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एक सीट के लिए विश्व भर के छात्रों में थी होड़, गुरुग्राम की शुभावी ने किया कब्जा
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शुभावी आर्या।
- फोटो : Gurgaon
गुरुग्राम। सेक्टर-14 में रहने वाली शुभावी आर्य ने विश्व में गुरुग्राम जिले का गौरव बढ़ाया है। शुभावी विश्व की एकमात्र ऐसी छात्रा बनी हैं, जिनका कंप्यूटर साइंस में पीएचडी के लिए अमेरिका की इंडियाना यूनिवर्सिटी में आरक्षित केवल एक सीट पर दाखिला हुआ है।
इसके लिए उनको करीब ढाई करोड़ रुपये की स्कॉलरशिप मिलेगी। वह फिलहाल अमेरिका के मिनयापोलिस शहर में यूनिवर्सिटी ऑफ मिनीसोटा में बीएससी साइंस (कंप्यूटर साइंस एंड साइक्लॉजी) की अंतिम वर्ष की छात्रा हैं।
जिला उपायुक्त डॉ. यश गर्ग ने शुभावी की इस उपलब्धि पर उन्हें शुभकामनाएं दी हैं और कहा है कि ऐसे विद्यार्थी दूसरों के लिये प्रेरणा स्रोत होते हैं। शुभावी आर्य ने प्रारंभिक शिक्षा गुरुग्राम के डीएवी पब्लिक स्कूल सेक्टर-14 में हासिल की और उसके बाद वे श्रीराम स्कूल गुरुग्राम की भी छात्रा रहीं। उनके पिता जयबीर सिंह आर्य मौजूदा समय में भिवानी के जिला उपायुक्त हैं और वे गुरुग्राम में अतिरिक्त श्रमायुक्त, हरियाणा राज्य परिवहन गुरुग्राम डिपो के महाप्रबंधक, जीएमडीए में अतिरिक्त सीईओ सहित विभिन्न पदों पर सेवाएं दे चुके हैं।
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एक सीट के लिए विश्व भर के छात्रों में थी होड़
कंप्यूटर साइंस में रिसर्च के लिए निर्धारित महज एक सीट के लिए पूरे विश्वभर से विद्यार्थियों ने भाग लिया था, जिसमें मेरिट के आधार पर शुभावी का चयन हुआ है। पांच वर्षीय इस कोर्स में शुभावी कंप्यूटर साइंस में अपनी दो साल की मास्टर डिग्री पूरी करने के साथ-साथ पीएचडी भी करेंगी। इंडियाना यूनिवर्सिटी अमेरिका के ब्लूमिंगटन शहर में स्थित है।
यह यूनिवर्सिटी 100 साल पुरानी है, जिसकी स्थापना 1820 में हुई थी। इसका कैंपस करीब 1937 एकड़ में फैला है। यूनिवर्सिटी में विश्वभर से 43 हजार विद्यार्थी पढ़ाई कर रहे हैं। अमेरिका की इस यूनिवर्सिटी में विभिन्न क्षेत्रों के नौ नोबेल पुरस्कार विजेता प्रोफेसर अध्यापन कर रहे हैं। इससे पहले शुभावी कनेडियन इंटरनेशनल स्कूल, सिंगापुर के मिडल इयर प्रोग्राम के तहत कक्षा 9 वीं और 10 वीं के दौरान भी 63 हजार सिंगापुर डॉलर की स्कॉलरशिप हासिल कर चुकी हैं।
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इसके लिए उनको करीब ढाई करोड़ रुपये की स्कॉलरशिप मिलेगी। वह फिलहाल अमेरिका के मिनयापोलिस शहर में यूनिवर्सिटी ऑफ मिनीसोटा में बीएससी साइंस (कंप्यूटर साइंस एंड साइक्लॉजी) की अंतिम वर्ष की छात्रा हैं।
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जिला उपायुक्त डॉ. यश गर्ग ने शुभावी की इस उपलब्धि पर उन्हें शुभकामनाएं दी हैं और कहा है कि ऐसे विद्यार्थी दूसरों के लिये प्रेरणा स्रोत होते हैं। शुभावी आर्य ने प्रारंभिक शिक्षा गुरुग्राम के डीएवी पब्लिक स्कूल सेक्टर-14 में हासिल की और उसके बाद वे श्रीराम स्कूल गुरुग्राम की भी छात्रा रहीं। उनके पिता जयबीर सिंह आर्य मौजूदा समय में भिवानी के जिला उपायुक्त हैं और वे गुरुग्राम में अतिरिक्त श्रमायुक्त, हरियाणा राज्य परिवहन गुरुग्राम डिपो के महाप्रबंधक, जीएमडीए में अतिरिक्त सीईओ सहित विभिन्न पदों पर सेवाएं दे चुके हैं।
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एक सीट के लिए विश्व भर के छात्रों में थी होड़
कंप्यूटर साइंस में रिसर्च के लिए निर्धारित महज एक सीट के लिए पूरे विश्वभर से विद्यार्थियों ने भाग लिया था, जिसमें मेरिट के आधार पर शुभावी का चयन हुआ है। पांच वर्षीय इस कोर्स में शुभावी कंप्यूटर साइंस में अपनी दो साल की मास्टर डिग्री पूरी करने के साथ-साथ पीएचडी भी करेंगी। इंडियाना यूनिवर्सिटी अमेरिका के ब्लूमिंगटन शहर में स्थित है।
यह यूनिवर्सिटी 100 साल पुरानी है, जिसकी स्थापना 1820 में हुई थी। इसका कैंपस करीब 1937 एकड़ में फैला है। यूनिवर्सिटी में विश्वभर से 43 हजार विद्यार्थी पढ़ाई कर रहे हैं। अमेरिका की इस यूनिवर्सिटी में विभिन्न क्षेत्रों के नौ नोबेल पुरस्कार विजेता प्रोफेसर अध्यापन कर रहे हैं। इससे पहले शुभावी कनेडियन इंटरनेशनल स्कूल, सिंगापुर के मिडल इयर प्रोग्राम के तहत कक्षा 9 वीं और 10 वीं के दौरान भी 63 हजार सिंगापुर डॉलर की स्कॉलरशिप हासिल कर चुकी हैं।