{"_id":"5e3070678ebc3e4b3c5da06d","slug":"court-gurgaon-news-noi488507834","type":"story","status":"publish","title_hn":"स्वीट्स संचालक से लूटपाट करने वाले को 5 वर्ष की सजा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
स्वीट्स संचालक से लूटपाट करने वाले को 5 वर्ष की सजा
विज्ञापन
गुरुग्राम। करीब 7 माह पूर्व सदर बाजार स्थित हरी स्वीट्स संचालक से रुपयों से भरा बैग लूटने के आरोप में पकड़े गए बदमाश को अदालत ने मंगलवार को फैसला सुनाया। अदालत ने पुलिस की ओर से पेश सबूतों और गवाहों के आधार पर दोषी करार देते हुए 5 वर्ष की कैद और 25 हजार की जुर्माने की सजा सुनाई। अदालत ने दोषी की सजा कम करने की दलीलों को खारिज करते हुए कहा कि यह समाज के लिए बेहद निदंनीय कार्य है।
पुलिस रिकॉर्ड्स के मुताबिक गत वर्ष 21 जून को सदर बाजार स्थित हरी स्वीट्स के संचालक यश कालरा शाम को दुकान बंद करके रुपयों से भरा बैग लेकर कार की ओर जा रहे थे। इस दौरान स्कूटी से आए युवक ने स्वीट्स संचालक से रुपयों से भरा बैग लूट लिया और फरार हो गया। बैग में 10 लाख रुपये थे।
घटना के बाद सिविल लाइन थाना पुलिस ने संचालक की शिकायत पर अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी। करीब तीन महीने की कार्रवाई के बाद पुलिस ने 11 अगस्त को ओम नगर निवासी भूपेंद्र नामक युवक को गिरफ्तार कर उससे लूटी हुई रकम में से साढ़े 8 लाख रुपये बरामद भी कर लिए थे। तभी से आरोपी जेल में बंद है। अभियोजन पक्ष ने अदालत में जो गवाह व सबूत पेश किए, उसके आधार पर अदालत ने दोषी करार देते हुए 5 वर्ष की सजा सुनाई। अदालत के आदेश के बाद पुलिस ने दोषी को भोंडसी जेल भेज दिया।
विज्ञापन
--
विज्ञापन
पुलिस रिकॉर्ड्स के मुताबिक गत वर्ष 21 जून को सदर बाजार स्थित हरी स्वीट्स के संचालक यश कालरा शाम को दुकान बंद करके रुपयों से भरा बैग लेकर कार की ओर जा रहे थे। इस दौरान स्कूटी से आए युवक ने स्वीट्स संचालक से रुपयों से भरा बैग लूट लिया और फरार हो गया। बैग में 10 लाख रुपये थे।
विज्ञापन
घटना के बाद सिविल लाइन थाना पुलिस ने संचालक की शिकायत पर अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी। करीब तीन महीने की कार्रवाई के बाद पुलिस ने 11 अगस्त को ओम नगर निवासी भूपेंद्र नामक युवक को गिरफ्तार कर उससे लूटी हुई रकम में से साढ़े 8 लाख रुपये बरामद भी कर लिए थे। तभी से आरोपी जेल में बंद है। अभियोजन पक्ष ने अदालत में जो गवाह व सबूत पेश किए, उसके आधार पर अदालत ने दोषी करार देते हुए 5 वर्ष की सजा सुनाई। अदालत के आदेश के बाद पुलिस ने दोषी को भोंडसी जेल भेज दिया।
विज्ञापन
--