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Ghaziabad News: एनएचएम कर्मियों का प्रदर्शन, दो माह से वेतन न मिलने पर जताया रोष
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गाजियाबाद। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत कार्यरत कर्मियों ने दो माह से वेतन न मिलने पर मंगलवार को मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय में प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर सीएमओ को ज्ञापन सौंपा और जल्द समाधान की मांग उठाई।
संयुक्त राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन कर्मचारी संघ के पदाधिकारियों के अनुसार, जनपद में करीब 1200 कर्मचारी कार्यरत हैं। लंबे समय से उनकी समस्याएं लंबित हैं। संघ के प्रतिनिधियों ने बताया कि मार्च और अप्रैल का वेतन अभी तक नहीं मिला है। इससे कर्मचारियों को आर्थिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
वेतन में देरी से रोजमर्रा के खर्च प्रभावित हो रहे हैं और कर्मचारियों में असंतोष बढ़ता जा रहा है। जिला मंत्री शिव कुमार तेवतिया ने कहा कि कर्मचारियों की समस्याओं का जल्द समाधान होना जरूरी है।
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वहीं, सीएमओ डॉ. अमित विक्रम ने बताया कि वेतन से संबंधित निर्णय लखनऊ स्तर पर होते हैं और इस संबंध में शासन को पत्र भेजा जाएगा।कर्मचारियों ने यह आरोप भी लगाया कि प्रदर्शन से पहले उन्हें समय से पहले केंद्र छोड़ने पर कार्रवाई की चेतावनी दी गई थी। हालांकि, सीएमओ ने ऐसे किसी भी आरोप से इन्कार किया है।
एप के जरिये उपस्थिति पर भी जताया एतराज
ज्ञापन के माध्यम से कर्मचारियों ने यह भी कहा कि यूबीआई एप के जरिये संविदा कर्मियों की उपस्थिति दर्ज कराना व्यवहारिक नहीं है। उन्होंने मांग की कि बायोमेट्रिक प्रणाली लागू की जाए या फिर शासन स्तर से स्मार्टफोन, टेबलेट और मोबाइल फोन की सुविधा उपलब्ध कराई जाए। इसके अलावा जीआरसी की बैठक आयोजित कराने की भी मांग रखी गई।
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संयुक्त राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन कर्मचारी संघ के पदाधिकारियों के अनुसार, जनपद में करीब 1200 कर्मचारी कार्यरत हैं। लंबे समय से उनकी समस्याएं लंबित हैं। संघ के प्रतिनिधियों ने बताया कि मार्च और अप्रैल का वेतन अभी तक नहीं मिला है। इससे कर्मचारियों को आर्थिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
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वेतन में देरी से रोजमर्रा के खर्च प्रभावित हो रहे हैं और कर्मचारियों में असंतोष बढ़ता जा रहा है। जिला मंत्री शिव कुमार तेवतिया ने कहा कि कर्मचारियों की समस्याओं का जल्द समाधान होना जरूरी है।
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वहीं, सीएमओ डॉ. अमित विक्रम ने बताया कि वेतन से संबंधित निर्णय लखनऊ स्तर पर होते हैं और इस संबंध में शासन को पत्र भेजा जाएगा।कर्मचारियों ने यह आरोप भी लगाया कि प्रदर्शन से पहले उन्हें समय से पहले केंद्र छोड़ने पर कार्रवाई की चेतावनी दी गई थी। हालांकि, सीएमओ ने ऐसे किसी भी आरोप से इन्कार किया है।
एप के जरिये उपस्थिति पर भी जताया एतराज
ज्ञापन के माध्यम से कर्मचारियों ने यह भी कहा कि यूबीआई एप के जरिये संविदा कर्मियों की उपस्थिति दर्ज कराना व्यवहारिक नहीं है। उन्होंने मांग की कि बायोमेट्रिक प्रणाली लागू की जाए या फिर शासन स्तर से स्मार्टफोन, टेबलेट और मोबाइल फोन की सुविधा उपलब्ध कराई जाए। इसके अलावा जीआरसी की बैठक आयोजित कराने की भी मांग रखी गई।