारी थे। उनके रसूख के चलते डीएलएफ कंपनी में मामन को नौकरी मिली। नौकरी पर रहने के दौरान पहली बार निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में विधानसभा चुनाव लड़ा था। जिस दौरान उसे अच्छे मत मिले थे। 

विज्ञापन
विज्ञापन

हालांकि यह चुनाव वह हार गया था। उसके मिलने वाले मतों की अच्छी खासी संख्या को देखकर कांग्रेस ने टिकट दिया था। जिसमें उसे हार का सामना करना पड़ा। इसके बाद कांग्रेस ने फिर से मामन पर ही दाव लगाया। कांग्रेस में मामन खान अपनी गहरी पैठ बना चुका है। वह राबर्ट वाड्रा का भी काफी करीबी बताया जाता है।

विज्ञापन

मामन को राजस्थान से किया गिरफ्तार
हरियाणा पुलिस ने फिरोजपुर झिरका से कांग्रेस विधायक मामन खान को नूंह हिंसा की साजिश रचने के मामले में राजस्थान से गिरफ्तार किया था। एडीजीपी ममता सिंह ने इसकी जानकारी दी थी। हरियाणा सरकार ने नूंह जिले में शुक्रवार यानी 15 सितंबर सुबह 10 बजे से 16 सितंबर की रात 12 बजे तक मोबाइल इंटरनेट अस्थायी रूप से निलंबित कर दी गई हैं।

तीन ही दिनों में कर दी मोनू-मामन की गिरफ्तारी
नूंह हिंसा में माेनू मानेसर का नाम ज्यादा सक्रियता से सामने आया था। ऐसे में पहले उसकी गिरफ्तारी जरूरी थी। दूसरी ओर कहीं नूंह हिंसा का मामला अंतरराष्ट्रीय स्तर पर न फैल जाए, पुलिस को इसका भी ध्यान रखना था। नूंह के तावडू में जी-20 सम्मेलन के कारण सबूत मिलने के बाद भी पुलिस इन दोनों ही मामलों में पूरी तरह से चुप्पी साधे रही।

विशेष बात यह थी कि दोनों ही आरोपी भूमिगत थे, लेकिन पुलिस को उनके पल-पल की जानकारी थी। यही कारण रहा कि 12 सितंबर को जहां पुलिस ने गुरुग्राम के आईएमटी-1 से मोनू मानेसर को धर दबोचा, वहीं उसकी गिरफ्तारी के ठीक तीन दिन बाद भूमिगत हुए विधायक मामन खान को भी जयपुर से गिरफ्तार कर लिया।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed