{"_id":"614f60048ebc3e04c222be29","slug":"investors-demonstrated-for-not-getting-flats-gurgaon-news-noi606761763","type":"story","status":"publish","title_hn":"फ्लैट नहीं मिलने पर निवेशकों ने किया प्रदर्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
फ्लैट नहीं मिलने पर निवेशकों ने किया प्रदर्शन
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गुरुग्राम। सेक्टर-91 में स्थित फर्नहिल सोसाइटी के खरीदारों ने शनिवार को कॉलोनाइजर के खिलाफ करार पूरा नहीं करने का आरोप लगाकर प्रदर्शन किया। लोगों का आरोप है कि अंसल करार के मुताबिक निवेशकों से किया एक भी वादा पूरा नहीं कर पाया। अंसल की ओर से निवेशकों को मार्च 2018 में फ्लैट्स देने थे लेकिन आज तक निवेशकों को फ्लैट्स नहीं मिल पाए। बार-बार लोगों को फ्लैट्स देने का आश्वासन अंसल की ओर से दिया जाता रहा। बाद में कॉलोनाइजर ने फंड न होने का बहाना बनाकर फ्लैट्स का निर्माण ही रोक दिया। लोगों का आरोप है कि अंसल उनसे 90 प्रतिशत पैसा वसूल चुका है। इसके बाद भी फ्लैट्स का काम पूरा नहीं किया गया।
2010 में की थी फ्लैट्स की बुकिंग
जमा पूंजी लगा चुके निवेशकों ने बताया कि 2010 में अंसल के फ्लैट्स के लिए बुकिंग शुुरू की थी। फ्लैट्स मिलने का इंतजार कर रहे मुनीष अबरोल ने बताया कि 2014 तक अंसल ने किसी तरह की निर्माण गतिविधि शुरू नहीं की। करार के मुताबिक अंसल को 2010 में ही बिल्डर-बायर एग्रीमेंट देना था लेकिन लोगों के चक्कर लगवा-लगवाकर असंल ने एग्रीमेंट ही 2014 में दिया। इस साल तक बिल्डर निवेशकों से 30 से 40 प्रतिशत राशि जमा करा चुके थे। करार के मुताबिक यहां 15 मंजिला 14 टावर बनाए जाने थे लेकिन बाद में अंसल ने 13 मंजिला छह टावरों का ही निर्माण शुरू किया। दो मंजिल के लिए जिन लोगों से पैसा ले लिया गया था, उन्हें दूसरे स्थान पर दूसरे टावर में फ्लैट्स देने का आश्वासन दिया गया। यहां अंसल ने निवेशकों के साथ धोखा कर उनसे ज्यादा वसूली की। मुनीष ने बताया कि 22 विला तैयार करने थे, लेकिन अभी तक एक भी खुदाई तक नहीं की गई। अंसल कई निवेशकों से 105 फीसदी राशि वसूल चुका है।
हरेरा के निर्देश के बाद भी नहीं हुआ काम
मुनीष ने बताया कि वर्ष 2018 में हरियाणा रियल एस्टेट रेगुलेटरी अथॉरिटी (हरेरा) में बिल्डर की शिकायत की। शिकायत के बाद हरेरा अधिकारियों ने बिल्डर को निवेशकों के पैसे लौटाने का निर्देश दिया था लेकिन आज तक बिल्डर ने न पैसे लौटाए और न ही फ्लैट्स दिए।
विज्ञापन
विज्ञापन
2010 में की थी फ्लैट्स की बुकिंग
जमा पूंजी लगा चुके निवेशकों ने बताया कि 2010 में अंसल के फ्लैट्स के लिए बुकिंग शुुरू की थी। फ्लैट्स मिलने का इंतजार कर रहे मुनीष अबरोल ने बताया कि 2014 तक अंसल ने किसी तरह की निर्माण गतिविधि शुरू नहीं की। करार के मुताबिक अंसल को 2010 में ही बिल्डर-बायर एग्रीमेंट देना था लेकिन लोगों के चक्कर लगवा-लगवाकर असंल ने एग्रीमेंट ही 2014 में दिया। इस साल तक बिल्डर निवेशकों से 30 से 40 प्रतिशत राशि जमा करा चुके थे। करार के मुताबिक यहां 15 मंजिला 14 टावर बनाए जाने थे लेकिन बाद में अंसल ने 13 मंजिला छह टावरों का ही निर्माण शुरू किया। दो मंजिल के लिए जिन लोगों से पैसा ले लिया गया था, उन्हें दूसरे स्थान पर दूसरे टावर में फ्लैट्स देने का आश्वासन दिया गया। यहां अंसल ने निवेशकों के साथ धोखा कर उनसे ज्यादा वसूली की। मुनीष ने बताया कि 22 विला तैयार करने थे, लेकिन अभी तक एक भी खुदाई तक नहीं की गई। अंसल कई निवेशकों से 105 फीसदी राशि वसूल चुका है।
विज्ञापन
हरेरा के निर्देश के बाद भी नहीं हुआ काम
मुनीष ने बताया कि वर्ष 2018 में हरियाणा रियल एस्टेट रेगुलेटरी अथॉरिटी (हरेरा) में बिल्डर की शिकायत की। शिकायत के बाद हरेरा अधिकारियों ने बिल्डर को निवेशकों के पैसे लौटाने का निर्देश दिया था लेकिन आज तक बिल्डर ने न पैसे लौटाए और न ही फ्लैट्स दिए।
विज्ञापन