फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Gurugram News ›   Chintels Director granted permission to travel to Dubai.

Gurugram News: चिंटेल्स के निदेशक को दुबई यात्रा की अनुमति, अदालत में दो करोड़ रुपये जमा करने होंगे

Thu, 30 Jul 2026 12:04 AM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Thu, 30 Jul 2026 12:04 AM IST
विज्ञापन
Chintels Director granted permission to travel to Dubai.
4 अगस्त को वापस लौटने के 2 दिन के अंदर पासपोर्ट अदालत में फिर से जमा कराना होगा
विज्ञापन


अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। गुरुग्राम की एक विशेष अदालत ने चिंटेल्स बिल्डर कंपनी के निदेशक अशोक सोलोमन को दुबई यात्रा की अनुमति दी है। अदालत ने शर्त रखी है कि निदेशक को अदालत में दो करोड़ रुपये की एफडीआर जमा करनी होगी। सोलोमन मनी लॉन्ड्रिंग मामले में आरोपी हैं और व्यापारिक बैठकों के लिए विदेश जाना चाहते हैं।

अदालत ने आदेश पारित कर अशोक सोलोमन को 29 जुलाई से 4 अगस्त 2026 तक दुबई की यात्रा की अनुमति दी है। उन्हें भारत लौटने के दो दिन के भीतर अपना पासपोर्ट अदालत में फिर से जमा करना होगा। इसके बाद उनकी दो करोड़ रुपये की एफडीआर वापस कर दी जाएगी। सोलोमन चिंटल्स इंडिया प्राइवेट लिमिटेड के प्रबंध निदेशक हैं। उन्होंने अदालत में याचिका दायर कर सोभा रियल्टी के साथ व्यापारिक संबंध स्थापित करने के लिए दुबई जाने की अनुमति मांगी।
विज्ञापन

प्रवर्तन निदेशालय ने उनकी यात्रा का विरोध किया था। ईडी ने कहा कि सोलोमन पर अवैध भूखंड आवंटन और बिक्री से अपराध की आय अर्जित करने का आरोप है। प्रवर्तन निदेशालय ने सोलोमन के दुबई यात्रा के उद्देश्य पर सवाल उठाया। ईडी ने कहा कि सोभा रियल्टी के साथ व्यापारिक संबंध के कोई दस्तावेज नहीं दिए गए हैं। हालांकि, अदालत ने पाया कि सोलोमन ने जमानत की शर्तों का कभी दुरुपयोग नहीं किया। अदालत ने यह भी कहा कि आपराधिक कार्यवाही लंबित होने के कारण उन्हें व्यापारिक अवसरों से वंचित नहीं किया जा सकता। अदालत ने माना कि आपराधिक कार्यवाही के कारण उन्हें व्यापारिक नुकसान नहीं होना चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन


सोलोमन को 19 मई 2021 को पंजाब और हरियाणा उच्च न्यायालय ने अंतरिम नियमित जमानत दी थी। जमानत की शर्त के तहत उन्हें अपना पासपोर्ट निचली अदालत में जमा करना था। उन्होंने पहले भी पासपोर्ट जारी करने और विदेश यात्रा की अनुमति के लिए उच्च न्यायालय का रुख किया था। उच्च न्यायालय ने 4 मई 2026 को उन्हें वीजा प्राप्त करने के लिए पासपोर्ट जारी करने का निर्देश दिया था। इसके बाद उन्हें यात्रा की अनुमति के लिए निचली अदालत जाने की स्वतंत्रता दी गई थी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed