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आईएएस-आईपीएस बन ठगने वाला रिटायर्ड सीओ का दामाद गिरफ्तार
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आईएएस-आईपीएस बन ठगने वाला रिटायर्ड सीओ का दामाद गिरफ्तार
गाजियाबाद। आईएएस व आईपीएस अधिकारी बनकर नौकरी लगवाने के नाम पर ठगी करने वाले आरोपी अनुज प्रकाश को साइबर सेल ने गिरफ्तार किया है। विजयनगर थाना क्षेत्र के क्रॉसिंग रिपब्लिक स्थित सुपरटेक सोसायटी में रहने वाला अनुज प्रकाश गाजियाबाद से रिटायर्ड हुए सीओ का दामाद है, जो नौकरी लगवाने के नाम पर सैकड़ों लोगों से करोड़ों रुपये ठग चुका है। आरोपी के खिलाफ वैशाली निवासी रिटायर्ड आर्मी मेजर समेत दो लोगों ने इंदिरापुरम थाने में केस दर्ज कराया था। पुलिस के मुताबिक डीयू से मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई कर चुका अनुज दो नामी मीडिया चैनल में नौकरी भी कर चुका है।
सीओ अभय कुमार मिश्र ने बताया कि वैशाली सेक्टर-9 निवासी रिटायर्ड मेजर आर. हुड्डा ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि सिंगापुर में नौकरी दिलाने के नाम पर अनुज प्रकाश ने उनसे 4.62 लाख रुपये ठग लिए। अनुज ने खुद को आईपीएस अधिकारी बताते हुए उन्हें झांसे में लिया था। रिटायर्ड मेजर का कहना है कि उनकी पत्नी शैफाली हुड्डा मोरटा स्थित नारायणा टेक्नो स्कूल में पढ़ाती हैं। आरोपी ने स्कूल में खुद को आईएएस अधिकारी बता रखा था। आरोपी ने सरकारी विभाग में पीआरओ की नौकरी लगवाने के नाम पर उनकी शैफाली हुड्डा से भी 3.90 लाख रुपये हड़प लिए। इसके अलावा सुनील सिंह नाम के व्यक्ति से भी नौकरी के नाम पर 40 हजार की ठगी की।
रकम ऐंठने को कुछ भी बन जाता था आरोपी
सीओ ने बताया कि अनुज मूलरूप से बिहार के जिला आरा का रहने वाला है। वह नौकरी लगवाने के नाम पर कभी किसी प्लेसमेंट कंपनी का एचआर मैनेजर बन जाता तो कभी खुद को आईएएस और आईपीएस अधिकारी बताकर लोगों को झांसे में लेता। वह सरकारी अधिकारियों व कर्मचारियों की पोस्टिंग कराने के नाम पर भी रकम ऐंठता था। रिटायर्ड मेजर की तहरीर पर केस दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी गई थी। बृहस्पतिवार को उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
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आईएएस बता बेटी के स्कूल में बना चीफ गेस्ट
सीओ ने बताया कि अनुज की बेटी जिस स्कूल में पढ़ती थी, उसका प्रबंधन अनुज को आईएएस अधिकारी के तौर पर जानता था। वर्ष 2019 में हुए स्कूल के वार्षिक महोत्सव में अनुज प्रकाश बतौर आईएएस चीफ गेस्ट बनकर पहुंचा था। उसने अपने संबोधन में बच्चों से खुद की तरह मेहनत कर काबिल अफसर बनने की बात कही थी।
एक खाते में मिली दो करोड़ की ट्रांजेक्शन
पुलिस के मुताबिक अनुज प्रकाश का आरडीसी स्थित एक्सिस बैंक में खाता है। जांच के दौरान इस खाते में दो साल के अंदर दो करोड़ की ट्रांजेक्शन मिली है। इसके अलावा आरोपी का एक और खाता ट्रेस हुआ है। संबंधित बैंक ने उसकी ट्रांजेक्शन की डिटेल नहीं दी है। बैंक को इस संबंध में नोटिस भेजा जाएगा। सीओ का कहना है कि आरोपी के अन्य खाते तो नहीं हैं, इसकी जांच की जा रही है।
एसएसपी का पीआरओ बनवाने के नाम पर पुलिसकर्मी ठगा
हैरत वाली यह है कि आरोपी अनुज प्रकाश ने आम लोगों के साथ-साथ पुलिस को भी नहीं बख्शा। नोएडा में पुलिस कमिश्नरेट सिस्टम लागू होने से पहले अनुज प्रकाश ने एसएसपी का पीआरओ बनवाने के नाम पर पउलिसकर्मी को भी ठग लिया था। सीओ का कहना है कि पुलिसकर्मी की तरफ से तहरीर प्राप्त नहीं हुई है। आरोपी ने किस-किस को अपना शिकार बनाया, इसकी जानकारी जुटाई जा रही है।
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गाजियाबाद। आईएएस व आईपीएस अधिकारी बनकर नौकरी लगवाने के नाम पर ठगी करने वाले आरोपी अनुज प्रकाश को साइबर सेल ने गिरफ्तार किया है। विजयनगर थाना क्षेत्र के क्रॉसिंग रिपब्लिक स्थित सुपरटेक सोसायटी में रहने वाला अनुज प्रकाश गाजियाबाद से रिटायर्ड हुए सीओ का दामाद है, जो नौकरी लगवाने के नाम पर सैकड़ों लोगों से करोड़ों रुपये ठग चुका है। आरोपी के खिलाफ वैशाली निवासी रिटायर्ड आर्मी मेजर समेत दो लोगों ने इंदिरापुरम थाने में केस दर्ज कराया था। पुलिस के मुताबिक डीयू से मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई कर चुका अनुज दो नामी मीडिया चैनल में नौकरी भी कर चुका है।
सीओ अभय कुमार मिश्र ने बताया कि वैशाली सेक्टर-9 निवासी रिटायर्ड मेजर आर. हुड्डा ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि सिंगापुर में नौकरी दिलाने के नाम पर अनुज प्रकाश ने उनसे 4.62 लाख रुपये ठग लिए। अनुज ने खुद को आईपीएस अधिकारी बताते हुए उन्हें झांसे में लिया था। रिटायर्ड मेजर का कहना है कि उनकी पत्नी शैफाली हुड्डा मोरटा स्थित नारायणा टेक्नो स्कूल में पढ़ाती हैं। आरोपी ने स्कूल में खुद को आईएएस अधिकारी बता रखा था। आरोपी ने सरकारी विभाग में पीआरओ की नौकरी लगवाने के नाम पर उनकी शैफाली हुड्डा से भी 3.90 लाख रुपये हड़प लिए। इसके अलावा सुनील सिंह नाम के व्यक्ति से भी नौकरी के नाम पर 40 हजार की ठगी की।
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रकम ऐंठने को कुछ भी बन जाता था आरोपी
सीओ ने बताया कि अनुज मूलरूप से बिहार के जिला आरा का रहने वाला है। वह नौकरी लगवाने के नाम पर कभी किसी प्लेसमेंट कंपनी का एचआर मैनेजर बन जाता तो कभी खुद को आईएएस और आईपीएस अधिकारी बताकर लोगों को झांसे में लेता। वह सरकारी अधिकारियों व कर्मचारियों की पोस्टिंग कराने के नाम पर भी रकम ऐंठता था। रिटायर्ड मेजर की तहरीर पर केस दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी गई थी। बृहस्पतिवार को उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
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आईएएस बता बेटी के स्कूल में बना चीफ गेस्ट
सीओ ने बताया कि अनुज की बेटी जिस स्कूल में पढ़ती थी, उसका प्रबंधन अनुज को आईएएस अधिकारी के तौर पर जानता था। वर्ष 2019 में हुए स्कूल के वार्षिक महोत्सव में अनुज प्रकाश बतौर आईएएस चीफ गेस्ट बनकर पहुंचा था। उसने अपने संबोधन में बच्चों से खुद की तरह मेहनत कर काबिल अफसर बनने की बात कही थी।
एक खाते में मिली दो करोड़ की ट्रांजेक्शन
पुलिस के मुताबिक अनुज प्रकाश का आरडीसी स्थित एक्सिस बैंक में खाता है। जांच के दौरान इस खाते में दो साल के अंदर दो करोड़ की ट्रांजेक्शन मिली है। इसके अलावा आरोपी का एक और खाता ट्रेस हुआ है। संबंधित बैंक ने उसकी ट्रांजेक्शन की डिटेल नहीं दी है। बैंक को इस संबंध में नोटिस भेजा जाएगा। सीओ का कहना है कि आरोपी के अन्य खाते तो नहीं हैं, इसकी जांच की जा रही है।
एसएसपी का पीआरओ बनवाने के नाम पर पुलिसकर्मी ठगा
हैरत वाली यह है कि आरोपी अनुज प्रकाश ने आम लोगों के साथ-साथ पुलिस को भी नहीं बख्शा। नोएडा में पुलिस कमिश्नरेट सिस्टम लागू होने से पहले अनुज प्रकाश ने एसएसपी का पीआरओ बनवाने के नाम पर पउलिसकर्मी को भी ठग लिया था। सीओ का कहना है कि पुलिसकर्मी की तरफ से तहरीर प्राप्त नहीं हुई है। आरोपी ने किस-किस को अपना शिकार बनाया, इसकी जानकारी जुटाई जा रही है।