फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Ghaziabad News ›   Preparation to bring 13 business activities under the ambit of trade license

Ghaziabad News: 13 व्यावसायिक गतिविधियों को ट्रेड लाइसेंस के दायरे में लाने की तैयारी

Ghaziabad Bureau गाजियाबाद ब्यूरो
Updated Tue, 10 Sep 2024 04:10 AM IST
विज्ञापन
Preparation to bring 13 business activities under the ambit of trade license
गाजियाबाद। नगर निगम क्षेत्र में संचालित जिम, ब्यूटी पार्लर, कोचिंग सेंटर और स्पा सहित 13 तरह की व्यावसायिक गतिविधियों के लिए ट्रेड लाइसेंस लेना जरूरी होगा। इसका अंतिम मसौदा तैयार कर लिया गया है। नगर निगम की अगली बोर्ड बैठक में इसे अंतिम स्वीकृति के लिए रखा जाएगा। अलग-अलग श्रेणियों में व्यावसायिक गतिविधियों के लिए ट्रेड लाइसेंस का वार्षिक शुल्क 2,000 रुपये से लेकर 20,000 रुपये प्रस्तावित है।
विज्ञापन

फिलहाल ट्रेड लाइसेंस के दायरे में 39 तरह की व्यावसायिक गतिविधियां शामिल हैं। इनमें होटल, लॉजिंग, रेस्तरां, शराब के ठेके, निजी अस्पताल, नर्सिंग होम, पैथोलॉजी सेंटर, फाइनेंस कंपनी, ऑटो रिक्शा और मिनी बस प्रमुख रूप से शामिल हैं। नगर निगम की आमदनी बढ़ाने के लिए 13 अन्य श्रेणियों को ट्रेड लाइसेंस के दायरे में लाने का प्रस्ताव जनवरी में आयोजित बोर्ड बैठक में रखा गया था। हालांकि, कुछ पार्षदों ने आपत्ति जताते हुए घरों में चल रहे ब्यूटी पार्लर आदि को नए नियमों से छूट देने की सिफारिश की थी। पार्षदों का कहना था कि नगर निगम जब संपत्ति कर वसूल रहा है तो ट्रेड लाइसेंस की अनिवार्यता लागू करने की क्या जरूरत है। इसके बाद पार्षदों की आपत्तियों का निस्तारण करने के बाद इस विषय पर कोई फैसला लेने की सहमति बनी थी। नगर निगम के मुख्य कर निर्धारण अधिकारी डॉ. संजीव सिन्हा ने बताया कि इस संबंध में कोई आपत्ति दर्ज नहीं कराई गई, जिसके बाद निगम ने ट्रेड लाइसेंस के दायरे में कुछ अन्य श्रेणियों को शामिल किया है। प्रस्ताव जुलाई में आयोजित बोर्ड बैठक में रखा जाना था, लेकिन हंगामे के कारण कोई फैसला नहीं लिया जा सका। अब अगली बोर्ड बैठक में प्रस्ताव को औपचारिक स्वीकृति मिलने के बाद इसे लागू कर दिया जाएगा।
विज्ञापन

इंदिरापुरम से 100 करोड़ आमदनी की उम्मीद
इंदिरापुरम नगर निगम को हस्तांतरित होने वाला है। ऐसे में यहां से जल-सीवर, अनुरक्षण शुल्क के अलावा संपत्ति कर के रूप में नगर निगम को 75 करोड़ रुपये की आमदनी की उम्मीद है। वहीं, इंदिरापुरम में संचालित जिम, कोचिंग, स्पा, ब्रांडेड शोरूम, खेल अकादमी व अन्य से भी नगर निगम ट्रेड लाइसेंस शुल्क भी वसूलेगा। ऐसे में नगर निगम को करीब 100 करोड़ रुपये की आमदनी यहां से होने की उम्मीद है। नगर निगम आय बढ़ाने के विकल्प तलाश रहा है। ऐसे में संपत्ति कर के दायरे से बाहर आवासीय, व्यावसायिक और औद्योगिक संपत्तियों के अलावा ट्रेड लाइसेंस शुल्क वसूलने के लिए व्यावसायिक संपत्तियों की तलाश भी की गई है। -
विज्ञापन
विज्ञापन

--------


व्यावसायिक श्रेणी प्रस्तावित दर (वार्षिक)

जिम (सामान्य) 2,000
जिम (वातानुकूलित) 5,000

ब्यूटी पार्लर (सामान्य) 2,000
ब्यूटी पार्लटर (वातानुकूलित) 4,000

कोचिंग, प्रशिक्षण संस्थान (दसवीं कक्षा तक छोड़कर) 2,000
चार्टर्ड अकाउंटेंट कार्यालय 4,000

स्पा सेंटर 3,000
सामान्य जूलरी शोरूम 3,000

समस्त ब्रांडेड जूलरी शोरूम 5,000
समस्त ब्रांडेड कपड़ा शोरूम 4,000

समस्त ब्रांडेड जूता शोरूम 4000
स्पोर्ट्स एकेडमी (क्रिकेट, टेनिस या अन्य) 10,000

स्पोर्ट्स एकेडमी (संयुक्त रूप से एक से ज्यादा स्पोटर्स) 20,000

नगर निगम का यह फैसला सराफा कारोबारियों पर बोझ बढ़ाने वाला होगा। संपत्ति कर बढ़ा दिया गया है, जल-सीवर शुल्क और कूड़ा उठाने का शुल्क अलग वसूला जा रहा है। अब ट्रेड लाइसेंस शुल्क लगाया जाना उचित नहीं है। सुविधाएं मिल नहीं रही हैं, जनता की जेब पर बोझ बढ़ाया जा रहा है।

- राज किशोर गुप्ता, संरक्षक-सराफा एसोसिएशन गाजियाबाद
व्यापारियों को सुविधाएं देने की जगह उन पर आर्थिक बोझ बढ़ाया जाना अनुचित है। नगर निगम को एक टैक्स लेना चाहिए, लेकिन अलग-अलग टैक्स लिया जा रहा है। संपत्ति कर का भारी-भरकम बोझ शहरवासियों पर बढ़ा दिया गया है। व्यापार को बढ़ावा देने के प्रयास होने चाहिए, लेकिन निगम ऐसा नहीं कर रहा है।
- बालकिशन गुप्ता, जिलाध्यक्ष- राष्ट्रीय व्यापार मंडल

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed