{"_id":"633f31af48ae207f9c6533b8","slug":"ghaziabad-ghaziabad-city-news-gbd2456532113","type":"story","status":"publish","title_hn":"12 साल की सामूहिक दुष्कर्म पीड़िता ने दिया बच्चे को जन्म","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
12 साल की सामूहिक दुष्कर्म पीड़िता ने दिया बच्चे को जन्म
सार
12 साल की सामूहिक दुष्कर्म पीड़िता ने दिया बच्चे को जन्मगाजियाबाद।जांच के दौरान तीसरे आरोपी नरेंद्र का भी नाम आया था।जिला प्रोबेशन अधिकारी विकास चंद्र ने बताया कि आठ महीने का गर्भ होने के चलते कोर्ट ने गर्भपात की मंजूरी नहीं दी।
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
12 साल की सामूहिक दुष्कर्म पीड़िता ने दिया बच्चे को जन्म
गाजियाबाद। 12 साल की सामूहिक दुष्कर्म पीड़िता ने मेरठ के जिला अस्पताल में स्वस्थ बच्चे को जन्म दिया है। गर्भवती होने के साढ़े आठ महीने बाद पीड़िता को अस्पताल में भर्ती कराया गया था। दुष्कर्म के दो आरोपी सगे भाइयों को पुलिस ने गिरफ्तार किया था, जबकि तीसरे आरोपी ने अदालत में समर्पण किया था। इस समय तीनों डासना जेल में बंद हैं। 14 अक्तूबर को पाक्सो कोर्ट में पीड़िता कीमां के बयान दर्ज होंगे।
खोड़ा के एक मकान में किराए पर रहने वाले पीड़िता के माता-पिता फैक्टरी में काम करते हैं। फरवरी महीने में उनके काम पर जाने के दौरान उसी मकान में ऊपरी तल पर किराएदार दो भाइयों प्रदीप, कालू और पड़ोसी नरेंद्र ने सामूहिक दुष्कर्म किया था। इसके बाद लगातार डरा-धमकाकर दुष्कर्म करते रहे। पीड़िता के गर्भवती होने के बाद कई बार पेट दर्द की शिकायत की, लेकिन माता-पिता ने पेट में पानी भरने की बात कहते हुए नजर अंदाज कर दिया था। आठवें महीने में जब पीड़िता का दर्द बढ़ गया और उसके शरीर में बदलाव आने लगा तो उसकी मां डॉक्टर के पास ले गई। जांच के बाद डॉक्टर ने बताया कि वह आठ महीने की गर्भवती है। पुलिस को सूचना देने के बाद सितंबर में दोनों आरोपियों के खिलाफ पोक्सो एक्ट में मुकदमा दर्ज कर जेल भेज दिया था। जांच के दौरान तीसरे आरोपी नरेंद्र का भी नाम आया था।
जिला प्रोबेशन अधिकारी विकास चंद्र ने बताया कि आठ महीने का गर्भ होने के चलते कोर्ट ने गर्भपात की मंजूरी नहीं दी। ऐसे में प्रसव कराने के दौरान बच्ची की जान जाने का खतरा बना हुआ था। मेरठ के प्रोबेशन विभाग व पुलिस से संपर्क कर पीड़िता को वहां के जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां स्वस्थ बच्चे के साथ पीड़िता को भी बचा लिया गया। पीड़िता के माता-पिता बच्चे को अनाथालय में सरेंडर करेंगे। साथ ही पीड़िता की काउंसिलिंग कराकर घर भेजा जाएगा।
विज्ञापन
14 को दर्ज होंगे पीड़िता की मां के बयान
दुष्कर्म के तीसरे आरोपी ने अदालत में समर्पण कर दिया था। पाक्सो कोर्ट की न्यायाधीश संगीता कुमारी ने आरोपी नरेंद्र कुमार को जेल भेज दिया। इस मामले में अगली सुनवाई 14 अक्तूबर को होगी। विशेष लोक अभियोजक हरीश कुमार ने बताया कि 14 अक्तूबर को पीड़िता की मां के बयान दर्ज होंगे।
विज्ञापन
गाजियाबाद। 12 साल की सामूहिक दुष्कर्म पीड़िता ने मेरठ के जिला अस्पताल में स्वस्थ बच्चे को जन्म दिया है। गर्भवती होने के साढ़े आठ महीने बाद पीड़िता को अस्पताल में भर्ती कराया गया था। दुष्कर्म के दो आरोपी सगे भाइयों को पुलिस ने गिरफ्तार किया था, जबकि तीसरे आरोपी ने अदालत में समर्पण किया था। इस समय तीनों डासना जेल में बंद हैं। 14 अक्तूबर को पाक्सो कोर्ट में पीड़िता कीमां के बयान दर्ज होंगे।
खोड़ा के एक मकान में किराए पर रहने वाले पीड़िता के माता-पिता फैक्टरी में काम करते हैं। फरवरी महीने में उनके काम पर जाने के दौरान उसी मकान में ऊपरी तल पर किराएदार दो भाइयों प्रदीप, कालू और पड़ोसी नरेंद्र ने सामूहिक दुष्कर्म किया था। इसके बाद लगातार डरा-धमकाकर दुष्कर्म करते रहे। पीड़िता के गर्भवती होने के बाद कई बार पेट दर्द की शिकायत की, लेकिन माता-पिता ने पेट में पानी भरने की बात कहते हुए नजर अंदाज कर दिया था। आठवें महीने में जब पीड़िता का दर्द बढ़ गया और उसके शरीर में बदलाव आने लगा तो उसकी मां डॉक्टर के पास ले गई। जांच के बाद डॉक्टर ने बताया कि वह आठ महीने की गर्भवती है। पुलिस को सूचना देने के बाद सितंबर में दोनों आरोपियों के खिलाफ पोक्सो एक्ट में मुकदमा दर्ज कर जेल भेज दिया था। जांच के दौरान तीसरे आरोपी नरेंद्र का भी नाम आया था।
विज्ञापन
जिला प्रोबेशन अधिकारी विकास चंद्र ने बताया कि आठ महीने का गर्भ होने के चलते कोर्ट ने गर्भपात की मंजूरी नहीं दी। ऐसे में प्रसव कराने के दौरान बच्ची की जान जाने का खतरा बना हुआ था। मेरठ के प्रोबेशन विभाग व पुलिस से संपर्क कर पीड़िता को वहां के जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां स्वस्थ बच्चे के साथ पीड़िता को भी बचा लिया गया। पीड़िता के माता-पिता बच्चे को अनाथालय में सरेंडर करेंगे। साथ ही पीड़िता की काउंसिलिंग कराकर घर भेजा जाएगा।
विज्ञापन
14 को दर्ज होंगे पीड़िता की मां के बयान
दुष्कर्म के तीसरे आरोपी ने अदालत में समर्पण कर दिया था। पाक्सो कोर्ट की न्यायाधीश संगीता कुमारी ने आरोपी नरेंद्र कुमार को जेल भेज दिया। इस मामले में अगली सुनवाई 14 अक्तूबर को होगी। विशेष लोक अभियोजक हरीश कुमार ने बताया कि 14 अक्तूबर को पीड़िता की मां के बयान दर्ज होंगे।