{"_id":"61aa6e4c4507b75d813ed82e","slug":"ghaziyabad-shahibabad-news-gbd230416326","type":"story","status":"publish","title_hn":"कुवैत में नौकरी दिलाने का झांसा देकर सौ से ज्यादा लोगों से एक करोड़ ठगे, कंपनी फरार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कुवैत में नौकरी दिलाने का झांसा देकर सौ से ज्यादा लोगों से एक करोड़ ठगे, कंपनी फरार
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कुवैत में नौकरी का झांसा देकर सौ से ज्यादा लोगों से एक करोड़ ठगे
इंदिरापुरम। कुवैत में सुपरवाइजर की नौकरी दिलाने का झांसा देकर करीब 100 लोगों से एक करोड़ रुपये ठगने का मामला सामने आया है। ठगी करने वाले गिरोह ने करीब तीन महीने पहले नीति खंड के मंगल बाजार चौक में ऑफिस खोला था। लोगों को 8 दिसंबर को कुवैत भेजने का वादा कर पासपोर्ट जमा करा लिया था और टिकट भी भेजे थे।
पीड़ितों ने शुक्रवार को इंदिरापुरम थाने पहुंचकर पुलिस को मामले की जानकारी दी। मोहित शर्मा ने बताया कि कुवैत में सुपरवाइजर की नौकरी दिलाने के नाम पर ठगों ने उनसे पैसे ठग लिए। आठ दिसंबर को कुवैत भेजने के लिए पासपोर्ट जमा कर उन्हें टिकट भी भेज दिया था। वे लोग लोग कंपनी पहुंचे तो ठग ने एक आवेदक से दो लाख रुपये नकद लेकर कुवैत भेजने के लिए कागज दिखाए थे। राजू कुमार, अशोक रामनारायण गुप्ता, सुनील कुमार गुप्ता,अंशुल शर्मा, अजीत सिंह, आयुष व अन्य लोगों ने बताया कि शुक्रवार को ठग कंपनी के ऑफिस पर ताला लगाकर फरार हो गए हैं। इंदिरापुरम थाना प्रभारी ने नीति खंड चौकी प्रभारी को मामले की जांच का निर्देश दिया है।
70 हजार रुपये वेतन का झांसा
लोगों को ठगने के लिए शुरूआत में सोशल मीडिया का सहारा लिया गया। उस पर प्रचार किया गया कि कुवैत की एक कंपनी में करीब 100 सुपरवाइज की जरूरत है। मोहित ने बताया उन्हें सुपरवाइजर बनने पर 60 से 70 हजार रुपये कमाने का लालच दिया। नौकरी पर भेजने से पहले सबका मेडिकल कराया गया। मेडिकल के बहाने 7500 रुपये एक व्यक्ति से लिए। पंजीकरण के लिए 5500 रुपये लिए। इस तरह एक व्यक्ति से करीब 70 रुपये तक वसूले। मेडिकल दिल्ली की न्यू डिफेंस कॉलोनी में कराया गया। उसका प्रमाण पत्र देकर अन्य कागजात तैयार करने को कहा। पासपोर्ट जमा कराने के बाद ऑफर लेटर की सॉफ्ट कॉपी भेजी।
विज्ञापन
टिकट लेने गए तो कंपनी पर लटका था ताला
चेन्नई निवासी अयूब खान का कहना है कि ठगों ने उनके साथ 15 युवकों को कुवैत भेजने के लिए कहा था। सोमवार को सभी लोग कंपनी के ऑफि पर पहुंचे। फ्लाइट की टिकट देखने के लिए लोग उत्सुक थे। मगर ठग ने उन्हें टिकट दिखाकर बुधवार को आने के लिए कहा। आरोप है कि तमाम लोग कंपनी पर पहुंचे तो वहां ताला लगा देख उनके होश उड़ गए। बुधवार को ही ठगों ने सारा सामान निकाल लिया था। पीड़ितों का कहना है कि ठगों की कंपनी में युवतियां भी काम करती थीं। लोगों से एक महिला और एक पुरुष डील करते थे।
60 महीनों में रकम दोगुनी करने का झांसा दे पांच लाख ठगे
माई सिटी रिपोर्टर
गाजियाबाद। कविनगर में 60 महीने में रकम दोगुनी करने का झांसा देकर ठगी का मामला सामने आया है। थाना बिसरख, गौतमबुद्धनगर के गांव रोजा याकूबपुर निवासी संजय त्यागी ने कोर्ट के आदेश पर राजनगर स्थित एक एकांश इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपर्स लिमिटेड कंपनी के मालिक अमित त्यागी व सेल्स मैनेजर हरि प्रकाश समेत तीन लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कराया है। पीड़ितों का आरोप है कि उनसे एकमुश्त रकम लेकर 60 महीने बाद के फर्जी बॉंड उन्हें थमा दिए गए। समय अवधि पूरी होने पर भुगतान लेने दफ्तर पहुंचे तो वहां ताला लटका मिला।
संजय त्यागी का पतवाड़ी में प्राइवेट स्कूल चलाते हैं। स्कूल के पास शिवकुमार का घर है। उसकी बहन की शादी संजयनगर सेक्टर-23 निवासी हरि प्रकाश के साथ हुई थी। शिवकुमार अप्रैल 2013 में बहनोई हरि प्रकाश को लेकर उनके स्कूल पर आया और उसे राजनगर स्थित एक एकांश इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपर्स लिमिटेड कंपनी में सेल्स मैनेजर बताया। हरि प्रकाश ने बताया कि रईसपुर निवासी अमित कंपनी का मालिक है। उनकी कंपनी 60 माह में रकम दोगुना करती है और निवेश करते ही बांड बनाकर देती है। 25 मई 2013 को वह कंपनी के ऑफिस गए तो वहां कंपनी मालिक से मुलाकात हुई। भरोसा दिलाने के बाद उन्होंने व उनके जानकार ने एक-एक लाख की दो पॉलिसी ले लीं, जिसके बदले में 60 माह बाद के 4 लाख के बांड मिल गए। वहीं, उनके बहनोई अवनीश त्यागी निवासी बलरामनगर ने भी एक हजार रुपये महीना वाली स्कीम ली, जिसमें 90 हजार रुपये मिलने थे। पांच साल पूरे होने पर 2018 में वह 4.90 लाख रुपये लेने कंपनी के दफ्तर गए तो वहां ताला लगा मिला। अमित के घर जाने पर उसने टरका दिया। 7 अप्रैल 2021 को उसने हिसाब करने के लिए बुलाया और पैसे देने से साफ इंकार कर दिया।
पुलिस ने नहीं की कार्रवाई तो जाना पड़ा कोर्ट
संजय त्यागी के मुताबिक उन्होंने पुलिस से शिकायत की, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। जिसके चलते कोर्ट की शरण लेनी पड़ी। एसपी सिटी निपुण अग्रवाल का कहना है कि कोर्ट के आदेश पर कविनगर पुलिस ने कंपनी मालिक अमित, सेल्स मैनेजर हरि प्रकाश और हरि प्रकाश के साले शिवकुमार के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज किया है। आरोपियों ने कई अन्य लोगों को भी इसी तरह ठगी का शिकार बनाया है। साक्ष्य जुटाकर कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
इंदिरापुरम। कुवैत में सुपरवाइजर की नौकरी दिलाने का झांसा देकर करीब 100 लोगों से एक करोड़ रुपये ठगने का मामला सामने आया है। ठगी करने वाले गिरोह ने करीब तीन महीने पहले नीति खंड के मंगल बाजार चौक में ऑफिस खोला था। लोगों को 8 दिसंबर को कुवैत भेजने का वादा कर पासपोर्ट जमा करा लिया था और टिकट भी भेजे थे।
पीड़ितों ने शुक्रवार को इंदिरापुरम थाने पहुंचकर पुलिस को मामले की जानकारी दी। मोहित शर्मा ने बताया कि कुवैत में सुपरवाइजर की नौकरी दिलाने के नाम पर ठगों ने उनसे पैसे ठग लिए। आठ दिसंबर को कुवैत भेजने के लिए पासपोर्ट जमा कर उन्हें टिकट भी भेज दिया था। वे लोग लोग कंपनी पहुंचे तो ठग ने एक आवेदक से दो लाख रुपये नकद लेकर कुवैत भेजने के लिए कागज दिखाए थे। राजू कुमार, अशोक रामनारायण गुप्ता, सुनील कुमार गुप्ता,अंशुल शर्मा, अजीत सिंह, आयुष व अन्य लोगों ने बताया कि शुक्रवार को ठग कंपनी के ऑफिस पर ताला लगाकर फरार हो गए हैं। इंदिरापुरम थाना प्रभारी ने नीति खंड चौकी प्रभारी को मामले की जांच का निर्देश दिया है।
विज्ञापन
70 हजार रुपये वेतन का झांसा
लोगों को ठगने के लिए शुरूआत में सोशल मीडिया का सहारा लिया गया। उस पर प्रचार किया गया कि कुवैत की एक कंपनी में करीब 100 सुपरवाइज की जरूरत है। मोहित ने बताया उन्हें सुपरवाइजर बनने पर 60 से 70 हजार रुपये कमाने का लालच दिया। नौकरी पर भेजने से पहले सबका मेडिकल कराया गया। मेडिकल के बहाने 7500 रुपये एक व्यक्ति से लिए। पंजीकरण के लिए 5500 रुपये लिए। इस तरह एक व्यक्ति से करीब 70 रुपये तक वसूले। मेडिकल दिल्ली की न्यू डिफेंस कॉलोनी में कराया गया। उसका प्रमाण पत्र देकर अन्य कागजात तैयार करने को कहा। पासपोर्ट जमा कराने के बाद ऑफर लेटर की सॉफ्ट कॉपी भेजी।
विज्ञापन
टिकट लेने गए तो कंपनी पर लटका था ताला
चेन्नई निवासी अयूब खान का कहना है कि ठगों ने उनके साथ 15 युवकों को कुवैत भेजने के लिए कहा था। सोमवार को सभी लोग कंपनी के ऑफि पर पहुंचे। फ्लाइट की टिकट देखने के लिए लोग उत्सुक थे। मगर ठग ने उन्हें टिकट दिखाकर बुधवार को आने के लिए कहा। आरोप है कि तमाम लोग कंपनी पर पहुंचे तो वहां ताला लगा देख उनके होश उड़ गए। बुधवार को ही ठगों ने सारा सामान निकाल लिया था। पीड़ितों का कहना है कि ठगों की कंपनी में युवतियां भी काम करती थीं। लोगों से एक महिला और एक पुरुष डील करते थे।
60 महीनों में रकम दोगुनी करने का झांसा दे पांच लाख ठगे
माई सिटी रिपोर्टर
गाजियाबाद। कविनगर में 60 महीने में रकम दोगुनी करने का झांसा देकर ठगी का मामला सामने आया है। थाना बिसरख, गौतमबुद्धनगर के गांव रोजा याकूबपुर निवासी संजय त्यागी ने कोर्ट के आदेश पर राजनगर स्थित एक एकांश इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपर्स लिमिटेड कंपनी के मालिक अमित त्यागी व सेल्स मैनेजर हरि प्रकाश समेत तीन लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कराया है। पीड़ितों का आरोप है कि उनसे एकमुश्त रकम लेकर 60 महीने बाद के फर्जी बॉंड उन्हें थमा दिए गए। समय अवधि पूरी होने पर भुगतान लेने दफ्तर पहुंचे तो वहां ताला लटका मिला।
संजय त्यागी का पतवाड़ी में प्राइवेट स्कूल चलाते हैं। स्कूल के पास शिवकुमार का घर है। उसकी बहन की शादी संजयनगर सेक्टर-23 निवासी हरि प्रकाश के साथ हुई थी। शिवकुमार अप्रैल 2013 में बहनोई हरि प्रकाश को लेकर उनके स्कूल पर आया और उसे राजनगर स्थित एक एकांश इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपर्स लिमिटेड कंपनी में सेल्स मैनेजर बताया। हरि प्रकाश ने बताया कि रईसपुर निवासी अमित कंपनी का मालिक है। उनकी कंपनी 60 माह में रकम दोगुना करती है और निवेश करते ही बांड बनाकर देती है। 25 मई 2013 को वह कंपनी के ऑफिस गए तो वहां कंपनी मालिक से मुलाकात हुई। भरोसा दिलाने के बाद उन्होंने व उनके जानकार ने एक-एक लाख की दो पॉलिसी ले लीं, जिसके बदले में 60 माह बाद के 4 लाख के बांड मिल गए। वहीं, उनके बहनोई अवनीश त्यागी निवासी बलरामनगर ने भी एक हजार रुपये महीना वाली स्कीम ली, जिसमें 90 हजार रुपये मिलने थे। पांच साल पूरे होने पर 2018 में वह 4.90 लाख रुपये लेने कंपनी के दफ्तर गए तो वहां ताला लगा मिला। अमित के घर जाने पर उसने टरका दिया। 7 अप्रैल 2021 को उसने हिसाब करने के लिए बुलाया और पैसे देने से साफ इंकार कर दिया।
पुलिस ने नहीं की कार्रवाई तो जाना पड़ा कोर्ट
संजय त्यागी के मुताबिक उन्होंने पुलिस से शिकायत की, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। जिसके चलते कोर्ट की शरण लेनी पड़ी। एसपी सिटी निपुण अग्रवाल का कहना है कि कोर्ट के आदेश पर कविनगर पुलिस ने कंपनी मालिक अमित, सेल्स मैनेजर हरि प्रकाश और हरि प्रकाश के साले शिवकुमार के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज किया है। आरोपियों ने कई अन्य लोगों को भी इसी तरह ठगी का शिकार बनाया है। साक्ष्य जुटाकर कार्रवाई की जाएगी।