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अमनमणि का नार्को टेस्ट कराना चाहती है सीबीआई
ब्यूरो, अमर उजाला /गाजियाबाद
Updated Fri, 09 Dec 2016 12:31 AM IST
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अमनमणि त्रिपाठी
- फोटो : अमर उजाला
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सारा हत्याकांड का खुलासा करने और अहम सबूत जुटाने के लिए सीबीआई अब अमनमणि त्रिपाठी का नार्को, लाई डिटेक्टर और ब्रेन मैपिंग जैसे टेस्ट कराना चाहती है।
इसके लिए जुडिशियल मजिस्ट्रेट कोर्ट में अर्जी देकर सीबीआई ने अमनमणि की साइंटिफिक जांच कराने की अनुमति मांगी है। सीबीआई की इस अर्जी पर कोर्ट 13 दिसंबर को सुनवाई करेगी। तब तक अमनमणि को न्यायिक हिरासत में डासना जेल भेज दिया गया है।
इससे पहले लखनऊ से ट्रांजिट रिमांड पर लाए गए अपनी पत्नी सारा की हत्या केआरोपी एवं यूपी के पूर्व मंत्री अमरमणि त्रिपाठी के बेटे अमनमणि को सीबीआई ने जुडिशियल मजिस्ट्रेट चेतना सिंह की कोर्ट में पेश किया।
दोपहर करीब साढे़ 12 बजे सीबीआई टीम कड़ी सुरक्षा में अमनमणि को लेकर सीबीआई कोर्ट पहुंची। सीबीआई के वरिष्ठ लोक अभियोजक अमजद अली ने मजिस्ट्रेट के समक्ष केस से संबंधित एफआईआर और अन्य दस्तावेज कोर्ट में पेश किए।
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लोक अभियोजक ने कोर्ट को बताया कि 9 जुलाई 2015 को सारा और अमनमणि कार में लखनऊ से दिल्ली जा रहे थे। इसी दौरान सारा की मौत हो गई। उसकी मौत का कारण कार का पलटना बताया गया था।
सारा के सिर और सीने में चोटें आई थीं, जबकि उसके ही बराबर में बैठे अमनमणि को खरोंच तक नहीं आई थी। सारा की मां सीमा सिंह ने इस मामले में सीबीआई जांच की मांग की थी।
सीबीआई ने कोर्ट में अर्जी देकर मांग की कि वह इस मामले में अमनमणि के कुछ साइंटिफिक टेस्ट कराना चाहती है।
इसकी अनुमति दी जाए। मजिस्ट्रेट ने अर्जी पर सुनवाई के लिए 13 दिसंबर की तारीख नियत की है। इसके साथ ही अमनमणि त्रिपाठी को न्यायिक हिरासत में लेकर उसे जेल भेज दिया गया है।
नौतनवा सीट से सपा का उम्मीदवार है अमनमणि त्रिपाठी
सारा हत्याकांड में गिरफ्तार अमनमणि त्रिपाठी यूपी से मिशन-2017 की ताल ठोंक रहा है। गोरखपुर जनपद की नौतनवा विधानसभा सीट से समाजवादी पार्टी ने अमनमणि को अपना उम्मीदवार घोषित कर रखा है।
अमनमणि त्रिपाठी गोरखपुर के राजनीतिक परिवार से ही संबंध रखता है। उसके पिता अमरमणि त्रिपाठी यूपी के सभी बडे़ दलों सपा, बसपा, कांग्रेेस और भाजपा में रह चुके हैं। यूपी में वह कैबिनेट मंत्री भी रह चुके हैं।
2014 के लोकसभा चुनाव में अमरमणि का एक और बेटा तेजमणि त्रिपाठी सपा से ही अपनी किस्मत आजमा चुका है। हालांकि वह चुनाव नहीं जीत सका। इस बार अमनमणि को सपा ने गोरखपुर की नौतनवा सीट से अपना प्रत्याशी घोषित कर रखा है।
पूर्व ऊर्जा राज्यमंत्री सतीश शर्मा भी पहुंचे अमनमणि से मिलने
अमरमणि के परिवार से गाजियाबाद के भी कई व्यापारियों और नेताओं के संबंध रहे हैं। यही कारण रहा कि बृहस्पतिवार को जैसे ही यह सूचना मिली कि अमनमणि को सीबीआई विशेष कोर्ट में पेश किया गया है, वैसे ही पूर्व ऊर्जा राज्यमंत्री सतीश शर्मा समेत कई कांग्रेसी और व्यापारी कोर्ट पहुंच गए।
पूर्व मंत्री सतीश शर्मा और अमनमणि के पिता अमरमणि त्रिपाठी एक साथ ही यूपी सरकार में मंत्री रहे थे। उनके अलावा केबल कारोबारी सुरेंद्र शर्मा, कांग्रेसी नेता सतीश चोपड़ा, चंद्रप्रकाश अरोड़ा आदि भी वहां पहुंचे।
डासना जेल बनी अमनमणि त्रिपाठी का नया ठिकाना
यूपी केपूर्व मंत्री अमरमणि त्रिपाठी के सबसे छोटे बेटे अमनमणि त्रिपाठी का नया ठिकाना अब गाजियाबाद की डासना जेल बन गई है। पत्नी सारा की हत्या के आरोप में सीबीआई ने गिरफ्तार किए गए अमनमणि को बृहस्पतिवार दोपहर गाजियाबाद की जेएम सीबीआई कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे डासना जेल भेज दिया गया।
जेल अधीक्षक एसपी यादव ने बताया कि अमनमणि को फिलहाल मुलायजा बैरक 7ए में रखा गया है। पहले दिन आने वाले सभी बंदियों को इसी बैरक में रखा जाता है। बाद में उनकी बैरक बदली जाएगी। उन्होंने बताया कि अमनमणि पूरी तरह से नार्मल है। शाम को उसने अन्य बंदियों के साथ ही जेल का खाना भी खाया।
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इसके लिए जुडिशियल मजिस्ट्रेट कोर्ट में अर्जी देकर सीबीआई ने अमनमणि की साइंटिफिक जांच कराने की अनुमति मांगी है। सीबीआई की इस अर्जी पर कोर्ट 13 दिसंबर को सुनवाई करेगी। तब तक अमनमणि को न्यायिक हिरासत में डासना जेल भेज दिया गया है।
इससे पहले लखनऊ से ट्रांजिट रिमांड पर लाए गए अपनी पत्नी सारा की हत्या केआरोपी एवं यूपी के पूर्व मंत्री अमरमणि त्रिपाठी के बेटे अमनमणि को सीबीआई ने जुडिशियल मजिस्ट्रेट चेतना सिंह की कोर्ट में पेश किया।
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दोपहर करीब साढे़ 12 बजे सीबीआई टीम कड़ी सुरक्षा में अमनमणि को लेकर सीबीआई कोर्ट पहुंची। सीबीआई के वरिष्ठ लोक अभियोजक अमजद अली ने मजिस्ट्रेट के समक्ष केस से संबंधित एफआईआर और अन्य दस्तावेज कोर्ट में पेश किए।
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लोक अभियोजक ने कोर्ट को बताया कि 9 जुलाई 2015 को सारा और अमनमणि कार में लखनऊ से दिल्ली जा रहे थे। इसी दौरान सारा की मौत हो गई। उसकी मौत का कारण कार का पलटना बताया गया था।
सारा के सिर और सीने में चोटें आई थीं, जबकि उसके ही बराबर में बैठे अमनमणि को खरोंच तक नहीं आई थी। सारा की मां सीमा सिंह ने इस मामले में सीबीआई जांच की मांग की थी।
सीबीआई ने कोर्ट में अर्जी देकर मांग की कि वह इस मामले में अमनमणि के कुछ साइंटिफिक टेस्ट कराना चाहती है।
इसकी अनुमति दी जाए। मजिस्ट्रेट ने अर्जी पर सुनवाई के लिए 13 दिसंबर की तारीख नियत की है। इसके साथ ही अमनमणि त्रिपाठी को न्यायिक हिरासत में लेकर उसे जेल भेज दिया गया है।
नौतनवा सीट से सपा का उम्मीदवार है अमनमणि त्रिपाठी
सारा हत्याकांड में गिरफ्तार अमनमणि त्रिपाठी यूपी से मिशन-2017 की ताल ठोंक रहा है। गोरखपुर जनपद की नौतनवा विधानसभा सीट से समाजवादी पार्टी ने अमनमणि को अपना उम्मीदवार घोषित कर रखा है।
अमनमणि त्रिपाठी गोरखपुर के राजनीतिक परिवार से ही संबंध रखता है। उसके पिता अमरमणि त्रिपाठी यूपी के सभी बडे़ दलों सपा, बसपा, कांग्रेेस और भाजपा में रह चुके हैं। यूपी में वह कैबिनेट मंत्री भी रह चुके हैं।
2014 के लोकसभा चुनाव में अमरमणि का एक और बेटा तेजमणि त्रिपाठी सपा से ही अपनी किस्मत आजमा चुका है। हालांकि वह चुनाव नहीं जीत सका। इस बार अमनमणि को सपा ने गोरखपुर की नौतनवा सीट से अपना प्रत्याशी घोषित कर रखा है।
पूर्व ऊर्जा राज्यमंत्री सतीश शर्मा भी पहुंचे अमनमणि से मिलने
अमरमणि के परिवार से गाजियाबाद के भी कई व्यापारियों और नेताओं के संबंध रहे हैं। यही कारण रहा कि बृहस्पतिवार को जैसे ही यह सूचना मिली कि अमनमणि को सीबीआई विशेष कोर्ट में पेश किया गया है, वैसे ही पूर्व ऊर्जा राज्यमंत्री सतीश शर्मा समेत कई कांग्रेसी और व्यापारी कोर्ट पहुंच गए।
पूर्व मंत्री सतीश शर्मा और अमनमणि के पिता अमरमणि त्रिपाठी एक साथ ही यूपी सरकार में मंत्री रहे थे। उनके अलावा केबल कारोबारी सुरेंद्र शर्मा, कांग्रेसी नेता सतीश चोपड़ा, चंद्रप्रकाश अरोड़ा आदि भी वहां पहुंचे।
डासना जेल बनी अमनमणि त्रिपाठी का नया ठिकाना
यूपी केपूर्व मंत्री अमरमणि त्रिपाठी के सबसे छोटे बेटे अमनमणि त्रिपाठी का नया ठिकाना अब गाजियाबाद की डासना जेल बन गई है। पत्नी सारा की हत्या के आरोप में सीबीआई ने गिरफ्तार किए गए अमनमणि को बृहस्पतिवार दोपहर गाजियाबाद की जेएम सीबीआई कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे डासना जेल भेज दिया गया।
जेल अधीक्षक एसपी यादव ने बताया कि अमनमणि को फिलहाल मुलायजा बैरक 7ए में रखा गया है। पहले दिन आने वाले सभी बंदियों को इसी बैरक में रखा जाता है। बाद में उनकी बैरक बदली जाएगी। उन्होंने बताया कि अमनमणि पूरी तरह से नार्मल है। शाम को उसने अन्य बंदियों के साथ ही जेल का खाना भी खाया।