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Gurugram News: बिजली चोरी का आरोप गलत, 1.42 लाख जुर्माना वापस करे विभाग
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जुर्माने की रकम पर ब्याज की मांग को लेकर अदालत में की अपील
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। बिजली चोरी के तीन साल पुराने मामले में अदालत ने आरोपी उपभोक्ता को दोष मुक्त करते हुए बिजली विभाग को वसूली गई जुर्माने की रकम 1.42 लाख रुपये वापस करने को कहा है। पीड़ित ने अदालत में इस फैसले के बाद अपील की है कि उसे जुर्माने की रकम पर ब्याज भी अदा करवाई जाए। गांव हरचंदपुर के रहने वाले धर्मेंद्र के यहां 27 जुलाई 2020 को बिजली विभाग की एक टीम चेकिंग के लिए आई थी। आरोप लगाया कि वह मीटर को बाईपास करके बिजली चोरी कर रहा है। इसी के साथ धर्मेंद्र पर 1.42 लाख रुपये जुर्माना भी ठोक दिया।
धर्मेंद्र के अधिवक्ता क्षितिज मेहता ने बताया कि बिजली कनेक्शन कट जाने के डर से उसने जुर्माना भर दिया। इसके बाद अदालत का दरवाजा खटखटाया। अधिवक्ता का कहना है कि अदालत में मामला चला, लेकिन बिजली निगम अदालत में बिजली चोरी का मामला साबित नहीं कर सका। जिस पर अदालत ने बिजली चोरी के मामले को गलत करार देते हुए बिजली निगम को जुर्माने की रकम वापस करने को कहा।
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अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। बिजली चोरी के तीन साल पुराने मामले में अदालत ने आरोपी उपभोक्ता को दोष मुक्त करते हुए बिजली विभाग को वसूली गई जुर्माने की रकम 1.42 लाख रुपये वापस करने को कहा है। पीड़ित ने अदालत में इस फैसले के बाद अपील की है कि उसे जुर्माने की रकम पर ब्याज भी अदा करवाई जाए। गांव हरचंदपुर के रहने वाले धर्मेंद्र के यहां 27 जुलाई 2020 को बिजली विभाग की एक टीम चेकिंग के लिए आई थी। आरोप लगाया कि वह मीटर को बाईपास करके बिजली चोरी कर रहा है। इसी के साथ धर्मेंद्र पर 1.42 लाख रुपये जुर्माना भी ठोक दिया।
धर्मेंद्र के अधिवक्ता क्षितिज मेहता ने बताया कि बिजली कनेक्शन कट जाने के डर से उसने जुर्माना भर दिया। इसके बाद अदालत का दरवाजा खटखटाया। अधिवक्ता का कहना है कि अदालत में मामला चला, लेकिन बिजली निगम अदालत में बिजली चोरी का मामला साबित नहीं कर सका। जिस पर अदालत ने बिजली चोरी के मामले को गलत करार देते हुए बिजली निगम को जुर्माने की रकम वापस करने को कहा।
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