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15 तक चलेगा डायरिया जागरूकता पखवाड़ा
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गुरुग्राम। जिले में डायरिया की जांच के लिए एक जुलाई से डायरिया नियंत्रण पखवाड़ा चलाया जा रहा है, जिसके तहत अब तक ओआरएस घोल के 15786 पैकेट वितरित किए जा चुके हैं। यह जानकारी बुधवार को जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. एमपी सिंह ने दी। डॉ. एमपी सिंह ने बताया कि जिले में 15 जुलाई तक डायरिया नियंत्रण पखवाड़ा चलाया जाएगा। उन्होंने बताया कि पांच साल तक के बच्चों में मृत्यु का मुख्य कारण डायरिया है, इसके जल्द उपचार से शिशु मृत्यु दर में कमी लाई जा सकती है।
इसी के तहत जिले में ग्राम स्तर पर 6 माह से पांच साल तक के बच्चों के घरों में ओआरएस पैकेट का वितरण किया जा रहा है। पखवाड़ा के तहत एएनएम, आशा वर्कर और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता घर-घर जाकर लोगों को ओआरएस तथा जिंक टैबलेट के महत्व के बारे में बता रहे हैं। साथ ही उसके प्रयोग, स्वच्छता, डायरिया की वजहों की पहचान आदि के बारे जागरूक किया जा रहा है। डॉ. एमपी सिंह ने कहा कि बारिश के मौसम में स्वच्छता के अभाव में अधिकांश बच्चे डायरिया से प्रभावित होते हैं।
इस तरह करें डायरिया से बचाव
बारिश के मौसम में सड़ी-गली सब्जियों व फलो में डायरिया के कीटाणु पाए जाते हैं, इसलिए यह जरूरी है कि हमें डायरिया से बचाव के लिए ताजा फल व सब्जियां खरीदकर उन्हें अच्छी तरह से धोकर ही इस्तेमाल में लाना चाहिए। इसके साथ ही हमें अपने घर में साफ सफाई का विशेष ध्यान रखना चाहिए। गंदगी होने पर मक्खियां पनपती हैं और मक्खी डायरिया का प्रमुख वाहक है। डायरिया से बचाव के लिए अपने घर व आसपास के क्षेत्र में साफ-सफाई जरूरी है।
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इसी के तहत जिले में ग्राम स्तर पर 6 माह से पांच साल तक के बच्चों के घरों में ओआरएस पैकेट का वितरण किया जा रहा है। पखवाड़ा के तहत एएनएम, आशा वर्कर और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता घर-घर जाकर लोगों को ओआरएस तथा जिंक टैबलेट के महत्व के बारे में बता रहे हैं। साथ ही उसके प्रयोग, स्वच्छता, डायरिया की वजहों की पहचान आदि के बारे जागरूक किया जा रहा है। डॉ. एमपी सिंह ने कहा कि बारिश के मौसम में स्वच्छता के अभाव में अधिकांश बच्चे डायरिया से प्रभावित होते हैं।
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इस तरह करें डायरिया से बचाव
बारिश के मौसम में सड़ी-गली सब्जियों व फलो में डायरिया के कीटाणु पाए जाते हैं, इसलिए यह जरूरी है कि हमें डायरिया से बचाव के लिए ताजा फल व सब्जियां खरीदकर उन्हें अच्छी तरह से धोकर ही इस्तेमाल में लाना चाहिए। इसके साथ ही हमें अपने घर में साफ सफाई का विशेष ध्यान रखना चाहिए। गंदगी होने पर मक्खियां पनपती हैं और मक्खी डायरिया का प्रमुख वाहक है। डायरिया से बचाव के लिए अपने घर व आसपास के क्षेत्र में साफ-सफाई जरूरी है।
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