{"_id":"606f44788ebc3ec79c6af9b6","slug":"parents-adamant-on-not-paying-tuition-fees-and-annual-fees-gurgaon-news-noi575965878","type":"story","status":"publish","title_hn":"मौर्या स्कूल पर अभिभावकों ने किया प्रदर्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मौर्या स्कूल पर अभिभावकों ने किया प्रदर्शन
विज्ञापन
द मौर्या स्कूल प्रबंधन की मनमानी के खिलाफ प्रदर्शन करते अभिभावक।
- फोटो : Gurgaon
गुरुग्राम। निजी स्कूलों द्वारा ट्यूशन फीस के साथ ही वार्षिक शुल्क जमा कराने का मामला लगातार बढ़ता जा रहा है। शहर के कई स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों के अभिभावक स्कूल प्रबंधन की मनमानी के खिलाफ सड़क पर उतरकर प्रदर्शन करने को मजबूर हैं। बृहस्पतिवार को शहर के पालम विहार क्षेत्र स्थित द मौर्या स्कूल के आगे लगभग 175 अभिभावकों ने एकत्र होकर स्कूल प्रबंधन की मनमानी के खिलाफ प्रदर्शन किया लेकिन स्कूल प्रबंधन न तो रिपोर्ट कार्ड देने के लिए तैयार हुआ और न ही अभिभावकों से बातचीत करने की पहल की।
प्रदर्शन कर रहे अभिभावकों ने स्कूल प्रबंधन से मिलने के लिए भी कहा लेकिन प्राचार्या या उपप्राचार्या सहित प्रबंधन का कोई सदस्य अभिभावकों से बात करने नहीं पहुंचा। सिर्फ 5 अभिभावकों को अंदर बुलाकर अपने वकीलों से मिलवाया। प्रदर्शन में शामिल अभिभावक स्वमित्र श्रीवास्तव ने बताया कि बच्चों की ट्यूशन फीस हम स्कूल को जमा करा चुके हैं, लेकिन स्कूल द्वारा वार्षिक शुल्क भी मांगे जा रहे हैं। लेकिन जब उनके बच्चे पूरे सत्र में स्कूल आए ही नहीं तो वे शुल्क क्यों जमा कराएं। लेकिन स्कूल प्रबंधन ने मनमानी करके उनके बच्चों के रिपोर्ट कार्ड नहीं दिए हैं और रिपोर्ट कार्ड देने की एवज में वार्षिक शुल्क जमा कराने के बारे में कहा जा रहा है।
इस संदर्भ में जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी के कार्यालय में शिकायत कर चुके हैं, लेकिन उनकी समस्या का कोई समाधान नहीं हो सका। वहीं, गत दिवस गुरुग्राम के उपायुक्त को अवगत कराया गया है। बृहस्पति को द मौर्या स्कूल के आगे प्रदर्शन करने वालों में दीप सिंह, सचिन गुप्ता, खगेस खेरा, हिमांशु शर्मा, रविन्द्र कौर, मौसमी, गीतिका, राजेश कसोटी, पूजा गोयल, रेणू नाहर, विजय वर्मा, अंजू सक्सेना, कपिल दुआ और रॉबिन सेठी सहित काफी संख्या में अभिभावक मौजूद रहे। सभी अभिभावकों ने मास्क लगाकर और सामाजिक दूरी का ध्यान रखते हुए प्रदर्शन किया गया।
विज्ञापन
खुद बात न कर वकीलों से बात करवा रहे
अभिभावकों ने बताया कि स्कूल प्रबंधन अपनी मनमानी करने पर तुला हुआ है। स्कूल की प्राचार्या शालिनी बजाज और उपप्राचार्या गरिमा स्वयं अभिभावकों से बात न करके स्कूल में मौजूद वकीलों से बात करवा रही हैं। अभिभावकों को ट्यूशन फीस के साथ ही वार्षिक शुल्क जमा कराने सहित बढ़ी फीस जमा कराने का दबाव बनाया जा रहा है। जहां बच्चों के रिपोर्ट कार्ड नहीं दिए हैं, वहीं कई बच्चों को ऑनलाइन कक्षा के ग्रुप से भी हटा दिया गया है। जब इस संदर्भ में द मौर्या स्कूल की प्राचार्या शालिनी बजाज एवं उपप्राचार्या गरिमा से बात करनी चाही तो उन्होंने अभिभावकों और पत्रकारों से बात करने के लिए मना कर दिया।
विज्ञापन
प्रदर्शन कर रहे अभिभावकों ने स्कूल प्रबंधन से मिलने के लिए भी कहा लेकिन प्राचार्या या उपप्राचार्या सहित प्रबंधन का कोई सदस्य अभिभावकों से बात करने नहीं पहुंचा। सिर्फ 5 अभिभावकों को अंदर बुलाकर अपने वकीलों से मिलवाया। प्रदर्शन में शामिल अभिभावक स्वमित्र श्रीवास्तव ने बताया कि बच्चों की ट्यूशन फीस हम स्कूल को जमा करा चुके हैं, लेकिन स्कूल द्वारा वार्षिक शुल्क भी मांगे जा रहे हैं। लेकिन जब उनके बच्चे पूरे सत्र में स्कूल आए ही नहीं तो वे शुल्क क्यों जमा कराएं। लेकिन स्कूल प्रबंधन ने मनमानी करके उनके बच्चों के रिपोर्ट कार्ड नहीं दिए हैं और रिपोर्ट कार्ड देने की एवज में वार्षिक शुल्क जमा कराने के बारे में कहा जा रहा है।
विज्ञापन
इस संदर्भ में जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी के कार्यालय में शिकायत कर चुके हैं, लेकिन उनकी समस्या का कोई समाधान नहीं हो सका। वहीं, गत दिवस गुरुग्राम के उपायुक्त को अवगत कराया गया है। बृहस्पति को द मौर्या स्कूल के आगे प्रदर्शन करने वालों में दीप सिंह, सचिन गुप्ता, खगेस खेरा, हिमांशु शर्मा, रविन्द्र कौर, मौसमी, गीतिका, राजेश कसोटी, पूजा गोयल, रेणू नाहर, विजय वर्मा, अंजू सक्सेना, कपिल दुआ और रॉबिन सेठी सहित काफी संख्या में अभिभावक मौजूद रहे। सभी अभिभावकों ने मास्क लगाकर और सामाजिक दूरी का ध्यान रखते हुए प्रदर्शन किया गया।
विज्ञापन
खुद बात न कर वकीलों से बात करवा रहे
अभिभावकों ने बताया कि स्कूल प्रबंधन अपनी मनमानी करने पर तुला हुआ है। स्कूल की प्राचार्या शालिनी बजाज और उपप्राचार्या गरिमा स्वयं अभिभावकों से बात न करके स्कूल में मौजूद वकीलों से बात करवा रही हैं। अभिभावकों को ट्यूशन फीस के साथ ही वार्षिक शुल्क जमा कराने सहित बढ़ी फीस जमा कराने का दबाव बनाया जा रहा है। जहां बच्चों के रिपोर्ट कार्ड नहीं दिए हैं, वहीं कई बच्चों को ऑनलाइन कक्षा के ग्रुप से भी हटा दिया गया है। जब इस संदर्भ में द मौर्या स्कूल की प्राचार्या शालिनी बजाज एवं उपप्राचार्या गरिमा से बात करनी चाही तो उन्होंने अभिभावकों और पत्रकारों से बात करने के लिए मना कर दिया।