फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Ghaziabad News ›   ghaziabad news

कोविड वैक्सीन चोरी मामले में स्टाफ को क्लीन चिट, डीएम को सौंपी रिपोर्ट

Ghaziabad Bureau गाजियाबाद ब्यूरो
Updated Tue, 19 Oct 2021 12:18 AM IST
विज्ञापन
ghaziabad news
कोविड वैक्सीन चोरी मामले में स्टाफ को क्लीन चिट, डीएम को सौंपी रिपोर्ट
विज्ञापन

गाजियाबाद। कोविड वैक्सीन चोरी मामले में गठित की गई जांच समिति ने अपनी जांच रिपोर्ट सीएमओ को सौंप दी, जिसे डीएम को भेज दी गई है। जांच करने वाली टीम के एक सदस्य ने बताया कि वैक्सीन का एक भी डोज मिस मैच नहीं है, अगर समिति की रिपोर्ट मान ली जाए तो ग्रेटर नोएडा में स्टाफ के पास मिली 19 वायल वैक्सीन कहां से आई। इसका जवाब किसी के पास नहीं है। जबकि गिरफ्तार आरोपियों ने पुलिस को बताया था कि नगरीय स्वास्थ्य केंद्र बुद्ध विहार पर कार्यरत नर्स ने उपलब्ध कराया था। एएनएम ने नोटिस के बावजूद अपना जवाब दाखिल नहीं किया। इस मामले में समिति ने आठ लोगों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा था, छह स्टाफ ने नोटिस का जवाब दिया था।
स्वास्थ्य विभाग के जानकारों का कहना है कि जांच में कई लोगों को बचाने का प्रयास किया गया है। अगर वैक्सीन मिस मैच हो जाती तो जिले के कई अधिकारियों पर गाज गिरना तय था। वैक्सीन की गड़बड़ी को लेकर जिस अधिकारी पर कार्रवाई की आशंका थी, उसी को जांच समिति में शामिल किया गया। ऐसे में वैक्सीन मिच मैच मिलने की कोई संभावना ही नहीं थी। जबकि पुलिस के पास 19 वायल वैक्सीन बरामद हुई थी।
विज्ञापन

नगरीय स्वास्थ्य केंद्र पर बुद्ध विहार पर कार्यरत सुशील और उसके साथी रवि को इकोटेक पुलिस ने 27 सितंबर को खेड़ा चौगानपुर क्षेत्र गिरफ्तार किया था। उनके पास से वैक्सीन की 19 वॉयल और 155 सीरींज बरामद हुई थी। आरोप था कि दोनों घर - घर जाकर लोगों को वैक्सीन लगा रहे थे। गाजियाबाद स्वास्थ्य विभाग ने इस मामले में एक एएनएम रीना और सुशील को बर्खास्त कर जांच शुरू की थी।
विज्ञापन
विज्ञापन

जांच अधिकारी व नगरीय स्वास्थ्य केंद्र प्रभारी डॉ. आरके गुप्ता ने बताया कि पीएचसी पर तीन एएनएम और एक स्टाफ नर्स की नियुक्ति थी। घटना के 10 दिन पहले दो एएनएम और स्टाफ नर्स को दूसरी जगह ड्यूटी पर भेजा गया था। वहां केवल रीना की ड्यूटी थी और वैक्सीन की पूरी जिम्मेदारी भी उसी पर थी। पकड़े गए आरोपियों ने रीना से वैक्सीन लेने की बात बताई थी। इसी आधार पर रीना को नोटिस जारी किया गया था, लेकिन उसने न कोई जवाब दिया और न घर पर मिली। कई दिन इंतजार करने के बाद भी जब रीना का कुछ पता नहीं चला तो जिला स्वास्थ्य समिति ने उसे बर्खास्त कर दिया।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed