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Gurugram News: चेक बाउंस के मामले में तीन माह कैद व आठ लाख जुर्माना
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संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। अतिरिक्त सत्र एवं न्यायाधीश तरुण सिंघल की अदालत ने चेक बाउंस के मामले में निचली अदालत के आदेश को बरकरार रखते हुए दोषी को तीन माह की सजा के साथ आठ लाख रुपए जुर्माने का भुगतान शिकायतकर्ता सावित्री तंवर को करने का आदेश दिया है।
14 अक्तूबर 2016 को प्रेमलता ने सावित्री तंवर से कारोबार चलाने के लिए आठ लाख रुपये लिए थे। बाद में प्रेमलता ने यह पैसे वापस करने के लिए सावित्री तंवर को 5.5 लाख रुपये का चेक दिया जो क्लीयर नहीं हुआ। बैंक से जानकारी लेने पर पता चला कि चेक वाला खाता बंद हो चुका है। सावित्री तंवर ने प्रेमलता के खिलाफ अदालत में केस दायर कर दिया था। 30 अगस्त 2019 को तत्कालीन न्यायिक मजिस्ट्रेट विवेक तोमर की अदालत ने प्रेमलता को दोषी करार देते हुए तीन माह की कैद व आठ लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई थी। प्रेमलता ने निचली अदालत के फैसले को उच्च अदालत में चुनौती दी थी। अदालत ने इस मामले में निचली अदालत के फैसले को ही बरकरार रखा है। हालांकि दोषी प्रेमलता एक लाख 60 हजार रुपयेे का भुगतान पहले ही सावित्री तंवर को कर चुकी हैं।
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गुरुग्राम। अतिरिक्त सत्र एवं न्यायाधीश तरुण सिंघल की अदालत ने चेक बाउंस के मामले में निचली अदालत के आदेश को बरकरार रखते हुए दोषी को तीन माह की सजा के साथ आठ लाख रुपए जुर्माने का भुगतान शिकायतकर्ता सावित्री तंवर को करने का आदेश दिया है।
14 अक्तूबर 2016 को प्रेमलता ने सावित्री तंवर से कारोबार चलाने के लिए आठ लाख रुपये लिए थे। बाद में प्रेमलता ने यह पैसे वापस करने के लिए सावित्री तंवर को 5.5 लाख रुपये का चेक दिया जो क्लीयर नहीं हुआ। बैंक से जानकारी लेने पर पता चला कि चेक वाला खाता बंद हो चुका है। सावित्री तंवर ने प्रेमलता के खिलाफ अदालत में केस दायर कर दिया था। 30 अगस्त 2019 को तत्कालीन न्यायिक मजिस्ट्रेट विवेक तोमर की अदालत ने प्रेमलता को दोषी करार देते हुए तीन माह की कैद व आठ लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई थी। प्रेमलता ने निचली अदालत के फैसले को उच्च अदालत में चुनौती दी थी। अदालत ने इस मामले में निचली अदालत के फैसले को ही बरकरार रखा है। हालांकि दोषी प्रेमलता एक लाख 60 हजार रुपयेे का भुगतान पहले ही सावित्री तंवर को कर चुकी हैं।
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